NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
मोदी-2 में सबकुछ निजी कंपनियों के हाथ सौंपने की तैयारी : दीपंकर
पटना के भारतीय नृत्य कला मंदिर में भाकपा-माले का एकदिवसीय कार्यकर्ता कन्वेंशन हुआ जिसमें ‘एकजुट रहो-प्रतिरोध करो’ का नारा देते हुए सात सूत्रीय प्रस्ताव पास किया गया।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
05 Jul 2019
भाकपा-माले का कार्यकर्ता कन्वेंशन

पटना : भाकपा-माले के राज्य स्तरीय कार्यकर्ता कन्वेंशन को संबोधित करते हुए माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने कहा कि मोदी-2 शासन में सबकुछ निजी कंपनियों के हाथों सौंपने की तैयारी चल रही है। मुनाफे में चलने वाली कंपनियों को भी बेचा जा रहा है। रेलवे, बीएसएनएल आदि सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों के निगमीकरण/निजीकरण करने का हम पुरजोर विरोध करते हैं और इसके खिलाफ इन संस्थानों के कर्मचारियों के आंदोलन का स्वागत व समर्थन करते हैं।

गुरुवार, चार जुलाई को पटना के भारतीय नृत्य कला मंदिर में हुए इस कन्वेंशन में माले महासचिव ने कहा कि भाजपा-आरएसएस संपूर्ण लोकतंत्र का निषेध कर देना चाहते हैं। हमने चुनाव के दौरान भी देखा और चुनाव बाद भी देख रहे हैं कि किस प्रकार लोकतांत्रिक संस्थाओं का गला घोंटा जा रहा है। लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने झूठा प्रचार चलाके व जनता को गुमराह करके चुनाव जीता है। जनता के असली सवाल वहीं के वहीं हैं। 

65315604_363874044317269_5866860377840549888_n.jpg

दीपंकर भट्टाचार्य ने कहा कि ऐसे वक्त में जब भाजपा-आरएसएस का हमला बहुत ही तीखा है, कम्युनिस्ट होने के कारण भाजपा के खिलाफ सशक्त आंदोलन खड़ा करना हमारा दायित्व बनता है। हमने नारा दिया है - एकजुट रहो-मुकाबला करो।

उन्होंने कहा कि चुनाव जीतने के बाद बिहार में सामंती-सांप्रदायिक-मनुवादी ताकतों का मनोबल सर चढ़कर बोल रहा है। भोजपुर-बेगूसराय आदि इलाकों में दलितों, गरीबों और कम्युनिस्ट कार्यकर्ताओं व समर्थकों पर हमले व उनकी हत्या तक कर देने की घटनाओं को अंजाम दिया जा रहा है।

उन्होंने चिंता जताई कि देश भर में भाजपाई उन्मादी ताकतों द्वारा सुनियोजित तरीके से मॉब लिंचिंग की घटनाओं को अंजाम दिया जा रहा है। अल्पसंख्यक समुदाय पर एक बार फिर से हमला बोल दिया गया है। कठोर कानूनों के जरिए नागरिकों अधिकारों को खत्म करने की साजिश चल रही है।

माले महासचिव ने ज़ोर देकर कहा कि नीतीश शासन में महिलाओं के सशक्तीकरण की बात तो खूब की गई लेकिन पुलिस विभाग में भी महिलायें सुरक्षित नहीं है। वहां उनका जबरदस्त शोषण हो रहा है। आशा, आंगनबाड़ी, रसोइया के साथ-साथ आज हमें पुलिस को भी संगठित करने की जरूरत है। स्नेहा कांड इसका ज्वलंत उदाहरण है।

आज बिहार व देश में पेयजल का घोर संकट है लेकिन यह संकट देश के बड़े नेताओं, कॉरपोरेट घरानों के लिए नहीं बल्कि आम लोगों के लिए है। भोजन, राशन, शिक्षा की तरह मोदी सरकार पानी का भी निजीकरण कर देना चाहती है। 

हमें यह सवाल पूछना चाहिए कि यदि आयुष्मान भारत जैसी योजनायें हैं तो फिर बिहार में चमकी बुखार से बच्चे क्यों मर रहे हैं? लोग बीमार पड़े तो उसी समय उसका इलाज हो जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि जनता की वैचारिक-राजनीतिक चेतना को उन्नत करने की जरूरत है। लोगों के पास गलत प्रचार तेजी से पहुंचता है इसलिए हमें जनता के साथ और भी मजबूत व गहरा रिश्ता बनाने की आवश्यकता है।

कन्वेंशन की शुरुआत में सबसे पहले भाकपा-माले के राज्य सचिव कुणाल ने कन्वेंशन का विषय प्रवेश रखा। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के एक महीने के भीतर जो परिस्थितियां उभर कर सामने आई हैं, वे बेहद गंभीर है। कन्वेंशन को अखिल भारतीय खेत व ग्रामीण मजदूर सभा के राष्ट्रीय महासचिव धीरेन्द्र झा, अखिल भारतीय किसान महासभा के महासचिव राजाराम सिंह, विधायक महबूब आलम, भोजपुर जिला सचिव जवाहर लाल, अरवल जिला सचिव महानंद, ऐपवा की बिहार राज्य सचिव शशि यादव, सिवान से महिला नेता सोहिला गुप्ता आदि नेताओं ने संबोधित किया।

