NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कश्मीर घाटी में पाबंदियों में थोड़ी ढील, लैंडलाइन सेवा आंशिक रूप से बहाल
अधिकारियों ने बताया कि कश्मीर के 35 पुलिस थाना क्षेत्रों में पाबंदियों में ढील दी गई है जबकि घाटी में कुल 96टेलीफोन एक्सचेंज में से 17 को बहाल कर दिया गया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
17 Aug 2019
jammu and kashmir
image courtesy:Amar Ujala

कश्मीर घाटी की ख़बरें अभी स्वतंत्र रूप से दिल्ली मीडिया तक नहीं पहुंच रही हैं। हालांकि अधिकारियों ने हालात में कुछ सुधार का दावा करते हुए श्रीनगर में बताया कि कश्मीर घाटी में कड़ी सुरक्षा के बीच लोगों की आवाजाही पर पाबंदियों में शनिवार को ढील दी गई और शहर के कुछ इलाकों में लैंडलाइन सेवा बहाल कर दी गई।

समाचार एजेंसी 'पीटीआई-भाषा' के अनुसार अधिकारियों ने बताया कि कश्मीर के 35 पुलिस थाना क्षेत्रों में पाबंदियों में ढील दी गई है जबकि घाटी में कुल 96 टेलीफोन एक्सचेंज में से 17 को बहाल कर दिया गया है।

उन्होंने बताया कि घाटी में अब 50,000 लैंडलाइन फोन काम कर रहे हैं। अन्य इलाकों में व्यवस्थित तरीके से सेवा बहाल की जाएगी।

अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बल अब भी तैनात हैं और सड़कों पर बैरिकेड लगे हुए हैं। हालांकि, पहचान पत्र दिखाने के बाद ही लोगों को आवाजाही की अनुमति दी गई है।

सरकार के प्रवक्ता रोहित कंसल ने बताया कि घाटी में प्राथमिक स्कूल सोमवार को फिर से खुलेंगे और उसी दिन से सरकारी कार्यालय भी पूरी तरह काम करना शुरू कर देंगे।

अधिकारियों ने बताया कि सिविल लाइंस इलाके में कुछ दुकानें शनिवार सुबह खुली। निजी वाहनों की आवाजाही भी बढ़ रही है ।

उन्होंने बताया कि कश्मीर के सिविल लाइंस, छावनी, एयरपोर्ट, राजबाग और जवाहर नगर जैसे कुछ इलाकों में लैंडलाइन सेवा बहाल कर दी गयी लेकिन वाणिज्यिक केंद्र लाल चौक और प्रेस एनक्लेव सहित अधिकतर हिस्से में अभी सेवा बहाल नहीं हुई है।

उन्होंने कहा कि जल्द ही 20 और एक्सचेंज काम करने लगेंगे। एक्सचेंज चालू होने से मध्य कश्मीर के बडगाम,सोनमर्ग और मनिगाम में लैंडलाइन सेवा काम करने लगी है।

उत्तरी कश्मीर में गुरेज, तंगमार्ग, उरी, केरन, करनाह और तंगधार इलाके में सेवा बहाल कर दी गयी है। दक्षिण कश्मीर के काजीगुंड और पहलगाम इलाके में लैंडलाइन सेवा चालू कर दी गयी है ।

अधिकारियों ने बताया कि सिविल लाइंस इलाके और घाटी के अन्य जिला मुख्यालयों में निजी वाहनों की गतिविधियां बढ़ गई है। श्रीनगर के डलगेट इलाके में कुछ अंतर जिला कैब भी सड़कों पर दौड़ रही हैं।

पेट्रोल पंप समेत ज्यादातर व्यावसायिक प्रतिष्ठान अब भी बंद हैं।

संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कंसल ने कहा कि 35 पुलिस थाना इलाकों में पाबंदियों में ढील दी गई है।

