NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव: CPI(M) के दो कार्यकर्ताओं को जिंदा जलाया गया , दिन भर में 12 लोगों की मौत
पश्चिम बंगाल में पंचायत चुनाव शुरू होने के दिन आज प्रदेश भर से लगातार हिंसा की खबरें आ रही है I बताया जा रहा है कि अब तक इस हिंसा में 12 लोगों की मौत हुई है I
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
14 May 2018
panchayat elections

पश्चिम बंगाल में पंचायत चुनाव शुरू होने के दिन आज प्रदेश भर से लगातार हिंसा की खबरें आ रही है I बताया जा रहा है कि अब तक इस हिंसा में 12 लोगों की मौत हुई है I इस हिंसा के दौर के बीच बंगाल के 24 दक्षिण परगना में CPI(M) के दो कार्यकताओं को निर्ममता से जिंदा जलाये जाने की खबर आ रही है I रिपोर्टों के मुताबिक ये दोनों कार्यकर्ता पति-पत्नी थे और दिन भर पंचायत चुनावों के लिए पार्टी का प्रचार करने के बाद रात को अपने झोपड़े में सो रहे थे , जब उनके घर को आग लगायी गयी I महिला का नाम उषारानी दास है और उनके पति का नाम देबू दास बताया जा रहा है I आरोप ये है कि ये आग तृणमूल कांग्रेस से जुड़े लोगों द्वारा लगाई गयी है I पुलिस के मुताबिक रात 1 बजे उनके घर पर आग लगाई गयी और सुबह उनकी जली हुई लाश मिली I

CPI(M) के दो कार्यकर्ताओं को जलाये जाने की घटना के बाद पार्टी ने चुनाव आयोग को एक चिट्ठी लिखी है I

इस चिठ्ठी में CPI(M) 24 दक्षिण परगना के सचिव समिक लहीरी ने लिखा है कि कल सुबह TMC के स्थानीय उम्मीदवार अमित मंडल और उनके साथियों ने देबू और उनकी पत्नी को धमकाया था I जब ये दोनों कार्यकर्ता धमकियों से नहीं डरे तो उन्हें इस तरह निर्ममता से   मौत के घाट उतार दिया गया I चिट्ठी में आगे कहा गया है कि चुनाव आयोग, चुनावों के दौरान लगातार हो रही हिंसा में मूक दर्शन बना रहा I इसमें सवाल किया गया है कि चुनाव आयोग कितने लोगों की मौतों का इंतज़ार है ये समझने के लिए कि पश्चिम बंगाल में कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो गई है I CPI(M) इसके खिलाफ दोपहर 3 बजे से प्रदर्शन कर रही है I

गौरतलब है कि इस घटना से दो दिन पहले ही CPI(M) के एक और कार्यकर्त्ता हफीज़ुल मोल्ला की तथाकथित तृणमूल कांग्रेस के गुंडों द्वारा हत्या कर दी गयी थी I

सुबह से आ रही खबरों के हिसाब से अब तक राज्य भर में कम से कम 12 लोगों के मरने की खबर आ रही है और बताया जा रहा है कि 5 पत्रकार भी इस हिंसा में घायल हुए हैं I ख़बरों के मुताबिक कई जगहों पर मत पेटियों में आग लगाई गयी, कई जगह मत पेटियों में पानी डाल दिया गया और कई जगह पुलिस की मौजूदगी में पोल बूथ पर कब्ज़ा कर लिया गया I इसके साथ ही उत्तर 24 परगना में तथाकथित तौर पर TMC के गुंडों ने बीजेपी के एक कार्यकर्ता पर चाकू के हमला किया I

24 दक्षिण परगना से 2 और लोगों की मरने और 13 लोगों के घायल होने की खबर आ रही है I ये तब हुआ जब इस इलाके में TMC और Jibika Poribesh O Bastutantra Andolan Committee (JJPOBC) के कार्यकर्ताओं के बीच में झड़प हुई I रिपोर्टों के अनुसार इसी इलाके में TMC के गुंडों ने 102 पोलिंग बूथों पर कब्ज़ा भी कर लिया है I

इन घटनाओं पर चुनाव आयोग ने कहा  ''मतदान शुरू होने के तीन घंटे से भी कम समय में राज्य निर्वाचन आयोग को कई जिलों से हिंसा की शिकायतें मिलने लगी. आयोग ने पुलिस को कार्रवाई करने के लिए कहा है. उत्तर 24 परगना, बर्द्धवान, कूचबिहार और दक्षिण 24 परगना जिलों से हिंसा की रिपोर्टें मिली हैं.''

हमें याद रखना होगा कि जबसे इन पंचायत चुनावों की घोषणा हुई तबसे ही लगातार विपक्षी पार्टियों के कार्यकर्ताओं पर हमले हो रहे हैं और उन्हें नामांकन भी दायर करने नहीं दिया जा रहा I 5 अप्रैल को CPI(M) के केंद्रीय समिति के सदस्य रामचन्द्र डोम पर TMC के गुंडों द्वारा तब हमला किया गया जब वह अपना नामांकन दायर करने जा रहे हैं I इसके बाद उनके सर में बहुत गहरी चोट आयी थी I

