NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
तमिलनाडु इस सप्ताह: राज्य सरकार ने सस्ते दामों पर बेचे टमाटर, श्रमिकों ने किसानों के प्रति दिखाई एकजुटता 
इस सप्ताह, तमिलनाडु ने 52,549 करोड़ रूपये की 82 औद्योगिक परियोजनाओं के लिए सभी क्षेत्रों के प्रमुख उद्योगपतियों के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किये। इसके साथ ही सरकार ने थूथुकड़ी, नागापट्टिनम और कुड्डालोर में तीन बड़ी पेट्रोकेमिकल परियोजनाओं की स्थापना के लिए भी निवेश हासिल करने में सफलता प्राप्त की है।
श्रुति एमडी
29 Nov 2021
TN
चित्र साभार: आर प्रकाश 

26 नवंबर को देशव्यापी प्रदर्शन के हिस्से के तौर पर दिल्ली की सीमाओं पर किसानों के विरोध प्रदर्शन के एक वर्ष पूरे हो जाने के अवसर पर सभी मजदूर संगठन, खराब मौसम के बावजूद, तमिलनाडु के जिला मुख्यालयों पर इकट्ठा हुए थे। उन्होंने सार्वजनिक क्षेत्र के निजीकरण, बेलगाम होती महंगाई के खिलाफ भी अपनी आवाज बुलंद की और बिजली (संशोधन) विधेयक को वापस लेने की मांग की। 

सलेम में सभी ट्रेड यूनियनों की ओर से विरोध प्रदर्शन। चित्र साभार: तमिलनाडु सीटू 

इस सप्ताह, तमिलनाडु ने 52,549 करोड़ मूल्य की 82 औद्योगिक परियोजनाओं के लिए सभी क्षेत्रों के प्रमुख उद्योगपतियों के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किये हैं। सरकार ने इसके साथ ही थूथुकुड़ी, नागापट्टिनम और कुड्डालोर में तीन बड़ी पेट्रोकेमिकल परियोजनाओं की स्थापना के लिए भी निवेश हासिल करने में सफलता प्राप्त की है।

25 नवंबर को नई दिल्ली में खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग (जो केंद्रीय उपभोक्ता मामलों, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के तहत आता है), के द्वारा आयोजित एक बैठक में तमिलनाडु ने केंद्र सरकार से राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत 650 अम्मा कैंटीन सामुदायिक रसोई को चलाने के लिए 100% सहायता देने का आग्रह किया। इसके अतिरिक्त, ऐसे 500 भोजनालयों को, द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (डीएमके) नेता एम करुणानिधि, के नाम पर कलैग्नर उनवागम्स नाम से बुलाये जाने का प्रस्ताव रखा है। 

इस बीच, तमिलनाडु के राज्यपाल आरएन रवि ने 22 नवंबर को राज भवन में नए कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के तौर पर मुनीश्वर नाथ भंडारी को पद की शपथ दिलाई। न्यूज़क्लिक आपके लिए इस हफ्ते के प्रमुख घटनाक्रमों का सार-संकलन लेकर आया है।

बारिश ने कहर बरपा रखा है 

तमिलनाडु के कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश हुई है; समूचे राज्य के निचले इलाकों में भारी जल-जमाव के कारण बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई है। ग्रामीण डेल्टा क्षेत्र को फसलों का नुकसान ज्यादा हुआ है। 24 घंटे के भीतर ही 26 नवंबर की सुबह तक बारिश से संबंधित घटनाओं में पांच लोगों की मौत हो गई है।

इस हफ्ते 15 से भी अधिक जिलों में कई दिनों के लिए विद्यालय बंद रहे।

एक सात सदस्यीय अंतर-मंत्रालयिक केन्द्रीय दल ने बारिश से हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए तमिलनाडु के वर्षा-प्रभावित जिलों का दौरा किया।

मूसलाधार बारिश ने कई उद्योग धंधों के उत्पादन को भी प्रभावित किया है। कांचीपुरम में छोटे स्तर पर अप्पलम (पापड़) बनाने वाले उद्योगों एवं हथकरघा श्रमिकों ने सरकार से मांग की है कि उन्हें मुआवजे के तौर पर 5,000 रूपये का भुगतान किया जाये।

24 नवंबर को अप्पलम (पापड़) निर्माताओं का विरोध प्रदर्शन। चित्र साभार मुथु कुमार 

इसके अलावा, जिस चीज ने हर घर को प्रभावित कर रखा है वह है सब्जियों के दामों में बेतहाशा वृद्धि। तमिलनाडु सरकार ने इसमें हस्तक्षेप किया है और जो टमाटर 150 रूपये प्रति किलोग्राम की दर तक पहुँच गया था, उसे 85 रूपये से 100 रूपये प्रति किलोग्राम की दर पर राज्य संचालित फार्म फ्रेश आउटलेट्स के जरिये बेचा गया। 

