NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
संस्कृति
सोशल मीडिया
भारत
राजनीति
रैपर हार्ड कौर के ख़िलाफ़ राजद्रोह का मुक़दमा दर्ज
रैपर और सिंगर हार्ड कौर सोशल मीडिया पर योगी आदित्यनाथ और मोहन भागवत के बारे में आपत्तीजनक पोस्ट की वजह से हार्ड कौर पर राजद्रोह का मामला दर्ज किया गया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
20 Jun 2019
रैपर हार्ड कौर के ख़िलाफ़ राजद्रोह का मुक़दमा दर्ज

ब्रिटेन में रहने वाली रैपर तरन कौर ढिल्लों उर्फ हार्ड कौर के खिलाफ सोशल मीडिया पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत पर आपत्तिजनक पोस्ट करने के आरोप में राजद्रोह का मामला दर्ज किया गया है।

ढिल्लों भारत में पैदा हुई थीं।  जिसके बाद वे यूके चली गईं. सिंगर हार्ड कौर 'ग्लासी' और 'मूव यॉर बॉडी' गानों से बॉलीवुड में फेमस हुई थी।  हार्ड कौर ने 'सिंह इज किंग' , 'बचना ए हसीनों' , 'किस्मत कनेक्शन' जैसी फिल्मों में भी सुपरहिट सॉन्ग गाए हैं। इसके अलाव वो अपने सोशल मिडिया एकाउंट से संप्रदायिकता और रेप जैसी घटनाओ को लेकर भी खुलकर बोलती रही है। 

कैंट थाने के प्रभारी (एसएचओ) विजय प्रताप सिंह ने बृहस्पतिवार को बताया कि स्थानीय वकील शशांक शेखर ने बुधवार को इस संबंध में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी।

उन्होंने बताया कि पुलिस ने कौर के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 124ए (राजद्रोह), 153ए (धर्म के आधार पर दो समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना) और आईटी अधिनियम की धारा 66 के तहत मामला दर्ज किया है। इसके आलावा 500, 505 और 66 आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है.सिंह ने बताया कि शिकायत को आगे की जांच के लिए साइबर प्रकोष्ठ को भेजा जाएगा।

हार्ड कौर के खिलाफ वाराणसी के वकील शशांक शेखर ने एफआईआर दर्ज करवाई हैं। जो आरएसएस के सदस्य है।  कथित तौर पर कौर के फेसबुक और इंस्टाग्राम पेज पर आदित्यनाथ को ‘रेपमैन’ और हेमंत करकरे की मौत के लिए आरएसएस को जिम्मेदार ठहराते हुए पोस्ट लिखा गया है।  ये वही  करकरे है जो  26/11 के मुंबई हमलों के दौरान आतंकवादियों से लड़ते हुए शहीद हुए थे। जिसके बारे में चुनाव के दौरन प्रज्ञा ने उनको लेकर एक विवादित टिप्पणी की थी जिसमे उन्होंने कहा था करकरे उनके श्राप से मरे है। 

इससे पहले भी अपने एक वीडियो में उन्होंने भारत के नागरिकों से एक अपील की थी कि आप संविधान पढ़ें ताकि अपने अधिकारों के बारे में जागरूक हो सकें। 

ये कोई पहला मौका नहीं जब किसी के खिलाफ केबल इसलिए राजद्रोह का मुकदमा दर्ज हुआ हो क्योंकि उसने योगी आदित्यनाथ के खिलाफ  कुछ लिखा हो अभी कुछ दिनों पहले दिल्ली में एक स्वतंत्र पत्रकार प्रशांत कनौजिया को भी ऐसे ही मामले में गिरफ़्तार किया गया था लेकिन उन्हें जल्द ही सुप्रीम कोर्ट ने जामनत पर रिहा कर दिया था।  और ऐसा ही योगी के मुख्यमंत्री बनने के बाद कई  तरह के मुकदमो में  गिरफ़्तार किया गया है। 

(भाषा के इनपुट के साथ )

HARD KAUR
sedition CASE
Yogi Adityanath
UP
UK
India
RSS
hemant karkare
Sedition Case Against Rapper Hard Kaur

Related Stories

‘लव जिहाद’ और मुग़ल: इतिहास और दुष्प्रचार

क्यों आदित्यनाथ और खट्टर को नौजवान महिलाओं को लेक्चर नहीं देना चाहिये?

