NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
झारखंड में पत्रकार की पीट-पीटकर हत्या, छत्तीसगढ़ में कैमरामैन की मौत
झारखंड में एक पत्रकार की अगवा कर नृशंस हत्या कर दी गई, जबकि छत्तीसगढ़ में एक हमले में दूरदर्शन के एक कैमरामैन की मौत हो गई। कश्मीर में भी एक पत्रकार पैलेटगन से घायल हुए हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
30 Oct 2018
Stop killing journalist.
Image Courtesy: google

झारखंड के चतरा जिले में रांची से प्रकाशित होने वाले एक दैनिक हिंदी अखबार के पत्रकार की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। उधर छत्तीसगढ़ में एक हमले में दूरदर्शन के एक कैमरामैन की मौत हो गई। कश्मीर में भी एक पत्रकार पैलट गन से घायल हो गया।

झारखंड के रांची से मिल रही खबरों के मुताबिक प्रशासन ने कहा है कि पत्रकार को कई दिनों से धमकियां मिल रही थीं। पुलिस ने कहा कि 'आज' अखबार के लिए काम करने वाले चंदन तिवारी को सोमवार रात अगवा कर लिया गया था। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इसके बाद तिवारी मंगलवार को बालथार के जंगलों में गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिले। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी मौत हो गई।
 

अखबार के स्थानीय संपादक अमित कुमार अग्रवाल ने आईएएनएस को बताया, "हमारे संवाददाता की नृशंस हत्या कर दी गई है।"

अग्रवाल ने कहा, "तिवारी ने जान का खतरा बताते हुए अप्रैल में मामला दर्ज कराया था। लेकिन उन्हें कोई सुरक्षा नहीं दी गई।"

उन्होंने कहा कि हत्या की जांच के लिए पुलिस ने एक विशेष टीम गठित की है।

अग्रवाल ने कहा, "लेकिन हमारे संवाददाताओं ने चतरा के उपायुक्त को केंद्रीय जांच ब्यूरो से जांच कराने के लिए एक ज्ञापन सौंपा है। पत्रकारों को सुरक्षा प्रदान करना सरकार का कर्तव्य है। हम भी मृतक के परिजनों को मुआवजे की मांग करते हैं।"

उपायुक्त जितेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि हत्यारों को पकड़ने के लिए प्रयास जारी हैं।

चतरा में 2016 में भी एक पत्रकार की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।

मुठभेड़ में 2 जवान शहीद, मीडियाकर्मी की भी गोली लगने से मौत

छत्तीसगढ़ में दंतेवाड़ा के अरनपुर थाना इलाके में मंगलवार को पुलिस और कथित नक्सलियों के बीच मुठभेड़ में एक एएसआई और एक सहायक आरक्षक शहीद हो गए। वहीं एक मीडियाकर्मी की भी गोली लगने से मौत हो गई। दंतेवाड़ा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अभिषेक पल्लव ने घटना की पुष्टि की। 

पुलिस अधीक्षक पल्लव ने बताया, "अरनपुर थाना इलाके के नीलवाया में मंगलवार को नक्सलियों ने घात लगाकर हमला किया। मुठभेड़ में एएसआई रुद्रप्रताप और सहायक आरक्षक मंगलराम शहीद हो गए। वहीं जवान विष्णु नेताम और सहायक आरक्षक राकेश कौशल घायल हैं।"

उन्होंने बताया, "दूरदर्शन की तीन सदस्यीय टीम पर भी यहां नक्सलियों ने गोलीबारी की है, जिसमें कैमरामैन अचितानंद साहू की गोली लगने से मौत हो गई। वहीं एक अन्य पत्रकार के भी घायल होने की सूचना है।"

कश्मीर में पैलेट गन से पत्रकार घायल

मंगलवार को दक्षिण कश्मीर के शोपियाँ ज़िले के मीमान्दर गाँव में कार्डोन एंड रिसर्च (CASO) के दौरान एक पत्रकार घायल हो गयाI इस क्षेत्र में आतंकियों ने गश्ती टोली पर हमला किया और इसके तुरंत बाद ही CASO शुरू किया गयाI

अधिकारियों के मुताबिक, घायल पत्रकार एजाज़ दर ज़ी न्यूज़ में काम करते हैं और शोपियाँ के रहने वाले हैंI सेना द्वारा CASO की शुरुआत करने के बाद ही झड़प शुरू हुईI