कोविड-19: घर-घर जाकर टीकाकरण 

23 नवंबर को तमिलनाडु के गाँवों में घर-घर जाकर टीकाकरण अभियान के माध्यम से एक दिन में 3 लाख से अधिक लोगों को कोविड-19 के खिलाफ टीका लगाया गया।

वर्तमान में, तकरीबन 76% लोगों को उनकी पहली खुराक दी जा चुकी है, जबकि दूसरी खुराक का प्रतिशत 40% तक पहुँच गया है। राज्य में कुलमिलाकर अभी तक 6.71 करोड़ डोज दी जा चुकी है।

एक सप्ताह में यह दूसरी बार है, जब राज्य में नए कोविड-19 के मामलों में मामूली बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। 25 नवंबर को ये मामले 739 थे जो अगले दिन बढ़कर 746 हो गये थे, और मौतों की संख्या क्रमशः 17 और 11 थीं।

शहरी स्थानीय निकाय चुनावों के लिए तैयारी 

सत्तारूढ़ दल डीएमके और विपक्षी आल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (अन्नाद्रमुक) की ओर से स्थानीय शहरी निकायों के चुनाव लड़ने के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं से आवेदन आमंत्रित किये गए हैं जिनके जल्द ही आयोजित किये जाने की उम्मीद है।

चुनावों के लिए पार्टी की तैयारियों का आकलन करने और संगठनात्मक चुनावों पर फैसला लेने के लिए 24 नवंबर को आयोजित अन्नाद्रमुक के वरिष्ठ पदाधिकारियों की बैठक का समापन अराजकता के बीच संपन्न हुआ। वी के शशिकला को फिर से शामिल करने सहित पिछले विधानसभा चुनाव में प्रदर्शन और पार्टी संचालन समिति की कार्य-कुशलता जैसे विषयों ने बैठक को बार-बार प्रभावित करके रख दिया। 

अन्नाद्रमुक के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के सचिव ए अनवर राजा ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और पट्टाली मक्कल कच्ची (पीएमके) के नामों का उल्लेख किये बगैर, पार्टी को अकेले दम पर चुनाव लड़ने की मांग की है। 

सूत की कीमतों में बढ़ोत्तरी के ख़िलाफ़ भूख हड़ताल 

सूत के दामों में वृद्धि की निंदा करते हए और कपास निर्यात पर प्रतिबन्ध लगाने के लिए केंद्र सरकार का ध्यान आकर्षित करने के उद्देश्य से, तिरुपुर बुनकर वस्त्र निर्माताओं और निर्यातकों ने 26 नवंबर को एक दिवसीय हड़ताल का आयोजन किया।

इस आंदोलन के साथ अपनी एकजुटता को जाहिर करते हुए तमाम श्रमिक संघों, राजनीतिक दलों, और अन्य वस्तुओं की खरीद-फरोख्त का काम करने वाले व्यापारियों के संगठनों ने इस हड़ताल में हिस्सा लिया और तिरुपुर में एक दिन के लिए कारोबार को बंद रखा। अधिक पढ़ें 

परिवहन कर्मी भूख हड़ताल पर बैठे 

तत्काल वेतन संशोधन वार्ता, उचित स्वास्थ्य बीमा एवं अन्य मांगों को लेकर जारी अपने संघर्ष के हिस्से के तौर पर, तमिलनाडु राज्य परिवहन निगम के श्रमिकों ने राज्य के सभी बस डिपो में 22 और 23 नवंबर को भूख हड़ताल की। 

विरुधुनगर में परिवहन कर्मी भूख हड़ताल पर। चित्र साभार: तमिलनाडु सीटू  

तमिलनाडु सरकारी परिवहन श्रमिक सम्मेलन के पर्चे में कहा गया है: “शासन में बदलाव के साथ, श्रमिक बेसब्री से अपनी समस्याओं के समाधान की प्रतीक्षा में थे; किंतु नई सरकार बनने के छह महीने बाद भी, आशा की कोई किरण नजर नहीं आ रही है।”

