NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
संस्कृति
भारत
राजनीति
कर्ता ने कर्म को...
संस्कृत के अध्यापक जो ज्यादा ही धार्मिक थे, पढ़ाई से अधिक धर्म की बातें करते थे। वे कहते थे हम कर्ता नहीं हैं, कर्ता तो "ऊपर वाला" है। पर धीरे-धीरे अब तक मैं इस ऊपर वाले को समझने लगा हूँ…
डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
29 Dec 2018
सांकेतिक तस्वीर
Image Courtesy: Patrika

(व्यंग्य स्तंभ/ तिरछी नज़र)

मुझे याद आता है, जब मैं संभवतया छठी कक्षा में रहा हूँगा, हिंदी व्याकरण से पहली बार पाला पड़ा था। हिंदी के अध्यापक रटवाते थे, "कर्ता ने, कर्म को"। अर्थात कर्ता (काम करने वाले) ने कर्म (काम) को किया। उधर संस्कृत के अध्यापक जो ज्यादा ही धार्मिक थे, पढ़ाई से अधिक धर्म की बातें करते थे। वे कहते थे हम कर्ता नहीं हैं, कर्ता तो "ऊपर वाला" है। वही सब कुछ करता है। देखने में भले ही यह लगे कि यह हमने या किसी और ने किया है, पर वही "ऊपर वाला" हमारे से कराता है।  

पर धीरे-धीरे अब तक मैं इस ऊपर वाले को समझने लगा हूँ। अब जो कश्मीर में हो रहा है, पाकिस्तान करा रहा है। कश्मीर हमारा है, लेकिन हम कुछ नहीं कर रहे हैं। जो कुछ हो रहा है, पाकिस्तान करा रहा है। पठानकोट में जो हुआ, पाकिस्तान ने करवाया। मुम्बई में जो हुआ था, पाकिस्तान ने करवाया था। दिल्ली में संसद भवन पर जो हुआ, पाकिस्तान ने करवाया था। यानी ऊपर वाला पाकिस्तान है। मुझे तो कई बार लगता है, देश में जो दो साल से सूखा पड़ा था, वह भी पाकिस्तान की वजह से था। पाकिस्तान सारे मानसूनी बादलों को अपने देश में खींच लेता था और हमारे यहाँ सूखा रह जाता था। और बाढ़ इसलिए आती है क्योंकि पाकिस्तान अपने देश में बादलों की "नो एंट्री" कर देता है। सारे के सारे बादल यहीं हमारे यहां बरस जाते हैं। यानी "ऊपर वाला" पाकिस्तान है।

मुझे याद है, जब मैं छोटा था, यह ऊपर वाला सी आई ए (अमरीकी गुप्तचर संस्था) होता था। सारी की सारी घटनाएं सी आई ए करवाता था। यहाँ तक कि देश के कुछ राजनेताओं की हत्या भी सी आई ए ने करवायी। उन दिनों, सब बातों की जिम्मेदारी सी आई ए पर डाल दी जाती थी। हम तब भी कुछ नहीं करते थे, आज भी कुछ नहीं करते हैं। जो कुछ करता है, "ऊपर वाला" करता है। यह बात अलग है कि उन दिनों सी आई ए ऊपर वाला होता था, आज कल पाकिस्तान ऊपर वाला है।

मैं देखता हूँ पूरे देश में अलग-अलग ऊपर वाले हैं। आखिर इतना बड़ा देश है, अलग-अलग ऊपर वाले होंगे ही। उधर उत्तर-पूर्व में तो कई ऊपर वाले हैं। चीन तो है ही, म्यांमार और बंग्लादेश भी हैं। देश के एक बड़े भू-भाग (मध्य भारत के) में नक्सली ऊपर वाले बने हुए हैं।

मुझे लगता है कि "स्वच्छ भारत अभियान" भी इसी लिए सफल नहीं हो रहा क्योंकि ऊपर वाला नहीं चाहता है। नहीं तो सरकार ने "स्वच्छ भारत अभियान" को सफल बनाने के लिए क्या कुछ नहीं किया! बड़े जोर शोर से "स्वच्छ भारत अभियान" शुरू किया। प्रधानमंत्री जी ने और बाकी सारे मंत्रियों ने भी "स्वच्छ भारत अभियान" के लिए फोटुएं खिंचवाईं। जिन बड़े-बड़े लोगों ने सालों से झाड़ू नहीं उठाई होगी, कैमरे के सामने सड़कों पर झाड़ू लगाई, "स्वच्छ भारत अभियान" के लिए सन्देश दिया। सरकार भी पीछे नहीं रही। सारे टैक्सों के साथ "स्वच्छ भारत" सेस भी जोड़ दिया गया। पर चार साल होने को आये "स्वच्छ भारत अभियान" सफल ही नहीं हो रहा है क्योंकि पाकिस्तान (ऊपर वाला) नहीं चाहता है।

