क्या लोकतंत्र में विरोध करने की परम्परा ख़त्म करने की साज़िश चल रही है ?
5 अक्टूबर 2017 को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने एक आदेश द्वारा जंतर मंतर सड़क पर विरोध प्रदर्शन करने की मनाही कर दी I ‘प्रदूषण’ को इस फैसले के पीछे कि वजह बातया गया I कई वर्षों से यहाँ लोग अपनी परेशानियों के निवारण के लिए बैठे हैं और इनकी कोई सुनवायी नहीं होती I कुछ लोग इस कदम को सरकार द्वारा असहमति की आवाज़ को दबाने की कोशिश के रूप में देख रहे हैं I