NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अंतरराष्ट्रीय
बोलीविया की पुलिस ने पिछले साल के सकाबा नरसंहार मामले में एक सैन्य जनरल को गिरफ्तार किया
इस नरसंहार के पीड़ितों के परिवार ने जनरल अल्फ्रेडो क्यूलर की गिरफ्तारी को न्याय की दिशा में पहला कदम बताया है।
पीपल्स डिस्पैच
25 Nov 2020
s

15 नवंबर 2019 को कोचाबंबा डिपार्टमेंट के सकाबा शहर में हुए नरसंहार के संबंध में 24 नवंबर को बोलीविया की पुलिस ने कोचाबंबा मिलिट्री गैरीसन के कमांडर जनरल अल्फ्रेडो क्यूलर को गिरफ्तार किया। क्यूलर पर हत्या करने का आरोप लगाया गया है।

सकाबा में शांतिपूर्ण तख्तापलट विरोधी रैली के दौरान पुलिस तथा सैनिक कार्रवाई में 12 प्रदर्शनकारियों की मौत और सैंकड़ों प्रदर्शनकारियों के घायल होने के मामले में की पब्लिक मिनिस्ट्री क्यूलर की जांच कर रहा है। सकाबा में सैनिकों और पुलिस अधिकारियों ने पूर्व राष्ट्रपति ईवो मोरालेस के समर्थन में कोचाबंबा शहर की ओर रैली निकालने की कोशिश करने वाली भीड़ पर आंसू गैस के गोले दागे थे और गोलियां चलाई थी।

प्रोसिक्यूटर ऑफिस ने कल सकाबा नरसंहार मामले में बयान देने के बाद क्यूलर की गिरफ्तारी का आदेश दिया। प्रोसिक्यूटर ऑफिस ने कहा कि ये गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया क्योंकि जांच और उसके भागने में बाधा के जोखिम के अलावा सैन्य कर्मियों के खिलाफ दोषी होने के तत्व हैं।

क्यूलर के वकील एडविन परेडेस ने कहा कि उनके मुवक्किल को "केवल प्रशासनिक कार्य करने" के लिए गिरफ्तार किया गया है और साथ ही संकेत दिया है कि "हम एहतियाती उपायों की सुनवाई के लिए तैयारी करने जा रहे हैं।"

परेडेस ने कहा कि अपने बयान के दौरान क्यूलर ने नवंबर 2019 में लागू एक सामान्य ऑपरेशन योजना प्रस्तुत की जिसमें यह आदेश दिया जाता है कि उन कार्रवाईयों में हथियारों का उपयोग न करें और उनके मुवक्किल ने कभी भी कार्रवाई का निर्णय नहीं लिया और कमांडर इन चीफ से मिले केवल आदेश का अनुपालन किया।

डी-फैक्टो प्रेसिडेंट जीनाइन एनेज के अधीन तख्तापलट के बाद हुए मानवाधिकार उल्लंघन की सभी घटनाओं की जांच के लिए इंटर-अमेरिकन कमीशन ऑन ह्यूमन राइट्स (आईएसीएचआर) के विशेषज्ञों के समूह के बोलीविया पहुंचने के एक दिन बाद ये गिरफ्तारी हुई।

अपने चुनाव प्रचार के दौरान और पद संभालते हुए नवनिर्वाचित राष्ट्रपति मूवमेंट टूवार्ड्स सोशलिज्म (एमएएस) पार्टी के लुइस एर्से और उपराष्ट्रपति डेविड चोकेहुआंसा ने इस हत्याकांड की जांच करने और अपराधियों को सजा दिलाने का वादा किया था। क्यूलर की गिरफ्तारी को पीड़ितों के परिवारों द्वारा न्याय की दिशा में पहले कदम के रूप में देखा जा रहा है।

 

bolivia
sakaba genocide in bolivia
justice in sakaba genocide

Related Stories

क्या चिली की प्रगतिशील सरकार बोलीविया की समुद्री पहुंच के रास्ते खोलेगी?