कंसल ने कहा, ‘‘पाबंदियों में ढील दी जा रही है। घाटी में 35 पुलिस थाना इलाकों में छूट दी गई है और अभी तक किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है। सार्वजनिक वाहन सड़कों पर दौड़ रहे हैं और हमारे पास आम लोगों के आवागमन की उत्साहजनक सूचना हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमारी कोशिश आज शाम तक घाटी में कम से कम आधे एक्सचेंजों की सेवाएं बहाल करने की है। केवल संवदेनशील इलाकों के एक्सचेंजों को छोड़कर कल शाम तक सभी एक्सचेंजों को बहाल करने का प्रयास कर रहे हैं।’’

कंसल ने कहा कि जम्मू क्षेत्र में लैंडलाइंस और मोबाइल फोन सेवाएं चालू कर दी गई है और कम से कम पांच जिलों में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं बहाल कर दी गई हैं।

प्रदेश पुलिस प्रमुख दिलबाग सिंह ने शनिवार को बताया कि जम्मू क्षेत्र के पांच जिलों में कम स्पीड (2जी) की मोबाइल इंटरनेट सेवा बहाल की गयी है और कश्मीर घाटी में 35 थाने के अंतर्गत आने वाले इलाके में पाबंदियों में ढील दी गयी है।

नजरबंद किए गए नेताओं की रिहाई के सवाल पर कंसल ने कहा कि अपने-अपने इलाकों में कानून एवं व्यवस्था की स्थिति के आधार पर स्थानीय अधिकारी इस पर फैसला लेंगे।

जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को केंद्र द्वारा निरस्त करने की घोषणा से कुछ समय पहले पांच अगस्त को कश्मीर में कर्फ्यू लगाया गया था।

Jammu and Kashmir
Delhi media
Central Government
BJP
Narendra modi
internet ban
phone and internet services stop
Article 370

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कश्मीर में हिंसा का नया दौर, शासकीय नीति की विफलता

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट


बाकी खबरें

  • language
    न्यूज़क्लिक टीम
    बहुभाषी भारत में केवल एक राष्ट्र भाषा नहीं हो सकती
    05 May 2022
    क्या हिंदी को राष्ट्रभाषा का दर्जा देना चाहिए? भारतीय स्वतंत्रता संघर्ष से लेकर अब तक हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने की जद्दोजहद कैसी रही है? अगर हिंदी राष्ट्रभाषा के तौर पर नहीं बनेगी तो अंग्रेजी का…
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    "राजनीतिक रोटी" सेकने के लिए लाउडस्पीकर को बनाया जा रहा मुद्दा?
    05 May 2022
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस एपिसोड में अभिसार सवाल उठा रहे हैं कि देश में बढ़ते साम्प्रदायिकता से आखिर फ़ायदा किसका हो रहा है।
  • चमन लाल
    भगत सिंह पर लिखी नई पुस्तक औपनिवेशिक भारत में बर्तानवी कानून के शासन को झूठा करार देती है 
    05 May 2022
    द एग्ज़िक्युशन ऑफ़ भगत सिंह: लीगल हेरेसीज़ ऑफ़ द राज में महान स्वतंत्रता सेनानी के झूठे मुकदमे का पर्दाफ़ाश किया गया है। 
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    गर्भपात प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट के लीक हुए ड्राफ़्ट से अमेरिका में आया भूचाल
    05 May 2022
    राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा कि अगर गर्भपात पर प्रतिबंध लगाने वाला फ़ैसला आता है, तो एक ही जेंडर में शादी करने जैसे दूसरे अधिकार भी ख़तरे में पड़ सकते हैं।
  • संदीपन तालुकदार
    अंकुश के बावजूद ओजोन-नष्ट करने वाले हाइड्रो क्लोरोफ्लोरोकार्बन की वायुमंडल में वृद्धि
    05 May 2022
    हाल के एक आकलन में कहा गया है कि 2017 और 2021 की अवधि के बीच हर साल एचसीएफसी-141बी का उत्सर्जन बढ़ा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License