इसी तरह पूरे बंगाल में 200 से ज़्यादा विपक्षी राजनीतिक कार्यकर्ताओं को घायल किया गया और 6 लोगों को क़त्ल कर दिया गया था I इसके आलावा अप्रैल में 70 से ज़्यादा पत्रकारों पर हमले हुए, इन हमलों के ज़्यादातर आरोपी सत्ताधारी TMC से जुड़े हुए हैं I

उम्मीवारों द्वारा नामांकन दायर न किये जाने की वजह से TMC 34% सीटों पर यूँही जीत गयी I चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार 48650 ग्राम पंचायत की सीटों में से TMC पहले ही 16814 सीटों पर निरविरोध ही जीत गयी I

यही वजह थी कि सभी विपक्षी पार्टियों के द्वारा हाईकोर्ट में की गयी अपील पर कोर्ट ने नामांकन की तारिख को 9 अप्रैल से आगे बढाया था I इसके बाद 8 मई को एक एतिहासिक निर्णय में कोलकत्ता हाई कोर्ट ने को ई-मेल के ज़रिये नामांकन दयार करने को वैध माना था, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने उसपर रोक लगा दी थी I

आज चुनावों के दौरान लगातार हो रही हिंसा की घटनाओं से बंगाल में सुरक्षा व्यवस्था और वहाँ मौजूद लोकतान्त्रिक प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं I

CPIM
West Bengal
पश्चिम बंगाल
पंचायत चुनाव

Related Stories

राज्यपाल की जगह ममता होंगी राज्य संचालित विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति, पश्चिम बंगाल कैबिनेट ने पारित किया प्रस्ताव

त्रिपुरा: सीपीआई(एम) उपचुनाव की तैयारियों में लगी, भाजपा को विश्वास सीएम बदलने से नहीं होगा नुकसान

प. बंगाल : अब राज्यपाल नहीं मुख्यमंत्री होंगे विश्वविद्यालयों के कुलपति

पश्चिम बंगालः वेतन वृद्धि की मांग को लेकर चाय बागान के कर्मचारी-श्रमिक तीन दिन करेंगे हड़ताल

आशा कार्यकर्ताओं को मिला 'ग्लोबल हेल्थ लीडर्स अवार्ड’  लेकिन उचित वेतन कब मिलेगा?

श्रृंगार गौरी के दर्शन-पूजन मामले को सुनियोजित रूप से ज्ञानवापी मस्जिद-मंदिर के विवाद में बदला गयाः सीपीएम

झारखंड : हेमंत सरकार को गिराने की कोशिशों के ख़िलाफ़ वाम दलों ने BJP को दी चेतावनी

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

मछली पालन करने वालों के सामने पश्चिम बंगाल में आजीविका छिनने का डर - AIFFWF

शाहीन बाग़ : देखने हम भी गए थे प तमाशा न हुआ!


बाकी खबरें

  • srilanka
    न्यूज़क्लिक टीम
    श्रीलंका: निर्णायक मोड़ पर पहुंचा बर्बादी और तानाशाही से निजात पाने का संघर्ष
    10 May 2022
    पड़ताल दुनिया भर की में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने श्रीलंका में तानाशाह राजपक्षे सरकार के ख़िलाफ़ चल रहे आंदोलन पर बात की श्रीलंका के मानवाधिकार कार्यकर्ता डॉ. शिवाप्रगासम और न्यूज़क्लिक के प्रधान…
  • सत्यम् तिवारी
    रुड़की : दंगा पीड़ित मुस्लिम परिवार ने घर के बाहर लिखा 'यह मकान बिकाऊ है', पुलिस-प्रशासन ने मिटाया
    10 May 2022
    गाँव के बाहरी हिस्से में रहने वाले इसी मुस्लिम परिवार के घर हनुमान जयंती पर भड़की हिंसा में आगज़नी हुई थी। परिवार का कहना है कि हिन्दू पक्ष के लोग घर से सामने से निकलते हुए 'जय श्री राम' के नारे लगाते…
  • असद रिज़वी
    लखनऊ विश्वविद्यालय में एबीवीपी का हंगामा: प्रोफ़ेसर और दलित चिंतक रविकांत चंदन का घेराव, धमकी
    10 May 2022
    एक निजी वेब पोर्टल पर काशी विश्वनाथ मंदिर को लेकर की गई एक टिप्पणी के विरोध में एबीवीपी ने मंगलवार को प्रोफ़ेसर रविकांत के ख़िलाफ़ मोर्चा खोल दिया। उन्हें विश्वविद्यालय परिसर में घेर लिया और…
  • अजय कुमार
    मज़बूत नेता के राज में डॉलर के मुक़ाबले रुपया अब तक के इतिहास में सबसे कमज़ोर
    10 May 2022
    साल 2013 में डॉलर के मुक़ाबले रूपये गिरकर 68 रूपये प्रति डॉलर हो गया था। भाजपा की तरफ से बयान आया कि डॉलर के मुक़ाबले रुपया तभी मज़बूत होगा जब देश में मज़बूत नेता आएगा।
  • अनीस ज़रगर
    श्रीनगर के बाहरी इलाक़ों में शराब की दुकान खुलने का व्यापक विरोध
    10 May 2022
    राजनीतिक पार्टियों ने इस क़दम को “पर्यटन की आड़ में" और "नुकसान पहुँचाने वाला" क़दम बताया है। इसे बंद करने की मांग की जा रही है क्योंकि दुकान ऐसे इलाक़े में जहाँ पर्यटन की कोई जगह नहीं है बल्कि एक स्कूल…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License