पत्रकारिता एवं जन-आंदोलनों के पक्ष में विकीलीक्स का अतुलनीय योगदान 

बोलिवियाई लोगों को तख्तापलट करने वाली नेता जीनिन आनेज़ के जेल से भागने की आशंका

बोलिविया के तख़्तापलट में शस्त्र मुहैया कराने के मामले में अर्जेंटीना ने जांच शुरू की

बोलीविया सरकार ने इक्वाडोर द्वारा तख़्तापलट सरकार को हथियारों की आपूर्ति की जांच की

साकाबा नरसंहार के एक साल बाद बोलीविया ने पीड़ितों को याद किया और न्याय की मांग की

बोलिवियाई लोगों ने एक विशाल रैली में ईवो मोरालेस का स्वागत किया

बोलिवियाः लुइस एर्से ने राष्ट्रपति और डेविड चोकेहुआंसा ने उपराष्ट्रपति के रूप में पदभार ग्रहण किया

बोलीवियाः एमएएस ने ला पाज़ में कैम्पेन हेडक्वार्टर के पास विस्फ़ोट की निंदा की

बोलीविया के चुनावी नतीजों के मायने!


बाकी खबरें

  • RELIGIOUS DEATH
    श्रुति एमडी
    तमिलनाडु : किशोरी की मौत के बाद फिर उठी धर्मांतरण विरोधी क़ानून की आवाज़
    27 Jan 2022
    कथित रूप से 'जबरन धर्मांतरण' के बाद एक किशोरी की हालिया खुदकुशी और इसके ख़िलाफ़ दक्षिणपंथी संगठनों की प्रतिक्रिया ने राज्य में धर्मांतरण विरोधी क़ानून की मांग को फिर से केंद्र में ला दिया है।
  • cb
    वर्षा सिंह
    उत्तराखंड चुनाव: ‘बीजेपी-कांग्रेस दोनों को पता है कि विकल्प तो हम दो ही हैं’
    27 Jan 2022
    उत्तर प्रदेश से अलग होने के बाद उत्तराखंड में 2000, 2007 और 2017 में भाजपा सत्ता में आई। जबकि 2002 और 2012 के चुनाव में कांग्रेस ने सरकार बनाई। भाजपा और कांग्रेस ही बारी-बारी से यहां शासन करते आ रहे…
  •  नौकरी दो! प्राइम टाइम पर नफरती प्रचार नहीं !
    न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
    नौकरी दो! प्राइम टाइम पर नफरती प्रचार नहीं !
    27 Jan 2022
    आज के एपिसोड में अभिसार शर्मा बात कर रहे हैं रेलवे परीक्षा में हुई धांधली पर चल रहे आंदोलन की। क्या हैं छात्रों के मुद्दे और क्यों चल रहा है ये आंदोलन, आइये जानते हैं अभिसार से
  • सोनिया यादव
    यूपी: महिला वोटरों की ज़िंदगी कितनी बदली और इस बार उनके लिए नया क्या है?
    27 Jan 2022
    प्रदेश में महिलाओं का उम्मीदवार के तौर पर चुनाव जीतने का औसत भले ही कम रहा हो, लेकिन आधी आबादी चुनाव जिताने का पूरा मददा जरूर रखती है। और शायद यही वजह है कि चुनाव से पहले सभी पार्टियां उन्हें लुभाने…
  • यूपी चुनाव:  उन्नाव पीड़िता की मां के बाद अब सोनभद्र की ‘किस्मत’ भी कांग्रेस के साथ!
    रवि शंकर दुबे
    यूपी चुनाव: उन्नाव पीड़िता की मां के बाद अब सोनभद्र की ‘किस्मत’ भी कांग्रेस के साथ!
    27 Jan 2022
    यूपी में महिला उम्मीदवारों के लिए प्रियंका गांधी की तलाश लगातार जारी है, प्रियंका गांधी ने पहले उन्नाव रेप पीड़िता की मां पर दांव लगाया था, और अब वो सोनभद्र नरसंहार में अपने भाई को खो चुकी महिला को…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License