NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कर्नाटक : कांग्रेस-जेडीएस सरकार फिर ख़तरे में, 11 विधायकों ने इस्तीफ़ा दिया
कर्नाटक में 11 कांग्रेस-जेडीएस विधायकों ने इस्तीफा दिया। लोकसभा चुनाव में हार के बाद सत्तारूढ़ गठबंधन के नेताओं ने भाजपा द्वारा सरकार को अस्थिर करने की आशंका जताई थी।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
06 Jul 2019
कर्नाटक कांग्रेस-जेडीएस सरकार फिर ख़तरे में

कर्नाटक में एक बार फिर सरकार गिराने और बचाने का खेल तेज़ हो गया है। एच डी कुमारस्वामी के नेतृत्व वाली कांग्रेस-जेडीएस सरकार को एक और झटका देते हुए सत्तारूढ़ गठबंधन के 11 विधायकों ने शनिवार को विधानसभा अध्यक्ष के कार्यालय में अपना इस्तीफा सौंपा।


सूत्रों ने बताया कि विधानसभा अध्यक्ष रमेश कुमार अपने कार्यालय में नहीं थे, जब विधायक अपना इस्तीफा देने के लिए वहां गए थे।
बाद में, कुमार ने यहां संवाददाताओं को बताया कि 11 विधायकों ने उनके कार्यालय में अपना इस्तीफा सौंपा है।


 उन्होंने कहा, ‘‘उनमें से 11 ने इस्तीफा पत्र दिया है। मैंने अधिकारियों को पत्र लेने और पावती जारी करने के लिए कहा था। कल कार्यालय बंद रहेगा... सोमवार को मेरा पूर्व निर्धारित कार्यक्रम है, इसलिए मंगलवार को मैं कार्यालय जाऊंगा और नियमों के अनुसार, आगे की कार्रवाई करूंगा।’’ 
सरकार के भविष्य को लेकर पूछे गये एक सवाल के जवाब में कुमार ने कहा, ‘‘इंतजार कीजिए और देखिए, मुझे इस बारे में कुछ नहीं कहना।’’
उन्होंने कहा, ‘‘सरकार गिर जाएगी या बच जाएगी, यह विधानसभा में तय होगा...’’।


जिन विधायकों को स्पीकर के कार्यालय में देखा गया, उनमें कांग्रेस के रमेश जारकीहोली (गोकक), प्रताप गौड़ा पाटिल (मास्की), शिवराम हेब्बार (येलापुर), महेश कुमाथल्ली (अथानी), बीसी पाटिल (हिरेकेरुर), बिरातिबासवराज (के आर पुरम), एस टी सोमा शेखर (यशवंतपुर) और रामलिंग रेड्डी (बीटीएम लेआउट) शामिल हैं।
जेडीएस के विधायक ए एच विश्वनाथ (हुंसुर) हैं, नारायण गौड़ा (के आर पेट) और गोपालैया (महालक्ष्मी लेआउट) शामिल हैं। ए एच विश्वनाथ ने हाल ही में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष के पद से इस्तीफा दिया था।
बाद में, विधायक राज्यपाल वजुभाई वाला से मिलने राजभवन गए।
अंतिम प्रयास के तौर पर, कांग्रेस के संकट मोचक और मंत्री डी के शिवकुमार ने विधायकों से मुलाकात की और उन्हें समझाने की कोशिश की।
 224 सदस्यीय विधानसभा में सत्ताधारी गठबंधन का संख्या बल स्पीकर के अलावा 118 (कांग्रेस-78, जद(एस)-37, बसपा-1 और निर्दलीय-2)है।
 इसमें वे विधायक भी शामिल हैं जिन्होंने इस्तीफा दे दिया है, चूंकि उनके इस्तीफे स्पीकर द्वारा अभी तक स्वीकार नहीं किए गए हैं।
सदन में भाजपा के 105 विधायक हैं। सरकार बनाने के लिए 113 सीटों की जरूरत है।


लोकसभा चुनाव में करारी हार के बाद सत्तारूढ़ गठबंधन के नेताओं ने भाजपा द्वारा सरकार को अस्थिर करने की आशंका जताई थी। गठबंधन में शामिल दोनों दलों ने सिर्फ एक-एक सीट जीती थी।
भाजपा ने लोकसभा चुनाव में बड़ी जीत हासिल की थी। पार्टी ने कर्नाटक की कुल 28 में से 25 सीटों पर जीत हासिल की है।

आपको बता दें कि चुनाव प्रचार के दौरान ही कर्नाटक सरकार गिरने और गिराने की भविष्यवाणियां की जाने लगी थीं। चुनाव परिणाम आने से पहले ही कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री डी. वी. सदानंद गौड़ा ने दावा कर दिया था कि लोकसभा चुनाव परिणाम के बाद कर्नाटक में कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन सरकार गिर जाएगी और एच. डी. कुमारस्वामी 24 मई की सुबह तक ही मुख्यमंत्री रहेंगे।

(भाषा के इनपुट के साथ)

 

 

 

 

karnataka
Karnataka Assembly
JDS
BJP
Congress
kumarswami

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • Indian Economy
    न्यूज़क्लिक टीम
    पूंजी प्रवाह के संकेंद्रण (Concentration) ने असमानता को बढ़ाया है
    31 Jan 2022
    पिछले एक दशक में, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों द्वारा उधार देने का तरीका बदल गया है, क्योंकि बड़े व्यापारिक घराने भारत से बाहर पूंजी जुटाने की कोशिश कर रहे हैं। रोहित चंद्रा, जो आईआईटी दिल्ली में…
  • unemployment
    सोनिया यादव
    देश में बढ़ती बेरोज़गारी सरकार की नीयत और नीति का नतीज़ा
    31 Jan 2022
    बेरोज़गारी के चलते देश में सबसे निचले तबके में रहने वाले लोगों की हालत दुनिया के अधिकतर देशों के मुक़ाबले और भी ख़राब हो गई। अमीर भले ही और अमीर हो गए, लेकिन गरीब और गरीब ही होते चले जा रहे हैं।
  •  Bina Palikal
    राज वाल्मीकि
    हर साल दलित और आदिवासियों की बुनियादी सुविधाओं के बजट में कटौती हो रही है :  बीना पालिकल
    31 Jan 2022
    काफी सालों से देखते आ रहे हैं कि हर साल सोशल सेक्टर बजट- जो शिक्षा का बजट है, जो स्वास्थ्य का बजट है या जो बजट लोगों के उद्योग के लिए है, इस बजट की कटौती हर साल हम लोग देखते आ रहे हैं। आशा है कि इस…
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    एक चुटकी गाँधी गिरी की कीमत तुम क्या जानो ?
    31 Jan 2022
    न्यूज़ चक्र में आज अभिसार शर्मा राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए बता रहे हैं कि कैसे गाँधी देश को प्रेरित करते रहेंगे।
  • nirmala sitharaman
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    2022-23 में वृद्धि दर 8-8.5 प्रतिशत रहेगी : आर्थिक समीक्षा
    31 Jan 2022
    समीक्षा के मुताबिक, 2022-23 का वृद्धि अनुमान इस धारणा पर आधारित हैं कि आगे कोई महामारी संबंधी आर्थिक व्यवधान नहीं आएगा, मानसून सामान्य रहेगा, कच्चे तेल की कीमतें 70-75 डॉलर प्रति बैरल के दायरे में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License