NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कश्मीर घाटी में बंदिशें जारी, सोमवार से कुछ ढील की उम्मीद
घाटी में संचार सेवाओं पर लगी पाबंदियां जारी हैं। सभी टेलीफोन और इंटरनेट सेवाएं निलंबित हैं। पिछले दो सप्ताह से स्कूल बंद हैं। दुकानें और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान भी पांच अगस्त से बंद हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
16 Aug 2019
jammu ans kashmir
image courtesy:Nikkei Asian Review

कश्मीर घाटी में पिछले 12 दिनों से निषेधाज्ञा लगी है और इसके तहत अभी तक कड़ी पाबंदिया लागू हैं। टेलीफोन,इंटरनेट सेवा तक अभी तक बहाल नहीं हुई है।

समाचार एजेंसी 'पीटीआई-भाषा' के अनुसार जम्मू-कश्मीर प्रशासन घाटी में पाबंदियों में ढील देने पर और अगले हफ्ते से सभी सरकारी कार्यालयों एवं विद्यालयों में कामकाज शुरू करने के लिए कदम उठाने पर विचार कर रहा है।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को श्रीनगर में कहा, ‘‘हम घाटी के ज्यादातर हिस्सों में पहले ही पाबंदियों में ढील दे चुके हैं। पाबंदियों में आगे और ढील घाटी की स्थितियों पर निर्भर करेगी।’’

उन्होंने कहा कि घाटी में सभी क्षेत्रों में स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और अबतक वह शांतिपूर्ण रही है। उन्होंने कहा, ‘‘ हम इस बात का इंतजाम कर रहे हैं कि सभी सरकारी कार्यालय सोमवार से सामान्य रूप से काम करना शुरू कर दे।’’

उन्होंने कहा कि प्रशासन इस संभावना पर भी गौर कर रहा है कि अगले हफ्ते से विद्यालय खुल जाएं।

अधिकारी ने कहा कि जिला प्रशासन अपने अधिकार क्षेत्रों की स्थिति के आधार पर पाबंदियों में परिवर्तन या विद्यालयों के खुलने के संबंध में कोई निर्णय लेगा।

उन्होंने कहा कि घाटी में दूरसंचार सुविधाओं की बहाली के संबंध में अबतक कोई फैसला नहीं किया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘ यदि टेलीफोन सेवाएं भी बहाल की जानी है तो यह चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा।’’

कश्मीर में पिछले 12 दिनों से निषेधाज्ञा लगी है। वैसे प्रशासन ने श्रीनगर में पाबंदियों में ढील दी है और लोगों को पहली बार घूमने-फिरने की अनुमति दी है।

केंद्र ने अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को निरस्त कर दिया था और राज्य को दो केंद्रशासित प्रदेशों में बांट दिया था। तब से राज्य में निषेधाज्ञा की स्थिति है।

उन्होंने बताया कि सुरक्षाबलों की तैनाती पहले की तरह ही है। लोगों को शहर के आसपास और अन्य शहरों में आवाजाही की अनुमति दी गई है।

पांच अगस्त को गृह मंत्री अमित शाह के राज्यसभा में जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा हटाए जाने की घोषणा करने से पांच घंटे पहले, कश्मीर में कर्फ्यू लगा दिया गया था।

राज्य प्रशासन ने सरकारी कर्मचारियों को रेडियो पर उद्घोषणा के जरिए शुक्रवार को काम पर आने के निर्देश दिए।

हालांकि, संचार सेवाओं पर लगी पाबंदियां जारी हैं। सभी टेलीफोन और इंटरनेट सेवाएं निलंबित हैं।

पिछले दो सप्ताह से स्कूल बंद हैं । दुकानें और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान भी पांच अगस्त से बंद हैं

Jammu and Kashmir
Article 370
Article 35A
internet ban
school close
Amit Shah
BJP
Narendra modi

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कश्मीर में हिंसा का नया दौर, शासकीय नीति की विफलता

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट


बाकी खबरें

  • sc
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    पीएम सुरक्षा चूक मामले में पूर्व न्यायाधीश इंदु मल्होत्रा की अध्यक्षता में समिति गठित
    12 Jan 2022
    सुप्रीम कोर्ट ने कहा- ‘‘सवालों को एकतरफा जांच पर नहीं छोड़ा जा सकता’’ और न्यायिक क्षेत्र के व्यक्ति द्वारा जांच की निगरानी करने की आवश्यकता है।
  • dharm sansad
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    नफ़रत फैलाने वाले भाषण देने का मामला: सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया नोटिस
    12 Jan 2022
    पीठ ने याचिकाकर्ताओं को भविष्य में 'धर्म संसद' के आयोजन के खिलाफ स्थानीय प्राधिकरण को अभिवेदन देने की अनुमति दी।
  • राय-शुमारी: आरएसएस के निशाने पर भारत की समूची गैर-वैदिक विरासत!, बौद्ध और सिख समुदाय पर भी हमला
    विजय विनीत
    राय-शुमारी: आरएसएस के निशाने पर भारत की समूची गैर-वैदिक विरासत!, बौद्ध और सिख समुदाय पर भी हमला
    12 Jan 2022
    "आरएसएस को असली तकलीफ़ यही है कि अशोक की परिकल्पना हिन्दू राष्ट्रवाद के खांचे में फिट नहीं बैठती है। अशोक का बौद्ध होना और बौद्ध धर्म धर्मावलंबियों का भारतीय महाद्वीप में और उससे बाहर भी प्रचार-…
  • Germany
    ओलिवर पाइपर
    जर्मनी की कोयला मुक्त होने की जद्दोजहद और एक आख़िरी किसान की लड़ाई
    12 Jan 2022
    पश्चिमी जर्मनी में एक गांव लुत्ज़ेराथ भूरे रंग के कोयला खनन के चलते गायब होने वाला है। इसलिए यहां रहने वाले सभी 90 लोगों को दूसरी जगह पर भेज दिया गया है। उनमें से केवल एक व्यक्ति एकार्ड्ट ह्यूकैम्प…
  • Hospital
    सरोजिनी बिष्ट
    लखनऊ: साढ़ामऊ अस्पताल को बना दिया कोविड अस्पताल, इलाज के लिए भटकते सामान्य मरीज़
    12 Jan 2022
    लखनऊ के साढ़ामऊ में स्थित सरकारी अस्पताल को पूरी तरह कोविड डेडिकेटेड कर दिया गया है। इसके चलते आसपास के सामान्य मरीज़ों, ख़ासकर गरीब ग्रामीणों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है। साथ ही इसी अस्पताल के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License