हल्ला बोल! सफ़दर ज़िन्दा है।

मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में आदिवासियों पर सांस्कृतिक और धार्मिक मान्यताएं थोपी जा रही हैं

आख़िर भारतीय संस्कृति क्या है?

निक्करधारी आरएसएस और भारतीय संस्कृति

#metoo : जिन पर इल्ज़ाम लगे वो मर्द अब क्या कर रहे हैं?

अविनाश पाटिल के साथ धर्म, अंधविश्वास और सनातन संस्था पर बातचीत

चावड़ी बाजार : सुलगाने के मंसूबे नाकाम, पर तपिश कायम

"न्यू इंडिया" गाँधी का होगा या गोडसे का?


बाकी खबरें

  • देश के लिए लड़े लाहौरी, पर मोदी सरकार नहीं देती सम्मान
    न्यूज़क्लिक टीम
    देश के लिए लड़े लाहौरी, पर मोदी सरकार नहीं देती सम्मान
    06 Sep 2021
    स्पेशल रिपोर्ट में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने दूसरे विश्व युद्ध में अंग्रेजों की तरफ से लड़े, शहीद हुए लाहौरी राम को युद्ध शहीद का दर्जा दिलाने के लिए वर्षों से सरकारी दफ्तरों की ठोकरें खा रहे…
  • पेज भर विज्ञापन, मैदान भर किसान, विपक्ष निहाल, सरकार परेशान
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    पेज भर विज्ञापन, मैदान भर किसान, विपक्ष निहाल, सरकार परेशान
    06 Sep 2021
    किसानों की महापंचायत मौजूदा सरकार के लिए सबसे बड़ी चुनौती है और उसे पेज भर के विज्ञापनों, पेज भर की खबरों से ख़ारिज करने की कोशिश हो रही है। लेकिन उन दस लाख किसानों का क्या करेंगे जो हर तरह की गर्मी…
  • ‘UN खाद्यान्न सुरक्षा सम्मेलन’ के बहिष्कार की अपील, भारतीय संगठनों ने आयोजित की चर्चा
    दित्सा भट्टाचार्य
    ‘UN खाद्यान्न सुरक्षा सम्मेलन’ के बहिष्कार की अपील, भारतीय संगठनों ने आयोजित की चर्चा
    06 Sep 2021
    नागरिक समाज संगठनों का कहना है कि सम्मेलन को सिर्फ़ कुछ तकनीकी समाधानों तक सीमित कर दिया गया है, जो मानवाधिकारों की परवाह नहीं करते।
  • जेंडर आधारित भेदभाव और हिन्दू उत्तराधिकार अधिनियम
    विवेक गुप्ता
    जेंडर आधारित भेदभाव और हिन्दू उत्तराधिकार अधिनियम
    06 Sep 2021
    उच्च न्यायालय की एकल पीठ ने हिन्दू उत्तराधिकार अधिनियम की वैधानिकता की जांच-परख के लिए इसे बड़ी पीठ को सौंप दिया है। अंततोगत्वा, इसका गठन किया जा रहा है। 
  • वर्तमान परिप्रेक्ष्य में शिक्षा, शिक्षकपर्व और नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति
    राज वाल्मीकि
    वर्तमान परिप्रेक्ष्य में शिक्षा, शिक्षकपर्व और नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति
    06 Sep 2021
    पर्व मनाना अलग है और अच्छी शिक्षा सभी बच्चों तक पहुंचे और शिक्षकों को समय पर वेतन और सेवा-निवृति के बाद समय से पेंशन और ग्रेच्युटी मिले यह अलग बात है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License