NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
श्री लंका
श्रीलंका संकट : राष्ट्रपति ने संसद भंग की, 5 जनवरी को नये चुनाव
श्रीलंका के घटनाक्रम पर भारत समेत पूरी दुनिया की नज़र है। संयुक्त राष्ट्र संघ भी इस पर निगाह रखे हुए है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
10 Nov 2018
Sri Lanka Sirisena
Image Courtesy: bbc

कोलंबो। श्रीलंका के राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरिसेना ने एक विशेष राजपत्र अधिसूचना पर हस्ताक्षर कर संसद को भंग कर दिया और संसदीय चुनाव के लिए पांच जनवरी 2019 की तारीख घोषित की है।

समाचार एजेंसी सिन्हआ की रिपोर्ट के मुताबिक, राष्ट्रपति ने शुक्रवार रात को कहा कि संसद शुक्रवार मध्यरात्रि 12 बजे से भंग हो जाएगी और संसदीय चुनावों के लिए नामांकन 19 से 26 नवंबर तक दाखिल किए जाएंगे।

उन्होंने नई संसद की बैठक आयोजित के लिए नई तारीख 17 जनवरी तय की है।

सिरिसेना का संसद को भंग करने का कदम निर्धारित संसदीय चुनावों से डेढ़ साल पहले उठाया है।

नए प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे ने शुक्रवार देर रात को राष्ट्रपति के संसद को भंग करने के फैसले का स्वागत किया और कहा कि संसदीय चुनाव वास्तव में लोगों की इच्छा को पूरा करेंगे और स्थिर देश के लिए का मार्ग प्रशस्त करेंगे। 

आपको बता दें कि श्रीलंका में राजनीतिक संकट राष्ट्रपति सिरिसेना द्वारा रानिल विक्रमसिंघे को प्रधानमंत्री पद से बर्खास्त करने के बाद राजपक्षे की प्रधानमंत्री के रूप में नियुक्ति से पैदा हुआ। राजपक्षे 2005 से 2015 तक देश के राष्ट्रपति रहे। उन्हें 2015 के चुनाव में सिरिसेना ने हरा दिया था। सिरिसेना राजपक्षे के ही साथी रहे हैं लेकिन उस समय सिरिसेना ने विक्रमसिंघे से हाथ मिला लिया था। बताया जा रहा है कि अब उनके साथ रिश्तों में दरार आने पर वे फिर राजपक्षे की तरफ लौट आए हैं।

सिरिसेना ने 26 अक्टूबर को विक्रमसिंघे को बर्खास्त करते हुए राजपक्षे को नियुक्त किया लेकिन विक्रमसिंघे ने राष्ट्रपति की इस कार्रवाई को अवैध करार दिया और पद से हटने से इंकार कर दिया था। इसके बाद राष्ट्रपति सिरिसेना ने 27 अक्टूबर को संसद को 16 नवंबर तक के लिए निलंबित कर दिया था। जानकारों का कहना है कि राजपक्षे के पास भी सरकार चलाने के लिए पर्याप्त बहुमत नहीं है। यही वजह है कि सिरिसेना ने संसद भंग कर चुनाव का फैसला लिया।

श्रीलंका के घटनाक्रम पर भारत समेत पूरी दुनिया की नज़र है। संयुक्त राष्ट्र संघ भी इस पर निगाह रखे हुए है। पिछले दिनों संयुक्त राष्ट्र संघ के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने सभी पक्षों से संयम बनाए रखने का आग्रह किया था।

(इनपुट आईएएनएस)

Sri Lanka
sirisena
Rajpakshe
Vikramsinghe
Sri Lanka new election
Sri Lankas political crisis

Related Stories

श्रीलंका की मौजूदा स्थिति ख़तरे से भरी

श्रीलंका में सत्ता बदल के बिना जनता नहीं रुकेगीः डॉ. सिवा प्रज्ञासम

श्रीलंका में हिंसा में अब तक आठ लोगों की मौत, महिंदा राजपक्षे की गिरफ़्तारी की मांग तेज़

आर्थिक संकट के बीच श्रीलंका के प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे का इस्तीफ़ा, बुधवार तक कर्फ्यू लगाया गया

श्रीलंका में कर्फ्यू, प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे ने इस्तीफ़ा दिया

आइएमएफ की मौजूदगी में श्रीलंका के सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र को ख़तरा 

कौन हैं गोटाबाया राजपक्षे, जिसने पूरे श्रीलंका को सड़क पर उतरने को मजबूर कर दिया है

श्रीलंका के नए वित्त मंत्री ने नियुक्ति के एक दिन बाद इस्तीफ़ा दिया

श्रीलंका में सत्ता पर राजपक्षे की पकड़ कमज़ोर हुई

श्रीलंकाई संकट : राजनीति, नीतियों और समस्याओं की अराजकता


बाकी खबरें

  • एपी
    क्रिस रॉक को थप्पड़ मारने को लेकर ऑस्कर ने विल स्मिथ पर 10 साल का प्रतिबंध लगाया
    09 Apr 2022
    स्मिथ की हरकत पर अकादमी के ‘बोर्ड ऑफ गवर्नर्स’ की बैठक के बाद यह फैसला किया गया है। हालांकि, फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि उन्हें भविष्य में इन पुरस्कारों के लिए नामित किया जाएगा या नहीं।
  • kashmiri student
    नासीर ख़ुएहामी
    घोर ग़रीबी के चलते ज़मानत नहीं करा पाने के कारण कश्मीरी छात्र आगरा जेल में रहने के लिए मजबूर
    09 Apr 2022
    विश्वास की कमी और वित्तीय दबाव उन परिवारों के रास्ते में आड़े आ रहे हैं, जिनके बच्चों को क्रिकेट विश्व कप में पाकिस्तान के हाथों भारत की शिकस्त के बाद जेल में डाल दिया गया था, हालांकि उन्हें ज़मानत…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    फरीदाबाद : आवास के मामले में सैकड़ों मजदूर परिवारों को हाईकोर्ट से मिली राहत
    09 Apr 2022
    पिछले कुछ सालों में दिल्ली एनसीआर और उसके पास के क्षेत्रों में सरकारों ने बड़ी तेज़ी से मज़दूर बस्तियों को उजाड़ना शुरू किया। ख़ासकर कोरोना काल में सरकार ने बड़े ही चुपचाप तरीके से अपने इस अभियान को चलाया…
  • गुरसिमरन बख्शी
    मांस खाने का राजनीतिकरण करना क्या संवैधानिक रूप से सही है?
    09 Apr 2022
    मांस पर प्रतिबंध लगाना, किसी भी किस्म के व्यापार करने के मामले में मौलिक अधिकार का उल्लंघन कहलाता है और किसी वैधानिक क़ानून के समर्थन के अभाव में, यह संवैधानिक जनादेश के मामले में कम प्रभावी हो जाता…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 1,150 नए मामले, 83 मरीज़ों की मौत
    09 Apr 2022
    देश में अब तक कोरोना से पीड़ित 98.76 फ़ीसदी यानी 4 करोड़ 25 लाख 1 हजार 196 मरीज़ों को ठीक किया जा चुका है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License