कन्वेंशन से पारित सात प्रस्ताव

1. भाजपाइयों द्वारा सुनियाजित हिंसा व मॉब लिंचिंग का प्रतिवाद करने और जहां कहीं ऐसी घटनाएं होती हैं वहां के पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों को दंडित किया जाए।

2. रेलवे, बीएसएएनएल व सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों के निगमीकरण/निजीकरण का विरोध किया जाएगा।

3. चमकी बुखार के जिम्मेवार स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय को बर्खास्तगी किया जाए।

4. बिहार को सूखाग्रस्त घोषित कर राहत कार्य चलाया जाए।

5. हर जगह सामंती-सांप्रदायिक ताकतों के हमले का जोरदार विरोध किया जाए।

6. महिलाओं का यौन उत्पीड़न और हमले रोके जाएं।

7. सम्मेलन में अरवल के माले नेता गणेश यादव व अन्य नेताओं को उम्र कैद होने पर कहा गया कि इन लोगों को झूठे मुकदमे में फंसाया गया है। इस मामले को आगे लेकर जाया जाएगा।

CPI(ML)
Bihar
ml convention
dipankar bhattacharya
Narendra Modi Government
nitish govt

Related Stories

बिहार: पांच लोगों की हत्या या आत्महत्या? क़र्ज़ में डूबा था परिवार

बिहार : जीएनएम छात्राएं हॉस्टल और पढ़ाई की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

झारखंड-बिहार : महंगाई के ख़िलाफ़ सभी वाम दलों ने शुरू किया अभियान

बिहारः नदी के कटाव के डर से मानसून से पहले ही घर तोड़कर भागने लगे गांव के लोग

मिड डे मिल रसोईया सिर्फ़ 1650 रुपये महीने में काम करने को मजबूर! 

बिहार : दृष्टिबाधित ग़रीब विधवा महिला का भी राशन कार्ड रद्द किया गया

बिहार : नीतीश सरकार के ‘बुलडोज़र राज’ के खिलाफ गरीबों ने खोला मोर्चा!   

बिहार : जन संघर्षों से जुड़े कलाकार राकेश दिवाकर की आकस्मिक मौत से सांस्कृतिक धारा को बड़ा झटका

बिहार पीयूसीएल: ‘मस्जिद के ऊपर भगवा झंडा फहराने के लिए हिंदुत्व की ताकतें ज़िम्मेदार’


बाकी खबरें

  • punjab
    रवि कौशल
    पंजाब चुनाव: पार्टियां दलित वोट तो चाहती हैं, लेकिन उनके मुद्दों पर चर्चा करने से बचती हैं
    12 Feb 2022
    दलित, राज्य की आबादी का 32 प्रतिशत है, जो जट्ट (25 प्रतिशत) आबादी से अधिक है। फिर भी, राजनीतिक दल उनके मुद्दों पर ठीक से चर्चा नहीं करते हैं क्योंकि वे आर्थिक रूप से कमज़ोर, सामाजिक रूप से उत्पीड़ित…
  • union budget
    बी. सिवरामन
    केंद्रीय बजट 2022-23 में पूंजीगत खर्च बढ़ाने के पीछे का सच
    12 Feb 2022
    क्या पूंजीगत खर्च बढ़ने से मांग और रोजगार में वृद्धि होती है?
  • Rana Ayyub
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    जनता के पैसे का इस्तेमाल ख़ुद के लिए नहीं किया : राना अय्यूब
    12 Feb 2022
    सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक बयान जारी करते हुए अय्यूब ने कहा कि उन्होंने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और आयकर विभाग के अधिकारियों को ‘‘स्पष्ट रूप से दिखाया’’ है कि ‘‘राहत अभियान के धन का कोई भी हिस्सा…
  • sc and yogi
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    सुप्रीम कोर्ट की यूपी सरकार को चेतावनी; सीएए विरोधी प्रदर्शनकारियों के ख़िलाफ़ वसूली नोटिस वापस लें या हम इसे रद्द कर देंगे
    12 Feb 2022
    शीर्ष अदालत ने कहा कि दिसंबर 2019 में शुरू की गई यह कार्यवाही उच्चतम न्यायालय द्वारा प्रतिपादित कानून के खिलाफ है और इसकी अनुमति नहीं दी जा सकती है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 50 हज़ार नए मामले सामने आए 
    12 Feb 2022
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 50,407 नए मामले सामने आए हैं। देश में कोरोना संक्रमण के मामलों की संख्या बढ़कर 4 करोड़ 25 लाख 86 हज़ार 544 हो गयी है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License