NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
सोनिया विहार और घोंडा गुजराना में लैंडफिल साइट बनाने के पक्ष में भाजपा शासित नगर निगम
निगम में प्रस्ताव पास होने के बावजूद, पूर्वी दिल्ली नगर निगम ने नहीं बदला कोर्ट में अपना रूख DDA भी यहीं लैंडफिल बनाने के पक्ष में है |
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
22 May 2018
NGT

पूर्वी दिल्ली में लैंडफिल साईट का मुद्दा अभी कुछ और समय के लिए लटक गया है और ये मामला अब उच्चतम न्यायालय में पहुँच गया है | पूर्वी दिल्ली में लैंडफिल साईट का ये विवाद कोई नया नहीं है ये काफी समय से चल रहा है | इसमें सभी राजनीतिक दल अपनी-अपनी राजनीति कर रहें और ये समस्या जस की तस बनी हुई है |

सोनिया विहार और घोंडा गुजरान में प्रस्तावित लैंडफिल साइट पर एनजीटी में 21 मई को सुनवाई के दौरान दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA)ने कोर्ट से कहा कि इस मामले में सुप्रीम कोर्ट पहले ही सुनवाई कर रहा है लिहाज़ा जब तक वहाँ पर अगली सुनवाई न हो तब तक मामले की सुनवाई को रोक दिया जाए |

जिस पर एनजीटी ने सहमती जताते हुए कहा कि मामले की अगली सुनवाई 23 जुलाई को होगी | इसके बाद एनजीटी ने निगम को 23 जुलाई से पहले पूरे तथ्य रखने के निर्देश दिए | साथ ही 16 जुलाई को उच्चतम न्यायालय क्या दिशा निर्देश देता है उस पर भी नज़र रहेगी क्योंकि इसी के आधार पर एनजीटी अपनी अगली सुनवाई करेगा |

ये मामला पूर्वी दिल्ली में यमुना नदी के पास गोंडा गुजराना और सोनिया विहार नामक जगह का हैI जब से डीडीए  ने ईस्ट एमसीडी को लैंडफिल साइट बनाने के लिए जगह दी है तभी से इस प्रस्ताव का विरोध हो रहा है | ये मामला एक बार पहले भी उठा था, 2015 चुनाव से पहले, लेकिन स्थानीय लोगो के विरोध के कारण ये लागू नही हो पाया था | क्योंकि इस फैसले से लाखों की आबादी प्रभावित हो रही है |

हमने अपनी पिछली रिपोर्ट बतया था की किस तरह से नगर निगम और दिल्ली सरकार का दोहरा रैवया है |  वो भर तो कुछ और कहते है और कोर्ट में कुछ और कहते है | बाहर निगम में काबिज़ भाजपा इसका सड़क पर विरोध कर रही है साथ ही उसने निगम में एक प्रस्ताव पास कर इस पर रोक लगाने की बात कर रही  हैं | परन्तु सोमवार को सुनवाई के दौरान निगम की तरफ से उनके वकील प्रस्तावित जमीन पर ही लैंडफिल साईट बनाने की बात कर रहे है | 

कपिल मिश्रा विधयक करवाल नगर जो की इसमें याचिकाकर्ता भी है,उन्होंने मिडिया को बतया की “पूर्वी दिल्ली नगर निगम के वकील ने उच्चतम न्यायालय में दाख़िल किया हलफनामा घोंडा गुजरान और सोनिया विहार में लैंडफिल बनाने के लिए नगर निगम ने एफिडेविट दाख़िल किया है | निगम में प्रस्ताव पास होने के बावजूद, पूर्वी दिल्ली नगर निगम ने नहीं बदला कोर्ट में अपना रूखDDA भी यहीं लैंडफिल बनाने के पक्ष में है | दिल्ली सरकार के बाढ़ विभाग, जल विभाग और पर्यावरण विभाग ने भी लैंडफिल के  खिलाफ कोर्ट में कोई आपत्ति नहीं की”|