एजाज़ ने न्यूज़क्लिक से बात करते हुए बताया कि, “मैं और मेरा पत्रकार दोस्त इस घटना को रिपोर्ट करने गये थेI जब हम घटनास्थल पर पहुँचे दूर खड़े एक पुलिसवाले ने हमारी तरफ पैलेट गन तानीI हमने हवा में हाथ खड़े कर चिल्लाया “हम पत्रकार हैं” पर उन्होंने हम पर पैलेट गन से हमला कर दियाI”

एजाज़ को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया जहाँ डॉक्टरों को चार पैलेट उसके सर और कुछ उसके कन्धों से मिलेI

(कुछ इनपुट आईएएनएस/वीएनएस)

attacks on journalists
Stop killing journalist
Jharkhand
Chattisgarh
Jammu and Kashmir

Related Stories

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

कश्मीर में हिंसा का नया दौर, शासकीय नीति की विफलता

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

कश्मीरी पंडितों के लिए पीएम जॉब पैकेज में कोई सुरक्षित आवास, पदोन्नति नहीं 

यासीन मलिक को उम्रक़ैद : कश्मीरियों का अलगाव और बढ़ेगा

आतंकवाद के वित्तपोषण मामले में कश्मीर के अलगाववादी नेता यासीन मलिक को उम्रक़ैद

झारखंड: बोर्ड एग्जाम की 70 कॉपी प्रतिदिन चेक करने का आदेश, अध्यापकों ने किया विरोध

झारखंड : नफ़रत और कॉर्पोरेट संस्कृति के विरुद्ध लेखक-कलाकारों का सम्मलेन! 


बाकी खबरें

  • Ukraine
    स्टुअर्ट ब्राउन
    यूक्रेन: एक परमाणु संपन्न राज्य में युद्ध के खतरे
    03 Mar 2022
    यूक्रेन के ऊपर रूस के आक्रमण से परमाणु युद्ध का खतरा वास्तविक बन गया है। लेकिन क्या होगा यदि देश के 15 परमाणु उर्जा रिएक्टरों में से एक भी यदि गोलीबारी की चपेट में आ जाए?
  • banaras
    विजय विनीत
    यूपी का रणः मोदी के खिलाफ बगावत पर उतरे बनारस के अधिवक्ता, किसानों ने भी खोल दिया मोर्चा
    03 Mar 2022
    बनारस में ऐन चुनाव के वक्त पर मोदी के खिलाफ आंदोलन खड़ा होना भाजपा के लिए शुभ संकेत नहीं है। इसके तात्कालिक और दीर्घकालिक नतीजे देखने को मिल सकते हैं। तात्कालिक तो यह कि भाजपा के खिलाफ मतदान को बल…
  • Varanasi District
    तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव : बनारस की मशहूर और अनोखी पीतल पिचकारी का कारोबार पड़ रहा है फीका
    03 Mar 2022
    बढ़ती लागत और कारीगरों की घटती संख्या के कारण पिचकारी बनाने की पारंपरिक कला मर रही है, जिसके चलते यह छोटा उद्योग ज़िंदा रहने के लिए संघर्ष रहा है।
  • migrants
    एपी
    एक सप्ताह में 10 लाख लोगों ने किया यूक्रेन से पलायन: संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी
    03 Mar 2022
    संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी उच्चायोग (यूएनएचसीआर) के आंकड़ों के अनुसार, पलायन करने वाले लोगों की संख्या यूक्रेन की आबादी के दो प्रतिशत से अधिक है। विश्व बैंक के अनुसार 2020 के अंत में यूक्रेन की आबादी…
  • medical student
    एम.ओबैद
    सीटों की कमी और मोटी फीस के कारण मेडिकल की पढ़ाई के लिए विदेश जाते हैं छात्र !
    03 Mar 2022
    विशेषज्ञों की मानें तो विदेशों में मेडिकल की पढ़ाई करने के लिए जाने की दो मुख्य वजहें हैं। पहली वजह है यहां के सरकारी और प्राइवेट कॉलेजों में सीटों की संख्या में कमी और दूसरी वजह है प्राइवेट कॉलेजों…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License