NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
महाराष्ट्र और हरियाणा में 21 अक्टूबर को मतदान, 24 को मतगणना
दोनों राज्यों के साथ अलग-अलग राज्यों की 64 विधानसभा सीटों और बिहार की समस्तीपुर लोकसभा सीट पर उपचुनाव भी 21 अक्टूबर को होगा।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
21 Sep 2019
election commission
Image courtesy:Twitter

नयी दिल्ली: महाराष्ट्र और हरियाणा विधानसभा चुनाव की तारीख़ की घोषणा हो गई है। चुनाव आयोग ने शनिवार को घोषणा की कि महाराष्ट्र और हरियाणा में विधानसभा चुनाव एक ही चरण में 21 अक्टूबर को होंगे। इसके अलावा अलग-अलग राज्यों की 64 विधानसभा सीटों और बिहार की समस्तीपुर लोकसभा सीट पर उपचुनाव भी 21 अक्टूबर को होगा।

मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने एक संवाददाता सम्मेलन में बताया कि दोनों राज्यों महाराष्ट्र और हरियाणा में 21 अक्टूबर को वोट डाले जाएंगे जबकि वोटों की गिनती 24 अक्टूबर को होगी।

दोनों राज्यों में 27 सितंबर को अधिसूचना जारी की जाएगी। 4 अक्टूबर तक नामांकन किया जा सकता है और 7 अक्टूबर तक नामांकन वापस लिए जा सकते हैं।

महाराष्ट्र में 288 सदस्यों वाली विधानसभा का कार्यकाल नौ नवंबर को खत्म हो रहा है, जबकि 90 सदस्यों वाली हरियाणा विधानसभा का कार्यकाल दो नवंबर को खत्म होगा।

आपको बता दें कि कि झारखंड विधानसभा का कार्यकाल भी इसी साल दिसंबर में ख़त्म हो रहा है। संभावना थी कि तीनों राज्यों में एक साथ चुनाव कराए जाएंगे लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

इसके अलावा अलग-अलग राज्यों की 64 विधानसभा सीटों और बिहार की समस्तीपुर लोकसभा सीट पर उपचुनाव भी 21 अक्टूबर को कराने की घोषणा की गई है।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

Maharastra
Haryana
Assembly elections
election commission of India

Related Stories

हिसारः फसल के नुक़सान के मुआवज़े को लेकर किसानों का धरना

कभी सिख गुरुओं के लिए औज़ार बनाने वाला सिकलीगर समाज आज अपराधियों का जीवन जीने को मजबूर है

हरियाणा के मुख्यमंत्री ने चंडीगढ़ मामले पर विधानसभा में पेश किया प्रस्ताव

विभाजनकारी चंडीगढ़ मुद्दे का सच और केंद्र की विनाशकारी मंशा

2 सालों में 19 लाख ईवीएम गायब! कब जवाब देगा चुनाव आयोग?

महाराष्ट्र: फडणवीस के खिलाफ याचिकाएं दाखिल करने वाले वकील के आवास पर ईडी का छापा

हड़ताल के कारण हरियाणा में सार्वजनिक बस सेवा ठप, पंजाब में बैंक सेवाएं प्रभावित

सद्भाव बनाम ध्रुवीकरण : नेहरू और मोदी के चुनाव अभियान का फ़र्क़

तो क्या सिर्फ़ चुनावों तक ही थी ‘फ्री राशन’ की योजना? 

विज्ञापन में फ़ायदा पहुंचाने का एल्गोरिदम : फ़ेसबुक ने विपक्षियों की तुलना में "बीजेपी से लिए कम पैसे"  


बाकी खबरें

  • Goa
    न्यूज़क्लिक टीम
    गोवा चुनावः क्या है मछली बेचने वालों के मुद्दे और भाजपा का रिपोर्ट कार्ड?
    04 Feb 2022
    गोवा एक तटीय प्रदेश है। बड़ी आबादी मछली कारोबार से जुड़ी हैं। लेकिन बावजूद इसके इनके मुद्दे पूरी चुनाव चर्चा से गायब हैं। हमने मापसा की मछली मार्केट में कुछ मछली बेचने वालों के साथ बात की है कि उनके…
  • journalist bodies
    ऋत्विका मित्रा
    प्रेस की आजादी खतरे में है, 2021 में 6 पत्रकार मारे गए: रिपोर्ट 
    04 Feb 2022
    छह पत्रकारों में से कम से कम चार की कथित तौर पर उनकी पत्रकारिता से संबंधित कार्यों की वजह से हत्या कर दी गई थी। 
  • Modi
    नीलांजन मुखोपाध्याय
    उत्तर प्रदेश चुनाव: बिना अपवाद मोदी ने फिर चुनावी अभियान धार्मिक ध्रुवीकरण पर केंद्रित किया
    04 Feb 2022
    31 जनवरी को अपनी "आभासी रैली" में प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तर प्रदेश में पिछले समाजवादी पार्टी के "शासनकाल के डर का जिक्र" छेड़ा, जिसके ज़रिए कुछ जातियों और उपजातियों को मुस्लिमों के साथ मिलने से…
  • russia china
    एम. के. भद्रकुमार
    रुस-चीन साझेदारी क्यों प्रभावी है
    04 Feb 2022
    व्लादिमीर पुतिन और शी जिनपिंग के बीच शुक्रवार को होने वाली मुलाक़ात विश्व राजनीति के लिए बेहद महत्वपूर्ण होने जा रही है।
  •  Lucknow
    असद रिज़वी
    यूपी चुनाव: लखनऊ में इस बार आसान नहीं है भाजपा की राह...
    04 Feb 2022
    वैसे तो लखनऊ काफ़ी समय से भगवा पार्टी का गढ़ रहा है, लेकिन 2012 में सपा की लहर में उसको काफ़ी नुक़सान भी हुआ था। इस बार भी माना जा रहा है, भाजपा को कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ सकता है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License