NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
मप्र बीजेपी में 'संघ' के कथित सर्वे से खलबली
राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर कराए गए सर्वे को लेकर संघ का कथित पत्र सोशल मीडिया पर शुक्रवार रात से वायरल हो रहा है। इस पत्र में कहा गया है कि राज्य में आगामी चुनाव में भाजपा की सत्ता में वापसी कठिन है।
आईएएनएस
24 Nov 2018
SHIVRAJ SINGH
Image Courtesy: jansatta

भोपाल| मध्य प्रदेश के विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के कथित सर्वे का एक पत्र सोशल मीडिया पर वायरल होने से सियासी तूफान खड़ा हो गया है। इस पत्र को लेकर कोई कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है।

राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर कराए गए सर्वे को लेकर संघ का कथित पत्र सोशल मीडिया पर शुक्रवार रात से वायरल हो रहा है। इस पत्र में कहा गया है कि राज्य में आगामी चुनाव में भाजपा की सत्ता में वापसी कठिन है। इस बार कांग्रेस सत्ता की तरफ बढ़ रही है। 

संघ के इस पत्र में क्षेत्रवार स्थिति का ब्योरा भी दिया गया है। इसमें कहा गया है कि राज्य के कई हिस्सों में भाजपा की स्थिति अच्छी नहीं है, टिकट वितरण को लेकर भी कई हिस्सों में असंतोष है। संघ के इस कथित पत्र को लेकर भाजपा और कांग्रेस कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है।

यह कथित पत्र संघ के लेटर पैड पर है, जो भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष राकेश सिंह को लिखा गया है। इसमें संघ के सर्वे एवं जनमत दल प्रमुख प्रमोद नामदेव के हस्ताक्षर भी हैं। इस पत्र पर अभी तक संघ की ओर से भी कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। 
 

Madhya Pradesh elections 2018
Assembly elections 2018
BJP-RSS
Shivraj Singh Chauhan
Congress

Related Stories

हार्दिक पटेल भाजपा में शामिल, कहा प्रधानमंत्री का छोटा सिपाही बनकर काम करूंगा

राज्यसभा सांसद बनने के लिए मीडिया टाइकून बन रहे हैं मोहरा!

ED के निशाने पर सोनिया-राहुल, राज्यसभा चुनावों से ऐन पहले क्यों!

ईडी ने कांग्रेस नेता सोनिया गांधी, राहुल गांधी को धन शोधन के मामले में तलब किया

राज्यसभा चुनाव: टिकट बंटवारे में दिग्गजों की ‘तपस्या’ ज़ाया, क़रीबियों पर विश्वास

मूसेवाला की हत्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, कांग्रेस ने इसे ‘राजनीतिक हत्या’ बताया

केरल उप-चुनाव: एलडीएफ़ की नज़र 100वीं सीट पर, यूडीएफ़ के लिए चुनौती 

कांग्रेस के चिंतन शिविर का क्या असर रहा? 3 मुख्य नेताओं ने छोड़ा पार्टी का साथ

‘आप’ के मंत्री को बर्ख़ास्त करने से पंजाब में मचा हड़कंप

15 राज्यों की 57 सीटों पर राज्यसभा चुनाव; कैसे चुने जाते हैं सांसद, यहां समझिए...


बाकी खबरें

  • उपेंद्र स्वामी
    दुनिया भर की: गर्मी व सूखे से मचेगा हाहाकार
    29 Apr 2022
    जलवायु परिवर्तन के कारण दुनिया के कई इलाके इस समय भीषण सूखे की चपेट में हैं। सूखे के कारण लोगों के पलायन में 200 फीसदी वृद्धि होने का अनुमान है।
  • भाषा
    दिल्ली दंगा : अदालत ने ख़ालिद की ज़मानत पर सुनवाई टाली, इमाम की याचिका पर पुलिस का रुख़ पूछा
    29 Apr 2022
    दिल्ली उच्च न्यायालय ने देशद्रोह के कानून की संवैधानिक वैधता पर उच्चतम न्यायालय के समक्ष आगामी सुनवाई के मद्देनजर सुनवाई टाल दी और इसी मामले में शरजील इमाम की जमानत अर्जी पर दिल्ली पुलिस का रुख पूछा।
  • विजय विनीत
    इफ़्तार को मुद्दा बनाने वाले बीएचयू को क्यों बनाना चाहते हैं सांप्रदायिकता की फैक्ट्री?
    29 Apr 2022
    "बवाल उस समय नहीं मचा जब बीएचयू के कुलपति ने परिसर स्थित विश्वनाथ मंदिर में दर्शन-पूजन और अनुष्ठान किया। उस समय उन पर हिन्दूवाद के आरोप चस्पा नहीं हुए। आज वो सामाजिक समरसता के लिए आयोजित इफ़्तार…
  • अब्दुल अलीम जाफ़री
    उत्तर प्रदेश: बुद्धिजीवियों का आरोप राज्य में धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर हटाने का फ़ैसला मुसलमानों पर हमला है
    29 Apr 2022
    राजनीतिक पर्यवेक्षकों का कहना है कि भाजपा के नेतृत्व वाली सरकारों द्वारा धार्मिक उत्सवों का राजनीतिकरण देश के सामाजिक ताने-बाने को छिन्न-भिन्न कर देगा।
  • कुमुदिनी पति
    नई शिक्षा नीति से सधेगा काॅरपोरेट हित
    29 Apr 2022
    दरअसल शिक्षा के क्षेत्र में जिस तरह से सरकार द्वारा बिना संसद में बहस कराए ताबड़तोड़ काॅरपोरेटाइज़ेशन और निजीकरण किया जा रहा है, उससे पूरे शैक्षणिक जगत में असंतोष व्याप्त है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License