कांची में श्रमिकों का संयुक्त विरोध प्रदर्शन 

कांचीपुरम में बहुराष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक कंपनियों के बर्खास्त श्रमिकों को फिर से बहाल किये जाने की मांग के साथ 22 नवंबर को एक विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया था। अतीत में जेबीएम, फॉक्सकॉन और तांगसिन के श्रमिकों को भारी संख्या में नौकरियों से निकाल दिया गया था, और सीटू के नेतृत्व में हुई विरोध सभा में मांग की गई कि इन श्रमिकों की नौकरियां बहाल की जाये। 

अंग्रेज़ी में प्रकाशित मूल आलेख को पढ़ने के लिए नीचे दिये गये लिंक पर क्लिक करें

TN this Week: State Govt Sells Tomato at Lower Price, Workers Extend Solidarity to Farmers

tamil nadu
CITU
Tamil Nadu rains
AIADMK
Tomato prices
Covid-19 Vaccination
Yarn Price Hike
Kanchi
Transport Workers' Strike

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

झारखंड-बिहार : महंगाई के ख़िलाफ़ सभी वाम दलों ने शुरू किया अभियान

आशा कार्यकर्ताओं को मिला 'ग्लोबल हेल्थ लीडर्स अवार्ड’  लेकिन उचित वेतन कब मिलेगा?

तमिलनाडु : विकलांग मज़दूरों ने मनरेगा कार्ड वितरण में 'भेदभाव' के ख़िलाफ़ प्रदर्शन किया

किसानों, स्थानीय लोगों ने डीएमके पर कावेरी डेल्टा में अवैध रेत खनन की अनदेखी करने का लगाया आरोप

मुंडका अग्निकांड: सरकारी लापरवाही का आरोप लगाते हुए ट्रेड यूनियनों ने डिप्टी सीएम सिसोदिया के इस्तीफे की मांग उठाई

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

तमिलनाडु: छोटे बागानों के श्रमिकों को न्यूनतम मज़दूरी और कल्याणकारी योजनाओं से वंचित रखा जा रहा है

तमिलनाडु: ग्राम सभाओं को अब साल में 6 बार करनी होंगी बैठकें, कार्यकर्ताओं ने की जागरूकता की मांग 


बाकी खबरें

  • Sensex
    न्यूज़क्लिक टीम
    सेंसेक्स ऊपर मतलब अमीरों के अच्छे दिन
    24 Sep 2021
    सेंसेक्स में पिछ्ले तीन सालों में 65% उछाल आया है, जबकि हमारी जीडीपी का हाल खस्ता है। इसका कारण है की देश की बड़ी कंपनियों का मुनाफ़ा तेज़ी से बढ़ा है, लेकिन कामगारों का वेतन और मजदूरी तीन साल में घट…
  • supreme court on caste census
    अजय कुमार
    जातिवार जनगणना न कराने से जुड़े सरकार के तर्क बेहद बचकाना!
    24 Sep 2021
    सरकार सुप्रीम कोर्ट से कह रही है कि प्रशासनिक जटिलताओं की वजह से जातिवार जनगणना कराना मुमकिन नहीं। क्या इस तर्क में दम है?
  • scheme workers
    मुकुंद झा
    स्थायी नौकरी और वेतन की मांग को लेकर देशभर में स्कीम वर्कर्स की हड़ताल और प्रदर्शन
    24 Sep 2021
    ये प्रदर्शन अखिल भारतीय संयुक्त समिति के आह्वान पर किए गए। एक दिवसीय हड़ताल के तहत पूरे देश में जिला मुख्यालयों, ब्लॉक मुख्यालयों व कार्यस्थलों पर आंगनवाड़ी, मिड डे मील और आशा कर्मचारियों द्वारा जोरदार…
  • kisan
    बादल सरोज
    हुक्काम बनाम अवाम : 17 सितंबर बनाम 27 सितंबर
    24 Sep 2021
    ख़ैरियत की बात यह है कि भारत दैट इज़ इंडिया नाम के सॉवरिन सेक्युलर डेमोक्रेटिक रिपब्लिक में एक पब्लिक है अभी और वो सब जानती है। यही पब्लिक 17 सितंबर के इस झूठे, कल्पित और आभासीय रिकॉर्ड के खिलाफ 27…
  • Haldwani medical college students
    सत्यम कुमार
    मेडिकल छात्रों की फीस को लेकर उत्तराखंड सरकार की अनदेखी
    24 Sep 2021
    इससे पहले नॉनबॉन्ड वाले छात्रों को सालाना 4 लाख रुपए फीस देनी होती थी। बॉन्ड के तहत प्रवेश लेने वाले छात्रों, जिन्हें पांच साल के लिए दुर्गम इलाकों में अपनी सेवाएं देनी होती थी, की यही फीस मात्र 50,…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License