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अंतरराष्ट्रीय
बोलीविया की पुलिस ने पिछले साल के सकाबा नरसंहार मामले में एक सैन्य जनरल को गिरफ्तार किया
इस नरसंहार के पीड़ितों के परिवार ने जनरल अल्फ्रेडो क्यूलर की गिरफ्तारी को न्याय की दिशा में पहला कदम बताया है।
पीपल्स डिस्पैच
25 Nov 2020
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15 नवंबर 2019 को कोचाबंबा डिपार्टमेंट के सकाबा शहर में हुए नरसंहार के संबंध में 24 नवंबर को बोलीविया की पुलिस ने कोचाबंबा मिलिट्री गैरीसन के कमांडर जनरल अल्फ्रेडो क्यूलर को गिरफ्तार किया। क्यूलर पर हत्या करने का आरोप लगाया गया है।

सकाबा में शांतिपूर्ण तख्तापलट विरोधी रैली के दौरान पुलिस तथा सैनिक कार्रवाई में 12 प्रदर्शनकारियों की मौत और सैंकड़ों प्रदर्शनकारियों के घायल होने के मामले में की पब्लिक मिनिस्ट्री क्यूलर की जांच कर रहा है। सकाबा में सैनिकों और पुलिस अधिकारियों ने पूर्व राष्ट्रपति ईवो मोरालेस के समर्थन में कोचाबंबा शहर की ओर रैली निकालने की कोशिश करने वाली भीड़ पर आंसू गैस के गोले दागे थे और गोलियां चलाई थी।

प्रोसिक्यूटर ऑफिस ने कल सकाबा नरसंहार मामले में बयान देने के बाद क्यूलर की गिरफ्तारी का आदेश दिया। प्रोसिक्यूटर ऑफिस ने कहा कि ये गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया क्योंकि जांच और उसके भागने में बाधा के जोखिम के अलावा सैन्य कर्मियों के खिलाफ दोषी होने के तत्व हैं।

क्यूलर के वकील एडविन परेडेस ने कहा कि उनके मुवक्किल को "केवल प्रशासनिक कार्य करने" के लिए गिरफ्तार किया गया है और साथ ही संकेत दिया है कि "हम एहतियाती उपायों की सुनवाई के लिए तैयारी करने जा रहे हैं।"

परेडेस ने कहा कि अपने बयान के दौरान क्यूलर ने नवंबर 2019 में लागू एक सामान्य ऑपरेशन योजना प्रस्तुत की जिसमें यह आदेश दिया जाता है कि उन कार्रवाईयों में हथियारों का उपयोग न करें और उनके मुवक्किल ने कभी भी कार्रवाई का निर्णय नहीं लिया और कमांडर इन चीफ से मिले केवल आदेश का अनुपालन किया।

डी-फैक्टो प्रेसिडेंट जीनाइन एनेज के अधीन तख्तापलट के बाद हुए मानवाधिकार उल्लंघन की सभी घटनाओं की जांच के लिए इंटर-अमेरिकन कमीशन ऑन ह्यूमन राइट्स (आईएसीएचआर) के विशेषज्ञों के समूह के बोलीविया पहुंचने के एक दिन बाद ये गिरफ्तारी हुई।

अपने चुनाव प्रचार के दौरान और पद संभालते हुए नवनिर्वाचित राष्ट्रपति मूवमेंट टूवार्ड्स सोशलिज्म (एमएएस) पार्टी के लुइस एर्से और उपराष्ट्रपति डेविड चोकेहुआंसा ने इस हत्याकांड की जांच करने और अपराधियों को सजा दिलाने का वादा किया था। क्यूलर की गिरफ्तारी को पीड़ितों के परिवारों द्वारा न्याय की दिशा में पहले कदम के रूप में देखा जा रहा है।

 

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