NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता निर्देशक प्रियनंदन पर हमला
हमले की निंदा करते हुए मुख्यमंत्री पिनरई विजयन ने कहा कि ऐसे हमलों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा क्योंकि यह अभिव्यक्ति की आजादी पर सीधा हमला है।
आईएएनएस
25 Jan 2019
director priyanandanan
Image Courtesy: Wikipedia

त्रिशूर : राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता निर्देशक प्रियनंदन पर आज, शुक्रवार को संदिग्ध दक्षिणपंथी कार्यकर्ताओं ने हमला किया। उन पर यह हमला सबरीमाला मुद्दे पर सोशल मीडिया पर उनकी पोस्ट के बाद हुआ है। 

नाम उजागर नहीं करने की शर्त पर चेरपु पुलिस स्टेशन के एक पुलिस अधिकारी ने आईएएनएस से इस घटना की पुष्टि की है, जो प्रियनंदन के घर के पास हुई। 

अधिकारी ने कहा, "उनकी पिटाई की गई और उन पर गोबर मिला पानी फेंका गया। जांच जारी है।"

प्रियनंदन ने कहा, "ऐसा मालूम पड़ता है कि है कि वह व्यक्ति (हमलावर) मेरा इंतजार कर रहा था। वह मेरे पीछे आया, मुझे मारा, गोबर वाला पानी डाल दिया। यह सब सुबह नौ बजे के आसपास हुआ।" 

उन्होंने कहा, "आमतौर पर मैं इस विशेष मार्ग पर रोजाना सुबह सात बजे के आसपास टहलता हूं, लेकिन आज मुझे देरी हो गई। यह एक-आदमी का हमला नहीं है, इसके पीछे अन्य लोग हैं।"

53 वर्षीय निर्देशक, जिनकी दूसरी फिल्म 'पुलिजन्म' को 2006 में सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला था, उनका मानना है कि यह हमला सबरीमाला पर उनके हालिया सोशल मीडिया पोस्ट के चलते हुआ, जहां सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद संघ परिवार ने जबरदस्त विरोध प्रदर्शन किया था। 

बाद में उन्होंने संघ परिवार वालों के खिलाफ सोशल मीडिया पर विरोध के बाद अपनी पोस्ट डिलिट कर दी। 

हमले की निंदा करते हुए मुख्यमंत्री पिनरई विजयन ने कहा कि ऐसे हमलों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा क्योंकि यह अभिव्यक्ति की आजादी पर सीधा हमला है। 

विजयन ने कहा, "यह नापाक कृत्य सिर्फ इसलिए हुआ क्योंकि उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी बात रखी थी। पोस्ट आने के तुरंत बाद उनकी आलोचना होने लगी। यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और उचित कार्रवाई की जाएगी।"

director priyanandanan
national award winning director priyanandanan
Kerala
sabrimala temple issue
RSS
Hindutva

Related Stories

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

डिजीपब पत्रकार और फ़ैक्ट चेकर ज़ुबैर के साथ आया, यूपी पुलिस की FIR की निंदा

कटाक्ष:  …गोडसे जी का नंबर कब आएगा!

ओटीटी से जगी थी आशा, लेकिन यह छोटे फिल्मकारों की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा: गिरीश कसारावल्ली

ज्ञानवापी कांड एडीएम जबलपुर की याद क्यों दिलाता है

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा

मनोज मुंतशिर ने फिर उगला मुसलमानों के ख़िलाफ़ ज़हर, ट्विटर पर पोस्ट किया 'भाषण'

क्या ज्ञानवापी के बाद ख़त्म हो जाएगा मंदिर-मस्जिद का विवाद?

बीमार लालू फिर निशाने पर क्यों, दो दलित प्रोफेसरों पर हिन्दुत्व का कोप


बाकी खबरें

  • leather industry
    न्यूज़क्लिक टीम
    बंद होने की कगार पर खड़ा ताज नगरी का चमड़ा उद्योग
    10 Feb 2022
    आगरा का मशहूर चमड़ा उद्योग और उससे जुड़े कारीगर परेशान है। इनका कहना है कि सरकार इनकी तरफ ध्यान नही दे रही जिसकी वजह से पॉलिसी दर पॉलिसी इन्हें नुकसान पे नुक्सान हो रहा है।
  • Lakhimpur case
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर कांड: मुख्य आरोपी और केंद्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा को मिली ज़मानत
    10 Feb 2022
    केंद्रीय मंत्री के बेटे की ओर से पेश वकील ने अदालत से कहा था कि उनका मुवक्किल निर्दोष है और उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं है कि उसने किसानों को कुचलने के लिए घटना में शामिल वाहन के चालक को उकसाया था।
  • uttarakhand
    मुकुंद झा
    उत्तराखंड चुनाव : टिहरी बांध से प्रभावित गांव आज भी कर रहे हैं न्याय की प्रतीक्षा!
    10 Feb 2022
    उत्तराखंड के टिहरी ज़िले में बने टिहरी बांध के लिए ज़मीन देने वाले ग्रामीण आज भी बदले में ज़मीन मिलने की आस लगाए बैठे हैं लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है।
  •  Bangladesh
    पीपल्स डिस्पैच
    बांग्लादेश: सड़कों पर उतरे विश्वविद्यालयों के छात्र, पुलिस कार्रवाई के ख़िलाफ़ उपजा रोष
    10 Feb 2022
    बांग्लादेश में शाहजलाल विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के छात्रों के खिलाफ हुई पुलिस कार्रवाई के बाद, देश के कई विश्वविद्यालयों में छात्र एकजुटता की लहर दौड़ गई है। इन प्रदर्शनकारी छात्रों ने…
  • Newsletter
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    वैश्विक निरक्षरता के स्थिर संकट के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाएँ
    10 Feb 2022
    संयुक्त राष्ट्र ने नोट किया कि 'दुनिया भर में 150 करोड़ से अधिक छात्र और युवा कोविड-19 महामारी के कारण बंद स्कूल और विश्वविद्यालयों से प्रभावित हो रहे हैं या प्रभावित हुए हैं'; कम से कम 100 करोड़…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License