NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
फिल्म सिटी में हिन्दू सेना ने धार्मिक उन्माद फैलाने वाले पोस्टर लगाए
‘‘हिन्दू- मोदी को सड़क, पेट्रौल, प्याज, टमाटर के लिए वोट नहीं देता। हिंदू स्वयं को व अपनी नस्ल को बचाने के लिए वोट देता है।”
शारिब अहमद खान
21 Jul 2018
anti muslim posters in noida

कल रात जब देश की संसद में तर्क-वितर्क या यूँ कह लें कि सरकार द्वारा जनता को मूर्ख बनाया जा रहा था, तब देश के किसी दूर-दराज़ के कोने में नहीं बल्कि देश की राजधानी के समीप नोएडा फिल्म सिटी में देश को धर्म के आधार पर बाँटने की साजीश हो रही थी। नोएडा फिल्म सिटी जिसे लोकतंत्र के चौथे खंभे का केंद्र या मीडिया का हब कहा जाता हैI उसी मीडिया के गढ़ में सवैंधानिक मूल्यों को तार-तार करते पोस्टर लग जाना और इस पर मीडिया का चुप रहना सोच का विषय है।

दरअसल, बीती रात नोएडा फिल्म सिटी में हिंदू सेना के लोगों की तरफ से कई सारे पोस्टर लगाए गए और पोर्स्टस में मुस्लिम समुदाय के खिलाफ घृणा फैलाने वाले वाक्य लिखे हुए थे। साथ ही पोस्टर लगाने वाली संस्था व एक व्यक्ति का नाम और नम्बर भी लिखा हुआ था।

anti muslim posters in noida 2.jpg

पोस्टर्स पर वाक्य कुछ इस तरह के लिखे हुए थे जैसे ‘‘असीम वकार का बयान- मुस्लिम गुजरात को नहीं भूल सकता। तो भाई हिन्दू क्यों भूलें कि 10 करोड़ हिन्दुओं का नरसंहार मुस्लिम शासकों ने किया।”,  “इस्लाम में शादी नहीं अनुबंध होता है”, ‘‘हिन्दू- मोदी को सड़क, पेट्रोल, प्याज, टमाटर के लिए वोट नहीं देता। हिंदू स्वयं को व अपनी नस्ल को बचाने के लिए वोट देता है।” इस तरह के ब्यान से लबरेज़ तक़रीबन 50 से भी अधिक पोस्टर डीएनडी रोड से लेकर पूरी फिल्म सिटी में लगाया गया था। इन पोस्टर्स पर लगाने वाले का नाम सुरजीत यादव व उसका तथा संस्था का नाम हिन्दू सेना लिखा हुआ था।

जिस इलाके में पुलिस चौकी मौजूद है और जहाँ 24 घंटे पुलिस वालों का आना-जाना यानी पेट्रोलिंग होती रहती है, वहाँ इस तरह की घटना होना अपने आप में आश्चर्य की बात है। कानून और संविधान की धज्जियाँ उड़ाने वाले व्यक्तियों ने पुलिस वालों की नाक के नीचे पोस्टर लगा लिया और पोस्टर लगाने वालों ने प्रशासन के डर से बिल्कुल बेफिक्र होकर पोस्टर पर अपना नाम व संस्था का भी नाम लिखा।

Swami-Agnivesh (Jansatta).jpg

स्वामी अग्निवेश पर पिछले दिनों हमला होना, देश के मुसलमानों की गौ-कशी के आरोप में हत्याएँ होना, पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या कर देना। इन सब घटनाओं के आरोपों में सम्मिलित व्यक्ति कहीं न कहीं से वर्तमान में सत्ता पर काबिज भारतीय जनता पार्टी या उस पार्टी की विचाधारा से संबधित व्यक्ति ही होते हैं। तो क्या मीडिया के हब में यह पोस्टर लगा कर यह सूचना पहुँचायी जा रही हैं कि आने वाला 2019 का लोकसभा चुनाव भी ध्रुवीकरण के बल पर ही लड़ा जाएगा। 2019 के चुनाव में भी विकास मुद्दा न होकर हिंदू-मुस्लमान ही होगा।

Hindu Sena Youtube Screenshot .png

गूगल पर ख़ोज करने पर पाया कि हिन्दू सेना के संस्थापक विष्णु यादव हैंI विष्णु यादव पर केरल विधानसभा में गाय के माँस की अफवाह फैलाने के अलावा और भी कई आरोप लगे हैं और प्रशासन ने यादव को कई बार गिरफ्तार भी किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार हिन्दू सेना पदमावत विवाद, फिल्म पीके विवाद, प्रियंका चौपड़ा को अपमानित करने व इसके अलावा और भी सांपद्रायिक उन्माद फैलाने वाले घटना क्रमों में शामिल रही है।

ज्ञात हो कि कुछ समय पहले रवीश कुमार को व्हाटसएप ग्रुप ‘ऊं धर्म रक्षति रक्षितः’  पर धमकी दी थी और कहा था कि ‘मुझे दुख है कि तू जीवित है’। झूठी खबरों को उजागर करने वाली वेबसाईट ऑल्ट न्यूज़ ने जब तहकीकात की तो पाया की यह मैसेज किसी नीरज दबे ने किया था और पड़ताल की तो पता चला कि नीरज दबे एक एक्सपोर्ट कम्पनी का प्रबन्ध निदेशक है और भारतीय जनता पार्टी के तमाम बड़े नेताओं के साथ सम्बन्ध हैं। नोएडा फिल्म सिटी में लगाए गए पोस्टर्स पर भी ‘ऊं धर्म रक्षति रक्षितः’  लिखा हुआ है।