सामजिक कार्यकर्ता ने कहा की “ये जो लैंडफिल है वो ग्रीन बेल्ट है साथ ही ये नदी के पास है जिससे पर्यावरण को भरी नुकसान होगा,साथ ही  यमुना फल्डप्लेन से संबंधित किसी भी सवाल का एनजीटी कोर्ट में DDA या नगर निगम या दिल्ली सरकार द्वारा कोई जवाब जमा नहीं करवाया दिया है” ।

NGT
Delhi
national green tribunal

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

धनशोधन क़ानून के तहत ईडी ने दिल्ली के मंत्री सत्येंद्र जैन को गिरफ़्तार किया

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा

मुंडका अग्निकांड के लिए क्या भाजपा और आप दोनों ज़िम्मेदार नहीं?

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

मुंडका अग्निकांड : 27 लोगों की मौत, लेकिन सवाल यही इसका ज़िम्मेदार कौन?

दिल्ली : फ़िलिस्तीनी पत्रकार शिरीन की हत्या के ख़िलाफ़ ऑल इंडिया पीस एंड सॉलिडेरिटी ऑर्गेनाइज़ेशन का प्रदर्शन

दिल्ली : पांच महीने से वेतन व पेंशन न मिलने से आर्थिक तंगी से जूझ रहे शिक्षकों ने किया प्रदर्शन

दिल्ली: केंद्र प्रशासनिक सेवा विवाद : न्यायालय ने मामला पांच सदस्यीय पीठ को सौंपा


बाकी खबरें

  • Victims of Tripura
    मसीहुज़्ज़मा अंसारी
    त्रिपुरा हिंसा के पीड़ितों ने आगज़नी में हुए नुकसान के लिए मिले मुआवज़े को बताया अपर्याप्त
    25 Jan 2022
    प्रशासन ने पहले तो किसी भी हिंसा से इंकार कर दिया था, लेकिन ग्राउंड से ख़बरें आने के बाद त्रिपुरा सरकार ने पीड़ितों को मुआवज़ा देने की घोषणा की थी। हालांकि, घटना के तीन महीने से अधिक का समय बीत जाने के…
  • genocide
    अजय सिंह
    मुसलमानों के जनसंहार का ख़तरा और भारत गणराज्य
    25 Jan 2022
    देश में मुसलमानों के जनसंहार या क़त्ल-ए-आम का ख़तरा वाक़ई गंभीर है, और इसे लेकर देश-विदेश में चेतावनियां दी जाने लगी हैं। इन चेतावनियों को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता।
  • Custodial Deaths
    सत्यम् तिवारी
    यूपी: पुलिस हिरासत में कथित पिटाई से एक आदिवासी की मौत, सरकारी अपराध पर लगाम कब?
    25 Jan 2022
    उत्तर प्रदेश की आदित्यनाथ सरकार दावा करती है कि उसने गुंडाराज ख़त्म कर दिया है, मगर पुलिसिया दमन को देख कर लगता है कि अब गुंडाराज 'सरकारी' हो गया है।
  • nurse
    भाषा
    दिल्ली में अनुग्रह राशि नहीं मिलने पर सरकारी अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने विरोध जताया
    25 Jan 2022
    दिल्ली नर्स संघ के महासचिव लालाधर रामचंदानी ने कहा, ‘‘लोक नायक जयप्रकाश अस्पताल, जीटीबी हस्पताल और डीडीयू समेत दिल्ली सरकार के अन्य अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने इस शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में भाग…
  • student
    भाषा
    विश्वविद्यालयों का भविष्य खतरे में, नयी हकीकत को स्वीकार करना होगा: रिपोर्ट
    25 Jan 2022
    रिपोर्ट के अनुसार महामारी के कारण उन्नत अर्थव्यवस्था वाले देशों में विश्वविद्यालयों के सामने अनेक विषय आ रहे हैं और ऐसे में विश्वविद्यालयों का भविष्य खतरे में है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License