NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
थाईलैंड : पुलिस द्वारा प्रदर्शन से पहले की गई गिरफ़्तारियों को लेकर विरोध तेज़
21 लोगों को बैंकॉक में डेमोक्रेसी मोनूमेंट के पास से गिरफ़्तार किया गया क्योंकि वे प्रदर्शनों से पहले एकत्र हुए थे।
पीपल्स डिस्पैच
14 Oct 2020
Bangkok

थाईलैंड के प्रदर्शनकारियों ने बुधवार 14 अक्टूबर को राजधानी बैंकॉक के केंद्र में प्रतिष्ठित डेमोक्रेसी मोनूमेंट पर क़ब्ज़ा कर लिया है। ये क़ब्ज़ा 13 अक्टूबर को मौनूमेंट से 21 प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी की प्रतिक्रिया में किया गया। इस गिरफ़्तारी ने विरोध प्रदर्शन कनरे वाले आयोजकों को दोपहर से सुबह तक प्रदर्शन करने को मजबूर किया।

गिरफ़्तार किए गए लोगों में स्टूडेंट एक्टिविस्ट और लंबे समय से राजशाही सुधार की बात करने वाले अधिवक्ता जातुपत बूनपट्टाररकसा जिन्हें आमतौर पर पाई दाओ दीन कहा जाता था और गायक चाई-अमोर्न कैव्यीबुनपन जिन्हें उनके ऐमी के मंचन के लिए जाना जाता है। 

नेशनल पुलिस फॉर बॉर्डर सिक्योरिटी एंड काउंटर इंसर्जेंसी के अधीन अर्धसैनिक बल बॉर्डर पेट्रोल पुलिस द्वारा डेमोक्रेसी मोनूमेंट के पास मंगलवार को गिरफ्तारी की गई थी। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया जो बुधवार दोपहर को निर्धारित प्रदर्शनों के लिए मोनूमेंट के पास पहुंचे थे।

इन गिरफ्तारियों की ख़बर के बाद प्रदर्शनों को उग्र कर दिया और बड़े पैमाने पर गुस्सा भड़क गया। हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं की रिहाई की मांग को लेकर सैकड़ों प्रदर्शनकारी कुछ ही घंटों में पुलिस मुख्यालय के बाहर इकट्ठा हो गए। नेशनल पुलिस द्वारा प्री-इंप्टिव गिरफ्तारियों की प्रतिक्रिया में शहर के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शन किए गए।

पीपुल्स ग्रुप के आह्वान पर बुधवार का प्रदर्शन किया गया। इस संगठन की स्थापना देशव्यापी विरोध प्रदर्शन करने वाले कई एक्टिविस्ट ने की। इस प्रदर्शन का आह्वान रॉयल मोटरकेड ( royal motorcade)के समय में किया गया है जिसे मोनूमेंट द्वारा दोपहर दो बजे पारित किया जाना निर्धारित था।  

प्रदर्शनकारी सुबह-सुबह मोनूमेंट पर इकट्ठा हो गए और विरोध में बगल की सड़क पर कब्जा करने लगे और रोकने लगे। कुछ प्रदर्शनकारियों ने आयोजकों के निर्देशों पर 2019 में सरकार द्वारा लगाए गए पौधों और झाड़ियों को भी हटा दिया, ताकि कथित तौर पर प्रदर्शनकारियों को उक्त स्थान का उपयोग करने से रोका जा सके। वर्ष 1932 की क्रांति को याद में 1939 में इस मोनूमेंट का निर्माण किया गया था जिसने देश में पहली संवैधानिक राजतंत्र की स्थापना की।

थाईलैंड में चल रहे विरोध प्रदर्शनों में संवैधानिक सुधारों का आह्वान किया गया है, जिसमें राजशाही की शक्तियों को सीमित करना, लोकतंत्र की वापसी और प्रयुत चान-ओ-चा के अधीन नागरिक-सैन्य सरकार का विघटन तथा अन्य सामाजिक-आर्थिक अधिकार शामिल हैं।

