NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
कैमरे के सामने सुनवाई करेंगे नए मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई
नए मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई भारत के इतिहास के पहले जज होंगे जो जिनकी कोर्ट कार्यवाही को कैमरा में कैद किया जायेगा।
न्यूजक्लिक रिपोर्ट
03 Oct 2018
नए मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई
Image Courtesy: ndtv

जस्टिस रंजन गोगोई ने आज, बुधवार, 3 अक्टूबर को भारत के प्रधान न्यायाधीश के रूप में शपथ ली। गोगोई को राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शपथ दिलाई। वे मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा के बाद भारत के 46वें प्रधान न्यायाधीश बने हैं। 

दीपक मिश्रा का कार्यकाल 2 अक्टूबर को समाप्त हो गया था और सोमवार को शीर्ष अदालत में उनके कार्यकाल का आखिरी दिन था। जस्टिस गोगोई सर्वोच्च अदालत में शीर्ष स्थान हासिल करने वाले पूर्वोत्तर भारत के पहले न्यायधीश हैं।

63 साल के गोगोई का कार्यकाल 13 महीने 15 दिन का रहेगा। वे 17 नवंबर 2019 तक भारत के मुख्य न्यायाधीश रहेंगे। असम से आने वाले गोगोई 2001 में गुवाहाटी हाईकोर्ट के स्थायी जज बने। 9 साल तक यहाँ रहने के बाद उनका तबादला पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में कर दिया गया। एक साल बाद यहाँ भी उन्हें चीफ जस्टिस बनाया गया। जून 2012 में उन्हें सुप्रीम कोर्ट का जज बनाया गया। 

इस साल जनवरी में जिन चार जजों ने चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा पर सवाल उठाये थे उनमें से एक रंजन गोगोई भी थे। ऐसा आज़ाद भारत के इतिहास में पहली बार हुआ था कि सुप्रीम कोर्ट के जज चीफ जस्टिस के खिलाफ इस तरह बोल रहे थे। 

20 अगस्त 2014 सुप्रीम कोर्ट की एक बेंच जिसमें गोगोई भी शामिल थे ने सरकार को असम में नेशन रजिस्टर ऑफ़ सिटिज़न्स (NRC) के पूरे काम को 3 साल में खत्म करने की बात की थी। 

गोगोई उस सुप्रीम कोर्ट की बेंच का हिस्सा होंगे जो आने वाले दिनों में लोकपाल और लोकायुक्त की नियुक्ति प्रक्रिया को देखेगी। साथ ही वह 29 अक्टूबर को होने वाली बाबरी मस्जिद मामले की सुनवाई में जजों की बेंच के मुख्य जज होंगे। इसके साथ ही चीफ जस्टिस गोगोई भारत के इतिहास के पहले जज होंगे जो जिनकी कोर्ट कार्यवाही को कैमरा में कैद किया जायेगा।  

चीफ जस्टिस बनते ही  रंजन गोगोई ने नया रोस्टर जारी कर दिया है। इस नये रोस्टर के मुताबिक, चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया ही जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करेंगे। सुप्रीम कोर्ट में जारी नया रोस्टर आज से प्रभावी हो जाएगा।

(कुछ इनपुट आईएएनएस)

CJI
ranjan gogoi
Supreme Court

Related Stories

ज्ञानवापी मस्जिद के ख़िलाफ़ दाख़िल सभी याचिकाएं एक दूसरे की कॉपी-पेस्ट!

आर्य समाज द्वारा जारी विवाह प्रमाणपत्र क़ानूनी मान्य नहीं: सुप्रीम कोर्ट

समलैंगिक साथ रहने के लिए 'आज़ाद’, केरल हाई कोर्ट का फैसला एक मिसाल

मायके और ससुराल दोनों घरों में महिलाओं को रहने का पूरा अधिकार

जब "आतंक" पर क्लीनचिट, तो उमर खालिद जेल में क्यों ?

विचार: सांप्रदायिकता से संघर्ष को स्थगित रखना घातक

सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक आदेश : सेक्स वर्कर्स भी सम्मान की हकदार, सेक्स वर्क भी एक पेशा

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

मलियाना कांडः 72 मौतें, क्रूर व्यवस्था से न्याय की आस हारते 35 साल

क्या ज्ञानवापी के बाद ख़त्म हो जाएगा मंदिर-मस्जिद का विवाद?


बाकी खबरें

  • punjab
    भाषा सिंह
    पंजाब चुनावः परदे के पीछे के खेल पर चर्चा
    19 Feb 2022
    पंजाब में जिस तरह से चुनावी लड़ाई फंसी है वह अपने-आप में कई ज़ाहिर और गुप्त समझौतों की आशंका को बलवती कर रही है। पंजाब विधानसभा चुनावों में इतने दांव चले जाएंगे, इसका अंदाजा—कॉरपोरेट मीडिया घरानों…
  • Biden and Boris
    जॉन पिलगर
    युद्ध के प्रचारक क्यों बनते रहे हैं पश्चिमी लोकतांत्रिक देश?
    19 Feb 2022
    हाल के हफ्तों और महीनों में युद्ध उन्माद का ज्वार जिस तरह से उठा है वह इसका सबसे ज्वलंत उदाहरण है
  • youth
    असद रिज़वी
    भाजपा से क्यों नाराज़ हैं छात्र-नौजवान? क्या चाहते हैं उत्तर प्रदेश के युवा
    19 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश के नौजवान संगठनों का कहना है कि भाजपा ने उनसे नौकरियों के वादे पर वोट लिया और सरकार बनने के बाद, उनको रोज़गार का सवाल करने पर लाठियों से मारा गया। 
  • Bahubali in UP politics
    विजय विनीत
    यूपी चुनाव: सियासी दलों के लिए क्यों ज़रूरी हो गए हैं बाहुबली और माफ़िया?
    19 Feb 2022
    चुनाव में माफ़िया और बाहुबलियों की अहमियत इसलिए ज्यादा होती है कि वो वोट देने और वोट न देने,  दोनों चीज़ों के लिए पैसा बंटवाते हैं। इनका सीधा सा फंडा होता है कि आप घर पर ही उनसे पैसे ले लीजिए और…
  • Lingering Colonial Legacies
    क्लेयर रॉथ
    साम्राज्यवादी विरासत अब भी मौजूद: त्वचा के अध्ययन का श्वेतवादी चरित्र बरकरार
    19 Feb 2022
    त्वचा रोग विज्ञान की किताबों में नस्लीय प्रतिनिधित्व की ऐतिहासिक कमी ना केवल श्वेत बहुल देशों में है, बल्कि यह पूरी दुनिया में मौजूद है
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License