NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अर्थव्यवस्था
रिलायंस का बढ़ता एकाधिकार  
रिलायंस में सऊदी अरब की कम्पनी अरामको ने 20 फीसदी की हिस्सेदरी हासिल करने का फैसला लिया है। अरामको सऊदी अरब की सरकारी कम्पनी है,जो कच्चा तेल निकालने के क्षेत्र में काम करती है। रिलायंस ने अपनी 20 फीसदी हिस्सेदारी क्यों बेचीं ? साथ में रिलायंस ने पांच सितम्बर से सस्ते दरों पर लोगों को ब्रॉडबैंड सुविधा प्रदान करने का फैसला लिया है। जिससे भारत के डिजिटल कम्यूनिकेशन की दुनिया रिलायंस का एकाधिकार होते जा रहा है। रिलायंस के बढ़ते एकाधिकार पर अपनी राय रख रहे हैं वरिष्ठ आर्थिक पत्रकार परांजय गुहा ठाकुरता। 
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
13 Aug 2019

रिलायंस में सऊदी अरब की कम्पनी अरामको ने 20 फीसदी की हिस्सेदरी हासिल करने का फैसला लिया है। अरामको सऊदी अरब की सरकारी कम्पनी है,जो कच्चा तेल निकालने के क्षेत्र में काम करती है। रिलायंस ने अपनी 20 फीसदी हिस्सेदारी क्यों बेचीं ? साथ में रिलायंस ने पांच सितम्बर से सस्ते दरों पर लोगों को ब्रॉडबैंड सुविधा प्रदान करने का फैसला लिया है। जिससे भारत के डिजिटल कम्यूनिकेशन की दुनिया रिलायंस का एकाधिकार होते जा रहा है। रिलायंस के बढ़ते एकाधिकार पर अपनी राय रख रहे हैं वरिष्ठ आर्थिक पत्रकार परांजय गुहा ठाकुरता। 

Reliance
RIL
Saudi Aramco
mukesh ambani
Credit Suisse
Telecom
energy
BP

Related Stories

जारी रहेगी पारंपरिक खुदरा की कीमत पर ई-कॉमर्स की विस्फोटक वृद्धि

कर्नाटक : कच्चे माल की बढ़ती क़ीमतों से प्लास्टिक उत्पादक इकाईयों को करना पड़ रहा है दिक़्क़तों का सामना

आंशिक जीत के बाद एमएसपी और आपराधिक मुकदमों को ख़ारिज करवाने के लिए किसान कर रहे लंबे संघर्ष की तैयारी

भारत को अपने कर राजस्व से वंचित करना नव-उपनिवेशवाद, कैर्न एनर्जी नई ईस्ट इंडिया कंपनी है!

एंटीलिया प्रकरण : पुलिस अराजकता का नतीजा!

मारा जा रहा है प्लेटफॉर्म और गिग कर्मियों का हक़ 

उच्च न्यायालय में रिलायंस का हलफ़नामा झूठे दावों से भरा है: किसान समिति

आंदोलन : खरबपतियों के राज के ख़िलाफ़ लड़ रहे हैं किसान

क्या अब बड़े उद्योगपतियों के खुद के बैंक होंगे?

रिलायंस को जिओ स्पेक्ट्रम के लिए भारी बकाये का भुगतान करना होगा: सांसद


बाकी खबरें

  • पूछता है युवा- कहां गई हमारी नौकरी?
    अजय कुमार
    पूछता है युवा- कहां गई हमारी नौकरी?
    17 Sep 2021
    अगर काम चाहने वाले शख़्स को काम नहीं मिल रहा है तो सरकार होने या सरकार में रहने का कोई अर्थ नहीं बनता।
  • वकीलों, एक्टिविस्टों ने अफ़्रीकी संघ में इज़रायल के पर्यवेक्षक का दर्जा रद्द करने की मांग करते हुए याचिका दायर की
    पीपल्स डिस्पैच
    वकीलों, एक्टिविस्टों ने अफ़्रीकी संघ में इज़रायल के पर्यवेक्षक का दर्जा रद्द करने की मांग करते हुए याचिका दायर की
    17 Sep 2021
    इज़रायल को इस साल जुलाई में एक पर्यवेक्षक राज्य के रूप में अफ़्रीक़ी संघ में शामिल किया गया था। इज़रायल द्वारा फ़िलिस्तीनी लोगों पर निरंतर दमन को देखते हुए इस निर्णय ने एयू के कई सदस्य देशों को चौंका…
  • चीन ने यूएस, यूके और ऑस्ट्रेलिया के बीच त्रिपक्षीय सुरक्षा गठबंधन को "शीत युद्ध मानसिकता और वैचारिक पूर्वाग्रह" का प्रदर्शन बताया
    पीपल्स डिस्पैच
    चीन ने यूएस, यूके और ऑस्ट्रेलिया के बीच त्रिपक्षीय सुरक्षा गठबंधन को "शीत युद्ध मानसिकता और वैचारिक पूर्वाग्रह" का प्रदर्शन बताया
    17 Sep 2021
    कई एक्टिविस्टों और नेताओं ने इस सुरक्षा गठबंधन की घोषणा की आलोचना की और इसे शीत युद्ध की रणनीति बताया जो शांति और परमाणु निरस्त्रीकरण के प्रयासों के लिए हानिकारक है।
  • राष्ट्रपति की हत्या मामले में पीएम पर संदेह के चलते हैती में सियासी घमासान तेज़
    पीपल्स डिस्पैच
    राष्ट्रपति की हत्या मामले में पीएम पर संदेह के चलते हैती में सियासी घमासान तेज़
    17 Sep 2021
    चूंकि हैती के प्रधानमंत्री एरियल हेनरी को डी-फैक्टो प्रेसिडेंट जोवेनेल मोइसे की हत्या में फंसाया गया है ऐसे में सरकार में बड़े बदलाव देखने को मिले हैं।
  • इतिहास से वही डरते हैं जिनका कोई इतिहास नहीं
    बादल सरोज
    इतिहास से वही डरते हैं जिनका कोई इतिहास नहीं
    17 Sep 2021
    निर्माणों की जगह ध्वंसों और हादसों को इतिहास बनाने और पढ़ाने के पीछे है भारत की वैचारिक परम्परा और असली इतिहास के निष्कासन और बहिष्करण की परियोजना।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License