NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
साहित्य-संस्कृति
भारत
राजनीति
इतवार की कविता : "हम सामईं पे क़हर न ढाएँ जहां-पनाह..."
इतवार की कविता में आज पढ़िये शायर अहया भोजपुरी की 2 ग़ज़लें।
न्यूज़क्लिक डेस्क
17 Oct 2021
इतवार की कविता

इतवार की कविता में आज पढ़िये शायर अहया भोजपुरी की 2 ग़ज़लें।

1.

मतलब का कोई शे'र सुनाएँ जहाँ-पनाह 

हम सामईं पे क़हर न ढाएँ जहाँ-पनाह 

 

बच्चों को भूके पेट सुलाने के बाद हम 

कैसे ग़ज़ल के शेर सुनाएँ जहाँ-पनाह 

 

हर सू बिखेरता हो बराबर सी रौशनी 

ऐसा भी इक चराग़ जलाएँ जहाँ-पनाह 

 

पर्दे के पीछे बैठ के खेलेंगे कब तलक 

पर्दे के सामने भी तो आएँ जहाँ-पनाह 

 

गर जान की अमाँ हो तो दरख़्वास्त है मिरी 

फूलों को ख़ार से न मिलाएँ जहाँ-पनाह 

2.

तुम्हारी तारीख़ कोई बदले उसे मिटाए तो सर उठाओ

अगर शराफ़त न काम आए न हक़ दिलाए तो सर उठाओ

 

कहीं उजाला कहीं अंधेरा बग़ैर साज़िश नहीं है मुमकिन

चराग़ जब रौशनी बराबर न बाँट पाए तो सर उठाओ

 

किसी के हिस्से की बारिशें जब किसी की फ़स्लों को लहलहाएँ

और उस की साज़िश का शक हवा पर अगर न जाए तो सर उठाओ

 

अगर हो काँटों की क़द्र-ओ-क़ीमत किसी चमन में गुलों से बढ़ कर

और उस का माली दलील दे उस को हक़ बताए तो सर उठाओ

 

क़लम उठाओ नज़र मिलाओ तुम अब लब-ए-एहतिजाज खोलो

मुख़ालिफ़त से मुनाफ़िक़त को कोई बुलाए तो सर उठाओ

 

किसी की बातों में तुम न आओ न सर उठाओ न सर झुकाव

अगर तुम्हारा ज़मीर जागे तुम्हें जगाए तो सर उठाओ

 

ये क्या कि हर वक़्त जी-हुज़ूरी में सर झुकाए हुए हो अहया

अगर बग़ावत का पर तुम्हारा भी फड़फड़ाए तो सर उठाओ

itwar ki kavita
ehya bhojpuri
Narendra modi
BJP
Modi Govt

Related Stories

ज्ञानवापी मस्जिद विवाद : सुप्रीम कोर्ट ने कथित शिवलिंग के क्षेत्र को सुरक्षित रखने को कहा, नई याचिकाओं से गहराया विवाद

उर्दू पत्रकारिता : 200 सालों का सफ़र और चुनौतियां

तिरछी नज़र: सरकार-जी, बम केवल साइकिल में ही नहीं लगता

तिरछी नज़र: ‘ज़िंदा लौट आए’ मतलब लौट के...

राय-शुमारी: आरएसएस के निशाने पर भारत की समूची गैर-वैदिक विरासत!, बौद्ध और सिख समुदाय पर भी हमला

बना रहे रस: वे बनारस से उसकी आत्मा छीनना चाहते हैं

इतवार की कविता : अकबर 'इलाहाबादी' की एक ग़ज़ल

चुनावी चक्रम: लाइट-कैमरा-एक्शन और पूजा शुरू

कटाक्ष: इंडिया वालो शर्म करो, मोदी जी का सम्मान करो!

तिरछी नज़र: विश्व गुरु को हंसना-हंसाना नहीं चाहिए


बाकी खबरें

  • Uttarakhand elections
    न्यूज़क्लिक टीम
    उत्तराखण्ड चुनाव: दस साल पहले प्रस्तावित सैनिक स्कूल का इंतज़ार जारी
    12 Feb 2022
    शुक्रवार 11 फरवरी को प्रधानमंत्री ने उत्तरखंड के अल्मोड़ा जिले में एक चुनावी रैली की जिसमे उन्होंने राज्य में नए सैनिक स्कूल बनाने पर जोर दिया। मोदी ने कहा" हमारे देश में बहुत कम संख्या में सैनिक…
  • pension
    मनजीत सिंह पटेल
    एनपीएस की जगह, पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग क्यों कर रहे हैं सरकारी कर्मचारी? 
    12 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश में चल रहे विधानसभा चुनावों में भी, एनपीएस की चिंता प्रमुख चुनावी मुद्दों में से एक है, समाजवादी पार्टी (सपा) के अखिलेश यादव ने भी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में घोषणा की थी कि अगर उनकी पार्टी…
  • Punjab
    भाषा
    पंजाब चुनाव में 25 फीसदी उम्मीदवारों के ख़िलाफ़ आपराधिक मामला : रिपोर्ट
    12 Feb 2022
    एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) से संबद्ध पंजाब इलेक्शन वाच (पीईडब्ल्यू) ने 20 फरवरी को होने वाले चुनाव में कुल 1,304 उम्मीदवारों में से 1,276 उम्मीदवारों के चुनावी हलफनामों का विश्लेषण…
  • Modi
    राजेंद्र शर्मा
    बैठे-ठाले: न होता यूं तो क्या होता!
    12 Feb 2022
    अपने राज में जो हुआ है, उस पर सवालों के जवाब के देने के लिए, मोदी जी ने जब से यह सवाल उठाने का रास्ता अपनाया है कि विरोधी नहीं होते तो क्या-क्या होता, नहीं होता, तब से विश्व गुरु कुर्सी ने खुद दौड़कर…
  • Protest
    ऋषि राज आनंद
    बार-बार धरने-प्रदर्शन के बावजूद उपेक्षा का शिकार SSC GD के उम्मीदवार
    12 Feb 2022
    एसएससी जीडी के तहत 60,000 की संख्या में रिक्तियों की घोषणा के बावजूद 30% पद ख़ाली हैं। लेकिन सरकार उन्हें भरने के लिए कदम उठाती नज़र नहीं आ रही।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License