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राजनीति
वाघमारे का इक़बालिया बयान : गौरी का क़त्ल "हिन्दू धर्म को बचाने'' के लिए किया
श्री राम सेना  ने अपने फेसबुक  पेज पर लोगों से वाघमारे के घरवालों के लिए चंदा देने की अपील की है।
योगेश एस.
16 Jun 2018
Translated by ऋतांश आज़ाद
gauri lankesh

5 सितम्बर 2017 को बंगलुरु में अपने घर के बाहर पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता गौरी लंकेश की गोली मारकर हत्या कर दी गयी। अब परशुराम वाघमारे जो कि  विजयपुरा के सिन्धगी के रहने  वाले हैं ने Special Investigation Team (SIT) के सामने ये कबूल किया है कि उन्होंने ही ये हत्या की थी। 

सामाजिक कार्यकर्त्ता और पत्रकार गौरी लंकेश  Karnataka Communal Harmony Forum और लिंगायत आंदोलन  से वैसे ही जुड़ी रही थीं जैसे एम एम कलबुर्गी, जिन्हे भी 30 अगस्त 2015 को क़त्ल कर दिया गया था । ये अटकलें  लगायी जा रही थीं कि ये हत्याएं किसी हिंदुत्ववादी कट्टरपंथी संगठन ने करायीं थीं। ये भी देखा गया कि जब गौरी लंकेश को मारा गया तो उनके क़त्ल पर लोगों के गुस्से और दुःख के बीच में दक्षिणपंथी  संगठनों से जुड़े लोग जश्न  मना  रहे थे।   

SIT ने इस मामले में 30 मई 2018 को  First Additional Chief Metropolitan Magistrate के सामने 650 पेजों की चार्जशीट दायर की, जिसमें हिंदुत्व कार्यकर्ता नवीन कुमार को आरोपी बनाया गया। नवीन कुमार से पूछताछ से ये जाँच  सुचित कुमार तक पहुँची , जो कि मैंगलोर से हैं।  परशुराम वाघमारे को 12 जून  2018 को गिरफ्तार किया गया और 3rd ACMM Court के सामने पेश किया गया , अब उन्हें 14 दिन  की पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया है। लंकेश की हत्या के मामले में वाघमारे छठे व्यक्ति हैं, जिसकी गिरफ्तारी हुई है।  इससे पहले SIT ने के टी  नवीन कुमार ,अमोल काले , मनोहर इडवे ,सुजीथ कुमार और अमित देगवेकर को गिरफ्तार  किया था। 

SIT  का कहना है कि जाँच के दौरान वाघमारे ने ये कबूल किया है कि उन्होंने गौरी लंकेश को हिन्दू धर्म को बचाने के लिए मारा  है। SIT ने ये भी दावा किया है कि वाघमारे ने उन्हें बताया कि किसी व्यक्ति ने उनसे संपर्क  किया था और कहा था कि उन्हें हिन्दू धर्म को ख़तम होने के बचाने के लिए लंकेश की हत्या करनी होगी।  ये घटना  अगस्त  2017  में हुई , और वाघमारे ने बताया कि वह ये कार्य करने  के लिए तब तैयार हुआ जब उनसे  गौरी के वक्तव्यों  के वीडियो देखे , उनसे कहा कि "हिन्दू धर्म’ पर उनकी विचारधारा सुनकर  मेरा खून खौल उठा। "

उसने  कहा कि न तो टी नवीन कुमार और न ही प्रवीण उर्फ़ सुचित कुमार ने उनसे  संपर्क साधा था और ये कि अगर उस व्यक्ति को उसके सामने  लाया जाता है तो वह उसे पहचान  लेगा। लेकिन प्रजावाणी की रिपोर्ट के हिसाब से वाघमारे को जिस व्यक्ति ने एयरगन चलाने का प्रशिक्षण दिया वह उसे शुरुवात में मिला था।  SIT ने भी कहा है कि  गौरी के हत्या के मामले में शामिल कम से कम  तीन और लोगों को गिरफ्तार किया जाना है। 

वाघमारे ने ये भी खुलासा  किया कि जिस व्यक्ति  ने उसे गौरी लंकेश को मारने के लिए उससे संपर्क  किया था उसने  ये भी कहा था कि वह वाघमारे का भविष्य भी  सुरक्षित  कर देगा।  वहीं दूसरी तरह वाघमरे ये भी बताया जा रहा है कि वाघमरे हिंदुत्ववादी संगठन  श्री राम सेना का कार्यकर्त्ता था।  श्री राम सेना  ने अपने फेसबुक  पेज पर लोगों से वाघमारे के घरवालों के लिए चंदा देने की अपील की है।  प्रजावाणी के हिसाब से वह अपील  कुछ इस प्रकार है "क्या आप एक राष्ट्रभक्त के खाने के लिए अपनी आय  का कुछ हिस्सा  नहीं दे सकते ? कृपया करके परशुराम वाघमरे के घरवालों की मदद के लिए चंदा  दें। "

फेसबुक  पर इस पोस्ट के नीचे मंचालेश्वरी टोनाशयल ने लिखा "हिंदुत्व  इस देश की जड़  है। जब भी कोई व्यक्ति हिन्दू  विरोधी कार्यों में लिप्त  होगा एक  परशुराम वाघमरे हर घर से पैदा होगा। "

SIT ने श्री राम सेना के सिंदगी इलाके के नेता  राकेश माथा को नोटिस  भेजा है। 

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Hindutva
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