वैसे सच्चाई तो यह है कि सरकार भी नहीं चाहती है कि भारत स्वच्छ हो। क्योंकि देश गन्दा था इसीलिये तो भाजापा की सरकार बनी (क्योंकि कीचड़ में ही कमल खिलता है)। अब अगर देश साफ़ हो गया तो भाजापा दुबारा कैसे आ पाएगी। इस लिए "स्वच्छ भारत" सिर्फ एक नारा है। अन्यथा भाजपा तो लोगों के दिलो-दिमाग में भी गंदगी भरने में लगी है। आपको कहीं भी सफाई होती दिखाई दे रही हो तो पीएमओ को बताइये। यह या तो किसी देशद्रोही (अर्थात भाजपा विरोधी) का काम होगा या फिर ऊपर वाले (अर्थात पाकिस्तान) का। 

हम बात तो हिंदी व्याकरण की कर रहे थे। सबसे अंत में (आठवीं) होता है संबोधन अर्थात  हे! अरे! आदि। पर मुझे लगता है अब नवीं भी होनी चाहिए, हास्याबोधन अर्थात हा हा, ही ही, हो हो आदि, आदि।

इसे भी पढ़ें : तिरछी नज़र : कराची हलवा और जिह्वा का राष्ट्रवाद

(लेखक पेशे से चिकित्सक हैं।)

Satire
Political satire
राजनीतिक व्यंग्य
व्यंग्य
India
Pakistan
India and Pakistan
swachh bharat abhiyan
CIA

Related Stories

#metoo : जिन पर इल्ज़ाम लगे वो मर्द अब क्या कर रहे हैं?

अविनाश पाटिल के साथ धर्म, अंधविश्वास और सनातन संस्था पर बातचीत

ज़ायरा, क्रिकेट और इंडिया

हिंदी आख़िर किसकी मातृभाषा है?

नए भारत के विचार को सिर्फ़ जंग चाहिए!

रैपर हार्ड कौर के ख़िलाफ़ राजद्रोह का मुक़दमा दर्ज

तिरछी नज़र : प्रधानमंत्री का एक और एक्सक्लूसिव इंटरव्यू

"आरएसएस का सिद्धांत भारत के लिए हानिकारक है" - हामिद अंसारी

बूट-बूट की सरकार: हमारे नेताओं का अनुशासन कहाँ खो गया है?

आर्टिस्ट्स यूनाईट : कलाकारों को साथ आने की ज़रूरत क्यूँ है?


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    जेएनयू में फिर हिंसा: एबीवीपी पर नॉनवेज के नाम पर छात्रों और मेस कर्मचारियों पर हमले का आरोप
    11 Apr 2022
    जेएनयू छात्र संघ ने एक बयान में कहा, “घृणा और विभाजनकारी एजेंडे की अपनी राजनीति का पूर्ण प्रदर्शन करते हुए एबीवीपी के गुंडों ने कावेरी छात्रावास में हिंसक माहौल बनाया है। वे मेस कमेटी को रात के खाने…
  • लाल बहादुर सिंह
    JNU में खाने की नहीं सांस्कृतिक विविधता बचाने और जीने की आज़ादी की लड़ाई
    11 Apr 2022
    जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के छात्र खाने के लिए नहीं, सांस्कृतिक विविधता के अनुरूप नागरिकों की जीने की आज़ादी और राष्ट्रीय एकता की रक्षा के लिए लड़ रहे हैं।
  • अभिवाद
    सीताराम येचुरी फिर से चुने गए माकपा के महासचिव
    11 Apr 2022
    23वीं पार्टी कांग्रेस ने केरल से केंद्रीय समिति सदस्य एम सी जोसेफिन की मृत्यु पर भी गहरा शोक व्यक्त किया है, जिनकी कांग्रेस में भाग लेने के दौरान हृदय गति रुकने से मृत्यु हो गई।
  • एम. के. भद्रकुमार
    यमन में ईरान समर्थित हूती विजेता
    11 Apr 2022
    माना जाता है कि हूती आज से सात साल पहले के मुक़ाबले तेहरान के कहीं ज़्यादा क़रीब है। ऐसे में इस बात की ज़रूरत है कि अमेरिका ईरान से बातचीत करे।
  • भाषा
    हिंदुत्व एजेंडे से उत्पन्न चुनौती का मुकाबला करने को तैयार है वाम: येचुरी
    11 Apr 2022
    सम्मेलन के समापन समारोह को संबोधित करते हुए येचुरी ने सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतों को एकजुट करने और माकपा की ताकत में उल्लेखनीय वृद्धि करने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने केंद्र में भाजपा व उसकी सरकार…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License