पोस्टर्स पर जिस सुरजीत यादव का नाम लिखा हुआ है वह अपने आप को हिन्दू सेना का प्रवक्ता व मुसलमान विरोधी बताता है। उसकी 100 से भी अधिक वीडियो यूट्यूब पर हिंदू सेना नाम के चैनल पर मौजूद हैं और तक़रीबन सभी वीडियो में हिन्दूओं और मुसलमानों के बीच उन्माद फैलाने, आपस में लड़ाने आदि की बातें करता है।

देश के असल मुद्दों पर आवाज़ उठाने वाली जनता अब न जाने किस ओर मुड़ रही है? आज जब फिल्म सिटी नोएडा में पुलिस आकर पोस्टर्स को हटाने लगी तो वहाँ मौजूद कुछ लोग यह कहने लगे कि इन्हें क्यों हटाया जा रहा है, इनमें क्या गलत लिखा हुआ है? दरअसल, सवाल न केवल सत्ता में बैठे हुए लोगो से है कि वह क्या कर रहे हैं सवाल इन लोगों से भी है कि क्या हिन्दू-मुस्लिम करने से देश का विकास हो जाएगा?

हिंदुस्तान आखिर किस ओर जा रहा है? आखिर वह कौन लोग हैं जिन्हें धर्म के नाम पर उन्माद फैलाने की खुली छूट है? कौन लोग हैं जो देश के संविधान को बार-बार अपमानित करते रहते हैं और सरकार या प्रशासन कार्यवाही के नाम पर अमूमन आँख मूँद कर बैठी रहती है? आखिर इन लोगों के पास यह हिम्मत आती कहाँ से है? सवाल यह भी है कि ऐसी मानसिकता कहाँ से आती है?

Jayant Sinha.jpg

अब यह बात किसी से छिपी नहीं है कि देश को हिन्दू-मुस्लिम के बाँटने में किसका हाथ है या ऐसा करने वालों को कौन सी पार्टी का शय मिलता है। जब अपराधियों पर कार्यवाही होने की बजाए देश के केंद्रीय मंत्री उन्हें माला पहना कर आदर-सत्कार करेंगें तो ऐसी घटना होना आम बात हैI जब तक अपराधियों को सज़ा दिलवाने की बजाए आदर सत्कार होते रहेंगें तब तक हम लोग भारतीय लोकतंत्र में इस तरह के उन्माद की खबरे न केवल देखते व सुनते रहेंगें बल्कि इसके भुक्तभोगी भी बनते रहेंगें।

anti-muslim propaganda
hindu sena
BJP

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • भाषा
    ब्रिटेन के प्रधानमंत्री इस महीने के अंत में भारत आ सकते हैं
    05 Apr 2022
    जॉनसन की भारत यात्रा 22 अप्रैल के आसपास हो सकती है। पिछले साल कोविड-19 महामारी के कारण दो बार ब्रिटेन के प्रधानमंत्री को भारत का दौरा रद्द करना पड़ा था। 
  • भाषा
    आगे रास्ता और भी चुनौतीपूर्ण, कांग्रेस का फिर से मज़बूत होना लोकतंत्र के लिए ज़रूरी: सोनिया गांधी
    05 Apr 2022
    ‘‘हम भाजपा को, सदियों से हमारे विविधतापूर्ण समाज को एकजुट रखने और समृद्ध करने वाले सौहार्द व सद्भाव के रिश्ते को नुकसान नहीं पहुंचाने देंगे।’’
  • भाषा
    'साइबर दूल्हो' से रहें सावधान, साइबर अपराध का शिकार होने पर 1930 पर करें फोन
    05 Apr 2022
    अगर आप अपने परिवार के किसी सदस्य की शादी के लिए ऑनलाइन या ऑफलाइन विज्ञापन देख रहे हैं, तो थोड़ा होशियार हो जाएं। साइबर ठग अब शादी के नाम पर भी ठगी करने में जुट गए हैं। देश के महानगरों मे अब तक इस तरह…
  • मीनुका मैथ्यू
    श्रीलंकाई संकट : राजनीति, नीतियों और समस्याओं की अराजकता
    05 Apr 2022
    वित्तीय संस्थानों के कई हस्तक्षेपों के बावजूद श्रीलंकाई सरकार अर्थव्यवस्था की व्यवस्थित गिरावट को दूर करने में विफल रही है।
  • इंद्रजीत सिंह
    विभाजनकारी चंडीगढ़ मुद्दे का सच और केंद्र की विनाशकारी मंशा
    05 Apr 2022
    इस बात को समझ लेना ज़रूरी है कि चंडीगढ़ मुद्दे को उठाने में केंद्र के इस अंतर्निहित गेम प्लान का मक़सद पंजाब और हरियाणा के किसानों की अभूतपूर्व एकता को तोड़ना है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License