NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
“ट्रंप ने आज़ादी के दिन का किया राजनीतिकरण”
अमेरिका में विपक्ष का कहना है कि चार जुलाई 1776 को ब्रिटेन से आजादी की देश की घोषणा का ट्रंप राजनीतिकरण कर रहे हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
05 Jul 2019
“ट्रंप ने आज़ादी के दिन का किया राजनीतिकरण”

अमेरिका में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के संबोधन को लेकर नयी बहस छिड़ गई है। इस दौरान वॉशिंगटन में व्हाइट हाउस के सामने अमेरिकी ध्वज जलाए जाने की घटना के बाद ट्रम्प विरोधी और समर्थक समूहों के बीच झड़प भी हो गई।

सीएनएन के बताया कि वामपंथी प्रदर्शनकारियों ने व्हाइट हाउस के बाहर झंडा जलाया। इसके बाद उनके और ट्रम्प समर्थकों के बीच झड़प हो गई।

झड़प में कानून प्रवर्तन एजेंसी ‘सीक्रेट सर्विस’ के दो एजेंट घायल हो गए।

ये प्रदर्शन जिस जगह हुई, उससे कुछ ब्लॉक की दूरी पर नेशनल मॉल में आतिशबाजी देखने और ट्रम्प का भाषण सुनने के लिए भीड़ एकत्र हुई थी।

रेवोल्यूशनरी कम्युनिस्ट पार्टी, अमेरिका ने व्हाइट हाउस के बाहर अमेरिकी झंडा जलाया और ‘‘अमेरिका कभी महान नहीं था’’ के नारे लगाए।

इसके तुरंत बाद ‘सीक्रेट सर्विस’ ने हस्तक्षेप किया और आग बुझा दी।

इसके बाद इस समूह की ट्रम्प समर्थक प्रदर्शनकारियों के साथ झड़प हुई। इस दौरान ‘सीक्रेट सर्विस’ के दो एजेंट घायल हो गए और दो प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया।

उल्लेखनीय है कि ट्रम्प पिछले 70 से अधिक वर्षों में अमेरिका के पहले ऐसे राष्ट्रपति हैं जिन्होंने स्वतंत्रता दिवस पर देश को संबोधित किया है। ट्रम्प के इस कदम की विपक्षी डेमोक्रेटिक नेताओं ने निंदा की है और चार जुलाई 1776 को ब्रिटेन से आजादी की देश की घोषणा का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है।

इस परेड में ट्रम्प के साथ प्रथम महिला मेलानिया ट्रम्प, उप राष्ट्रपति माइक पेंस, उनके कैबिनेट सहयोगी और शीर्ष सैन्य नेतृत्व भी था।

ट्रम्प ने इस दौरान अपने ‘अमेरिका को सलाम’ संबोधन में कहा, ‘‘आज हम एक देश के रूप में साथ आए हैं। अमेरिका को इस विशेष सलामी के साथ, हम हमारे इतिहास का जश्न मना रहे हैं। हम गर्व के साथ हमारे झंडे की रक्षा करने वाले नायकों, अमेरिकी सेना के बहादुर पुरूषों एवं महिलाओं को सम्मानित कर रहे हैं।’’

ट्रम्प ने कहा कि देश के संस्थापकों का हौसला बुलंद रखने वाले इसी अमेरिकी जज्बे ने इसके लोगों को मजबूती दी है और यही जज्बा हर अमेरिकी देशभक्त की रगों में दौड़ता है।

(भाषा के इनपुट के साथ) 

Donald Trump
US President Donald Trump
america independence day
july 4th
donald trump july 4th speech
protests in america

Related Stories

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

एक साल पहले हुए कैपिटॉल दंगे ने अमेरिका को किस तरह बदला या बदलने में नाकाम रहा

2021 : चीन के ख़िलाफ़ अमेरिका की युद्ध की धमकियों का साल

दुनिया क्यूबा के साथ खड़ी है

रिपोर्ट के मुताबिक सभी प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं की जलवायु योजनायें पेरिस समझौते के लक्ष्य को पूरा कर पाने में विफल रही हैं 

अमेरिका के ईरान जाने के रास्ते में कंटीली झाड़ियां 

मोदी अकेले नहीं :  सभी ‘दक्षिण-पंथी सत्तावादी’ कोविड-19 से निपटने में बुरी तरह विफल साबित हुए

रूस और चीन के साथ संपर्क बनाए रखना चाहते हैं बाइडेन

यूएई से ट्रंप प्रशासन के हथियारों की बिक्री के सौदे को आगे बढ़ाने के बाइडन के फ़ैसले की कड़ी आलोचना

अमेरिका ने हौथी को 'आतंकवाद' की सूची से हटाया, विद्रोही यमनी समूह से बातचीत करने का आग्रह किया


बाकी खबरें

  • yogi bulldozer
    सत्यम श्रीवास्तव
    यूपी चुनाव: भाजपा को अब 'बाबा के बुलडोज़र' का ही सहारा!
    26 Feb 2022
    “इस मशीन का ज़िक्र जिस तरह से उत्तर प्रदेश के चुनावी अभियानों में हो रहा है उसे देखकर लगता है कि भारतीय जनता पार्टी की तरफ से इसे स्टार प्रचारक के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है।”
  • Nagaland
    अजय सिंह
    नगालैंडः “…हमें चाहिए आज़ादी”
    26 Feb 2022
    आफ़्सपा और कोरोना टीकाकरण को नगालैंड के लिए बाध्यकारी बना दिया गया है, जिसके ख़िलाफ़ लोगों में गहरा आक्रोश है।
  • women in politics
    नाइश हसन
    पैसे के दम पर चल रही चुनावी राजनीति में महिलाओं की भागीदारी नामुमकिन
    26 Feb 2022
    चुनावी राजनीति में झोंका जा रहा अकूत पैसा हर तरह की वंचना से पीड़ित समुदायों के प्रतिनिधित्व को कम कर देता है। महिलाओं का प्रतिनिधित्व नामुमकिन बन जाता है।
  • Volodymyr Zelensky
    एम. के. भद्रकुमार
    रंग बदलती रूस-यूक्रेन की हाइब्रिड जंग
    26 Feb 2022
    दिलचस्प पहलू यह है कि यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने ख़ुद भी फ़्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से सीधे पुतिन को संदेश देने का अनुरोध किया है।
  • UNI
    रवि कौशल
    UNI कर्मचारियों का प्रदर्शन: “लंबित वेतन का भुगतान कर आप कई 'कुमारों' को बचा सकते हैं”
    26 Feb 2022
    यूनाइटेड न्यूज ऑफ इंडिया ने अपने फोटोग्राफर टी कुमार को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान कई पत्रकार संगठनों के कर्मचारी भी मौजूद थे। कुमार ने चेन्नई में अपने दफ्तर में ही वर्षों से वेतन न मिलने से तंग आकर…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License