NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
ट्रेड यूनियन नेता : सुरक्षा नियमों में की अनदेखी है मुंबई में आग की वजह
आज (29दिसंबर) दक्षिण मुंबई के कमला ट्रेड हाउस में आग लग गयी , जिसमें 14 लोगों की मौत की ख़राब है, 14 लोगों में से 11 महिलायें थीं I
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
29 Dec 2017
Translated by ऋतांश आज़ाद
mumbai fire

आज (29दिसंबर) दक्षिण मुंबई के कमला ट्रेड हाउस में आग लग गयी , जिसमें 14 लोगों की मौत की ख़राब है, 14 लोगों में से 11 महिलायें थीं I ये आग कमला ट्रेड हाउस के रूफ टॉप रेस्टोरेंट में  रात 12.30 के करीब लगनी शुरू हुई I

धीरे धीरे ये आग टावर के आस पास के बारों और रेस्टोरेंटों में फ़ैल गयी I आग को बुझाने के लिए 12 से ज़्यादा अग्निशमन वाहनों को लाना पड़ा और आखिरकर सुबह 6:30 बजे तक आग पर काबू पाया जा सका I

 इस पर माकपा के महारास्ट्र राज्य सचिव अशोक धावले का कहना था कि इस दुखद घटना ने मुंबई को हिला दिया है I उन्होंने कहा कि आग लगने की वजहें बेहद परेशान करने वाली हैं I “कमला मिल्स और मध्य बम्बई इलाका एक समय देश का टेक्सटाइल केंद्र था , यहाँ देश की सभी टेक्सटाइल मिलें मौजूद थीं. पिछले 20 सालों में ये सभी मिलें बंद कर दी गयीं थीं , जिससे लाखों मज़दूर बेरोज़गार हो गए थे I उनकी जगह बड़ी इमारतों और मौलों ने ले ली है , जिनके मालिक बड़े कॉर्पोरेट हैं . बीजेपी सरकार (और पहले की कांग्रेस सरकार) ने नगर पालिका(जिसपर शिव सेना का नियंत्रण है) के साथ मिलकर वहाँ अनियंत्रित निजीकरण को बढ़ावा दिया , जिस वजह से बिना योजना के लगातार विस्तार हुआ . मुनाफों के पागलपन की वजह से सुरक्षा और दुसरे नियमों को ताक पर रक्खा गया ."

धावले ने आगे जोड़ा “यहाँ भयानक भ्रष्टाचार है और किसी भी प्रकार की अनुमति को पैसे लेकर दे दिया जाता है . पूरा प्रशासन जिसमें राज्य सरकार,नगर पालिका और पुलिस शामिल है,इस तरह की अनुमतियाँ देने में सहभागी हैं. मुख्यमंत्री ने इस मामले में जाँच के आदेश दिए हैं , पर इसका सिर्फ सतही असर होगा . इस पूरे गठजोड़ को पूरी तरह साफ़ करने की ज़रुरत है”

CITU के संयुक्त सचिव विवेक मोंनटेरिओ का कहना था “18 दिसंबर को साकीनाका शॉप, में भी इसी तरह की आग लगी थी जिसमें 12 मज़दूरों की जान गयी थी . हाल में लगी आग एक पुरानी टेक्सटाइल मिल में लगी है . आज बहुत सारी व्यवसायिक इमारतों ने उन मिलों की जगह लेली है . इस तरह की घटनाएँ विवेकहीन निर्माण और सुरक्षा नियमों के घोर उलंघन की वजह से होती हैं. पिछली बार कुछ असंगठित मजदूरों की जानें गयीं थी और इस बार दुसरे तरह के मज़दूर मरे हैं”

मोंन्टेरियो  ने आगे जोड़ा “ये पहली बार नहीं कि ऐसा हादसा हुआ हो और ये आखिरी ऐसा हादसा भी नहीं है. ये दिखाता है कि कैसे राज्य सरकार और नगर पालिका ने नियमों की अनदेखी करी है”दूसरी तरह जानी मानी अभिनेत्री और बीजेपी सांसद हेमा मालिनी ने कहा कि ये हादसा इसीलिए हुआ है क्योंकि मुंबई की जनसंक्या बहुत ज़्यादा है .

mumbai fire
BMC
Shiv sena
BJP
Hema Malini

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • punjab
    भाषा सिंह
    पंजाब चुनावः परदे के पीछे के खेल पर चर्चा
    19 Feb 2022
    पंजाब में जिस तरह से चुनावी लड़ाई फंसी है वह अपने-आप में कई ज़ाहिर और गुप्त समझौतों की आशंका को बलवती कर रही है। पंजाब विधानसभा चुनावों में इतने दांव चले जाएंगे, इसका अंदाजा—कॉरपोरेट मीडिया घरानों…
  • Biden and Boris
    जॉन पिलगर
    युद्ध के प्रचारक क्यों बनते रहे हैं पश्चिमी लोकतांत्रिक देश?
    19 Feb 2022
    हाल के हफ्तों और महीनों में युद्ध उन्माद का ज्वार जिस तरह से उठा है वह इसका सबसे ज्वलंत उदाहरण है
  • youth
    असद रिज़वी
    भाजपा से क्यों नाराज़ हैं छात्र-नौजवान? क्या चाहते हैं उत्तर प्रदेश के युवा
    19 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश के नौजवान संगठनों का कहना है कि भाजपा ने उनसे नौकरियों के वादे पर वोट लिया और सरकार बनने के बाद, उनको रोज़गार का सवाल करने पर लाठियों से मारा गया। 
  • Bahubali in UP politics
    विजय विनीत
    यूपी चुनाव: सियासी दलों के लिए क्यों ज़रूरी हो गए हैं बाहुबली और माफ़िया?
    19 Feb 2022
    चुनाव में माफ़िया और बाहुबलियों की अहमियत इसलिए ज्यादा होती है कि वो वोट देने और वोट न देने,  दोनों चीज़ों के लिए पैसा बंटवाते हैं। इनका सीधा सा फंडा होता है कि आप घर पर ही उनसे पैसे ले लीजिए और…
  • Lingering Colonial Legacies
    क्लेयर रॉथ
    साम्राज्यवादी विरासत अब भी मौजूद: त्वचा के अध्ययन का श्वेतवादी चरित्र बरकरार
    19 Feb 2022
    त्वचा रोग विज्ञान की किताबों में नस्लीय प्रतिनिधित्व की ऐतिहासिक कमी ना केवल श्वेत बहुल देशों में है, बल्कि यह पूरी दुनिया में मौजूद है
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License