Thailand
protests against police
students activists
thailand police

Related Stories

थाईलैंड : प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई में 9 नाबालिगों सहित दर्जनों गिरफ़्तार

थाईलैंडः प्रयुत के अविश्वास प्रस्ताव जीतने के बाद राजधानी में "कार रैली" और प्रदर्शन

थाईलैंडः पुलिस की कार्रवाई के बावजूद "कार" रैली में हज़ारों लोग शामिल हुए

थाईलैंड : बेहतर कोविड राहत की मांग करने वाले प्रदर्शनकारियों पर दमनात्मक कार्रवाई

थाईलैंड के नए संविधान संशोधन विधेयक को व्यापक जनसमर्थन

राजशाही के अपमान के आरोपी तीन थाईलैंड के एक्टिविस्ट ज़मानत पर रिहा

बैंकाक में भूख हड़ताल कर रहे बंदियों की रिहाई की मांग करते हुए सैकड़ों लोगों ने किया प्रदर्शन

क्या भारत भी कुछ सीखेगा: मास्क नहीं पहनने पर थाईलैंड के प्रधानमंत्री पर जुर्माना

थाईलैंडः प्रदर्शनकारियों पर पुलिस की कार्रवाई में दर्जनों लोग घायल और कई लोग हिरासत में

थाईलैंड : "राजशाही के अपमान" को लेकर प्रदर्शनकारियों पर मुक़दमा शुरू


बाकी खबरें

  • जितेन्द्र कुमार
    मुद्दा: बिखरती हुई सामाजिक न्याय की राजनीति
    11 Apr 2022
    कई टिप्पणीकारों के अनुसार राजनीति का यह ऐसा दौर है जिसमें राष्ट्रवाद, आर्थिकी और देश-समाज की बदहाली पर राज करेगा। लेकिन विभिन्न तरह की टिप्पणियों के बीच इतना तो तय है कि वर्तमान दौर की राजनीति ने…
  • एम.ओबैद
    नक्शे का पेचः भागलपुर कैंसर अस्पताल का सपना अब भी अधूरा, दूर जाने को मजबूर 13 ज़िलों के लोग
    11 Apr 2022
    बिहार के भागलपुर समेत पूर्वी बिहार और कोसी-सीमांचल के 13 ज़िलों के लोग आज भी कैंसर के इलाज के लिए मुज़फ़्फ़रपुर और प्रदेश की राजधानी पटना या देश की राजधानी दिल्ली समेत अन्य बड़े शहरों का चक्कर काट…
  • रवि शंकर दुबे
    दुर्भाग्य! रामनवमी और रमज़ान भी सियासत की ज़द में आ गए
    11 Apr 2022
    रामनवमी और रमज़ान जैसे पर्व को बदनाम करने के लिए अराजक तत्व अपनी पूरी ताक़त झोंक रहे हैं, सियासत के शह में पल रहे कुछ लोग गंगा-जमुनी तहज़ीब को पूरी तरह से ध्वस्त करने में लगे हैं।
  • सुबोध वर्मा
    अमृत काल: बेरोज़गारी और कम भत्ते से परेशान जनता
    11 Apr 2022
    सीएमआईए के मुताबिक़, श्रम भागीदारी में तेज़ गिरावट आई है, बेरोज़गारी दर भी 7 फ़ीसदी या इससे ज़्यादा ही बनी हुई है। साथ ही 2020-21 में औसत वार्षिक आय भी एक लाख सत्तर हजार रुपये के बेहद निचले स्तर पर…
  • JNU
    न्यूज़क्लिक टीम
    JNU: मांस परोसने को लेकर बवाल, ABVP कठघरे में !
    11 Apr 2022
    जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में दो साल बाद फिर हिंसा देखने को मिली जब कथित तौर पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से संबद्ध छात्रों ने राम नवमी के अवसर कैम्पस में मांसाहार परोसे जाने का विरोध किया. जब…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License