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भारत
राजनीति
कर्नाटकः महिला नेता को परेशान करने के मामले में 'दक्षिण-पंथी संगठन' से जुड़ा सदस्य गिरफ़्तार
छात्रों के अधिकारों के लिए काम करने वाले कार्यकर्ता हिंदुत्व संगठन के उन सदस्यों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं जिन लोगों ने व्हाट्सएप पर एसएफआई नेता माधुरी बोलार और हमज़ा किन्या के संबंध में मैसेज शेयर किया था।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
17 Jan 2018
madhuri

स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) के नेता माधुरी और हमज़ा को परेशान करने और धमकी देने के आरोप में दक्षिण-पंथी समूह से जुड़े 22 वर्षीय एक युवक को पुलिस ने गिरफ़्तार किया है। नेताओं को परेशान और धमकी देने की घटना कर्नाटक के दक्षिण कन्नड़ ज़िले की है।

गिरफ़्तार किए गए युवक का नाम हरीश देवादिगा उर्फ़ ककिन्जे हरीश है जो दक्षिण कन्नड़ ज़िले के बेलथांगडी का रहने वाला है। इस युवक पर आरोप है कि दक्षिण कन्नड़ ज़िले के एसएफआई के सचिव माधुरी बोलार और संयुक्त सचिव हमज़ा किन्या के संबंध में मैसेज सोशल मीडिया पर शेयर किया था।

दक्षिण-पंथी समूह से जुड़े सदस्य ने हिंदू लड़की के साथ बाइक पर खुलेआम घुमने के मामले में छात्र नेता हमज़ा किन्या को चेतावनी देने वाला मैसेज व्हाट्सएप पर शेयर किया था।

माधुरी के साथ उनके मुस्लिम पुरूष दोस्त हमज़ा की तस्वीर और कन्नड़ में लिखे संदेश व्हाट्सएप पर फैलाया जा रहा है। लोगों को भेजे गए संदेश में कुछ इस तरह लिखा गया है:

"हमज़ा किन्या हमारे हिंदू लड़कियों के साथ खुलेआम बाइक पर घूम रहा है... अगर वह अब हिंदू लड़कियों के साथ घूमते हुए देखा जाता है, तो हिंदू संगठनों को उसको इसका ज़रूर जवाब देना चाहिए (उस पर कार्रवाई करना चाहिए)।"

ये तस्वीर उस वक़्त ली गई जब एम.कॉम के प्रथम वर्ष की छात्रा माधुरी अपने साथियों हमज़ा, सुहास अडिगा और गणेश बोलार के साथ बस में सफ़र कर रही थी। इन लोगों ने इस तस्वीर को फेसबुक पर शेयर किया था।

9 जनवरी को माधुरी ने मंगलुरु शहर के पुलिस आयुक्त टीआर सुरेश से उनके कार्यालय पर मुलाक़ात की और मंगलुरू शहर के पुलिस के साइबर अपराध सेल में शिकायत दर्ज कराई। इस दौरान उनकी मां भारती बोलार भी उनके साथ थीं। उनकी मां ख़ुद सीपीआई (एम) से संबद्ध बीडी श्रमिक संघ की सदस्य हैं।

हरीश को 13 जनवरी शनिवार के दिन मंगलोर के पंपवेल से मंगलुरू साउथ पुलिस ने गिरफ़्तार किया। पुलिस ने अपराध में इस्तेमाल किए गए मोबाईल फोन को भी ज़ब्त कर लिया है।

हरीश कथित रूप से बजरंग दल का कार्यकर्ता है जो कि विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) की युवा शाखा है। ये संघ परिवार का हिस्सा है जिसका नेतृत्व आरएसएस करता है।

पुलिस के मुताबिक़ मामले की जांच की जा रही है। इस घटना में कुछ और लोगों को गिरफ्तार किया जा सकता है।

इस महीने की शुरुआत में चिकमंगलुरू के मुदिगेरे की एक युवा महिला धन्यश्री ने आत्महत्या कर ली थी। एक मुस्लिम व्यक्ति से बात करने को लेकर धन्यक्षी को कुछ पुरुषों ने परेशान करना शुरू कर दिया था। मुदिगेरे में बीजेपी के एक नेता एमवी अनिल को धन्यश्री को आत्महत्या करने के लिए उकसाने के मामले में गिरफ़्तार किया गया था।

न्यूज़क्लिक से बात करते हुए माधुरी बोलार ने कहा, "संघ परिवार कई अन्य युवा महिलाओं के ख़िलाफ़ इस प्रकार की रणनीति का इस्तेमाल कर रहा है। उसे लगता है कि महिलाओं पर हमला और स्क्रीनशॉट को शेयर करके उन्हें शांत किया जा सकता है।"

माधुरी ने आगे कहा कि "संघ के तानाशाही का विरोध करने के लिए अधिक संख्या में युवा महिलाओं को साहस के साथ आगे आना चाहिए।"

इस मामले में टिप्पणी करते हुए लेखक चेतना तिर्थहल्ली ने न्यूज़़क्लिक को बताया कि संघ परिवार की विचारधारा न केवल मुसलमानों, ईसाइयों और कम्युनिस्टों के प्रति नफ़रत पर आधारित है बल्कि उनकी नफ़रत महिलाओं के प्रति भी है। उन्होंने आगे कहा "जब महिलाएं खड़ी होकर बोलती हैं तब वे डरते हैं।"

"संघ परिवार हिंदू संस्कृति के ध्वजवाहकों के रूप में महिलाओं को प्रोजेक्ट करता है। वे सनातन धर्म और तथाकथित संस्कार के अपने विचार को हम पर जबरन थोपते हैं और इसका पालन करने के लिए फ़रमान सुनाते हैं। उनके बयानों से स्त्री जातियों के प्रति द्वेष की बू आती है।"

विभिन्न धार्मिक समुदायों के लोगों के बीच संघ परिवार द्वारा मतभेद पैदा करने के प्रयास को लेकर माधुरी ने निंदा की। उन्होंने कहा, "एसएफआई के पदाधिकारी के रूप में हमें विभिन्न कार्यक्रमों को एक साथ मिलना ही पड़ेगा और एक साथ सफ़र करना ही पड़ेगा। लेकिन यह संघ परिवार को स्वीकार्य नहीं है। वे नफ़रत करते हैं जब विभिन्न धार्मिक समुदायों के लोग एक साथ मिलकर काम करते हैं।"

चेतना तिर्थहल्ली ने कहा "संघ परिवार धार्मिक सद्भाव से डरता है। वे हमारे बीच सांप्रदायिकता के ज़हर को घोलकर हमारी एकता को नष्ट करने की कोशिश कर रहे हैं।"

Madhuri
SFI
Right wing group
Communalism
love jihad

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