NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अर्थव्यवस्था
रसोई गैस सिलेंडर के दाम फिर बढ़े, बिगड़ेगा घर का बजट
बिना सब्सिडी वाला सिलेंडर अब 6 रुपये महंगा हो गया है, वहीं सब्सिडी वाले सिलेंडर के दाम में भी थोड़ी वृद्धि की गई है। आशंका ये भी है कि चुनाव ख़त्म होते ही पेट्रोल-डीज़ल के दामों में भी भारी बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
01 May 2019
सांकेतिक तस्वीर
सांकेतिक तस्वीर। फोटो साभार

रसोई गैस सिलेंडर के दाम फिर बढ़ गए हैं जिससे आम लोगों के घर का बजट बिगड़ जाएगा। पेट्रोलियम कंपनियों ने बुधवार को रसोई गैस यानी एलपीजी सिलेंडर के दाम बढ़ा दिए। बिना सब्सिडी वाला सिलेंडर अब छह रुपये महंगा हो गया है, वहीं सब्सिडी वाले सिलेंडर के दाम में भी थोड़ी वृद्धि की गई है।

सब्सिडी वाले सिलेंडर की कीमत दिल्ली और चेन्नई में 28 पैसे, जबकि कोलकाता और मुंबई में 29 पैसे प्रति सिलेंडर बढ़ गई है।

नई दर एक मई से लागू है। सब्सिडी वाले सिलेंडर का दाम दिल्ली में 496.14 रुपये, कोलकाता में 499.29 रुपये, मुंबई में 493.86 रुपये और चेन्नई में 484.02 रुपये हो गया है। 


बिना सब्सिडी वाले सिलेंडर का भाव छह रुपये की वृद्धि के साथ दिल्ली में 712.50 रुपये, कोलकाता में 738.50 रुपये, मुंबई में 684.50 रुपये और चेन्नई में 728 रुपये हो गया है।
आपको बता दें कि इससे पहले इसी साल फरवरी में गैस के दामों में बढ़ोतरी हुई थी। उस समय सब्सिडी वाला रसोई गैस सिलेंडर 2 रुपये 8 पैसे और गैर-सब्सिडी वाला सिलेंडर एक साथ 42 रुपये 50 पैसे महंगा हुआ था।

उधर फिलहाल पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर हैं, लेकिन ऐसी आशंका जताई जा रही है कि चुनाव ख़त्म होते ही इनमें भारी वृद्धि देखने को मिल सकती है। आपको याद दिला दें कि इससे पहले विधानसभा चुनावों खासकर कर्नाटक विधानसभा चुनाव के दौरान भी पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर रखे गए लेकिन चुनाव ख़त्म होते ही उनमें उछाल देखने को मिला। इसकी आशंका इसलिए भी है क्योंकि अमेरिका ने फैसला लिया है कि भारत समेत पांच प्रमुख देशों को अब ईरान से तेल आयात करने की छूट नहीं मिलेगी। इस ऐलान के बाद अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम में जोरदार उछाल आया है। समझा जा रहा है कि भारत ने अमेरिका की ये शर्त लगभग मान भी ली है। मीडिया रिपोर्ट्स कहती हैं कि सरकार ने कहा है कि उसने तेल की आपूर्ति के लिए "वैकल्पिक स्रोतों" की व्यवस्था की है। अगर वास्तव में भारत ईरान से तेल आयात रोकता है तो देशवासियों की इसकी बड़ी कीमत चुकानी होगी। क्योंकि ईरान काफी रियायती शर्तों पर भारत को तेल की आपूर्ति करता रहा है। 

(समाचार एजेंसी आईएएनएस के इनपुट के साथ)

इसे भी पढ़ें : ईरान से तेल आयात पर अमेरिकी छूट समाप्त होने से भारत को बड़ा नुकसान!

मोदी सरकार ईरान तेल के मुद्दे पर अमेरिकी धमकी के आगे झुकी

LPG
PRICE RISE
gas prices
gas cylender
Cooking gas
Ministry of petroleum and gas
General elections2019
2019 Lok Sabha elections

Related Stories

डरावना आर्थिक संकट: न तो ख़रीदने की ताक़त, न कोई नौकरी, और उस पर बढ़ती कीमतें

ध्यान देने वाली बात: 1 जून से आपकी जेब पर अतिरिक्त ख़र्च

महंगाई की मार मजदूरी कर पेट भरने वालों पर सबसे ज्यादा 

कमरतोड़ महंगाई को नियंत्रित करने में नाकाम मोदी सरकार 

रसोई गैस सिलिंडर के दाम 50 रुपये बढ़े, रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची कीमत

गहराते आर्थिक संकट के बीच बढ़ती नफ़रत और हिंसा  

चुनाव ख़त्म; पेट्रोल डीजल और रसोई गैस के दाम बढ़े, जश्न नहीं मनाइएगा!

भाजपा की जीत के वे फैक्टर, जिसने भाजपा को बनाया अपराजेय, क्यों विपक्ष के लिए जीतना हुआ मुश्किल?

महंगाई "वास्तविक" है और इसका समाधान भी वास्तविक होना चाहिए

महंगे ईंधन से थोक की क़ीमतें बढ़ीं, कम मांग से कम हुई खुदरा क़ीमतें


बाकी खबरें

  • लव पुरी
    क्या यही समय है असली कश्मीर फाइल को सबके सामने लाने का?
    04 Apr 2022
    कश्मीर के संदर्भ से जुडी हुई कई बारीकियों को समझना पिछले तीस वर्षों की उथल-पुथल को समझने का सही तरीका है।
  • लाल बहादुर सिंह
    मुद्दा: क्या विपक्ष सत्तारूढ़ दल का वैचारिक-राजनीतिक पर्दाफ़ाश करते हुए काउंटर नैरेटिव खड़ा कर पाएगा
    04 Apr 2022
    आज यक्ष-प्रश्न यही है कि विधानसभा चुनाव में उभरी अपनी कमजोरियों से उबरते हुए क्या विपक्ष जनता की बेहतरी और बदलाव की आकांक्षा को स्वर दे पाएगा और अगले राउंड में बाजी पलट पायेगा?
  • अनिल अंशुमन
    बिहार: विधानसभा स्पीकर और नीतीश सरकार की मनमानी के ख़िलाफ़ भाकपा माले का राज्यव्यापी विरोध
    04 Apr 2022
    भाकपा माले विधायकों को सदन से मार्शल आउट कराये जाने तथा राज्य में गिरती कानून व्यवस्था और बढ़ते अपराधों के विरोध में 3 अप्रैल को माले ने राज्यव्यापी प्रतिवाद अभियान चलाया
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में एक हज़ार से भी कम नए मामले, 13 मरीज़ों की मौत
    04 Apr 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.03 फ़ीसदी यानी 12 हज़ार 597 हो गयी है।
  • भाषा
    श्रीलंका के कैबिनेट मंत्रियों ने तत्काल प्रभाव से इस्तीफा दिया
    04 Apr 2022
    राजनीतिक विशेषज्ञों ने कहा कि विदेशी मुद्रा भंडार में कमी के कारण पैदा हुए आर्थिक संकट से सरकार द्वारा कथित रूप से ‘‘गलत तरीके से निपटे जाने’’ को लेकर मंत्रियों पर जनता का भारी दबाव था।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License