NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव: वाममोर्चा-कांग्रेस गठबंधन में 294 सीटों में से 193 सीटों पर समझौता
सीताराम येचुरी और राहुल गांधी को कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में 28 फरवरी की रैली में आमंत्रित किया जाएगा।
संदीप चक्रवर्ती
29 Jan 2021
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव

कोलकाता, जनवरी 28: पश्चिम बंगाल वाममोर्चा और कांग्रेस पार्टी की एक संयुक्त बैठक बृहस्पतिवार की सुबह विधान भवन स्थित कांग्रेस के प्रदेश मुख्यालय में हुई। बैठक के बाद आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दोनों पार्टियों के नेताओं ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनावों के पहले दोनों पार्टियों के बीच सीटों के तालमेल को लेकर सद्भावनापूर्ण बातचीत की प्रक्रिया अगले चरण में पहुंच गई है।

इन नेताओं ने बताया कि दोनों दलों के बीच इस आशय की सहमति बनी है कि 77 सीटों को वहां से विजयी रहीं पार्टियों के हिस्से ही छोड़ दिया जाए। इसके बाद, आज सुबह सभी अन्य 116 सीटों की बाबत फैसला लिया गया। इनमें 68 सीटों पर वाममोर्चा के और 48 सीटों पर राष्ट्रीय कांग्रेस के उम्मीदवार चुनाव लड़ेंगे। 

वामदल और कांग्रेस के नेताओं ने बताया कि अब तक कुल 294 विधानसभा सीटों में से 193 पर तालमेल हो गया है। 

विधानसभा चुनाव इस साल के अप्रैल या मई में होने वाले हैं।  इन नेताओं ने बताया कि विधानसभा की 116 ऐसी सीटों की पहचान की गई है, जहां वाममोर्चा और कांग्रेस के प्रत्याशी दूसरे स्थान पर रहे थे। यह भी तय किया गया है कि बातचीत के दूसरे चरण में, उन सीटों पर चर्चा की जाएगी, जिन्हें सहमति के मार्ग में अवरोधक माना जा रहा है और जिन सीटों पर पिछले चुनाव में वाममोर्चा-कांग्रेस के बीच दोस्ताना भिड़ंत हुई थी। 

पश्चिम बंगाल वाममोर्चा के अध्यक्ष विमान बसु,  सीपीआई (एम) के राज्य सचिव सूर्यकांत मिश्रा,  आरएसपी के राज्य सचिव विश्वनाथ चौधरी,  सीपीआई के राज्य सचिव स्वप्न बनर्जी, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एवं लोक सभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, सांसद प्रदीप भट्टाचार्य, मनोज चक्रवर्ती और नेपाल महतो ने भी चर्चा में भाग लिया। 

ब्रिगेड रैली में आमंत्रित होंगे सीताराम येचुरी और राहुल गांधी

इन नेताओं ने कहा कि सीटों पर तालमेल को लेकर होने वाली बातचीत फरवरी के पहले सप्ताह तक पूरी हो जाएगी।  उन्होंने कहा कि भाजपा उनकी पहली दुश्मन पार्टी होगी, लेकिन भाजपा को हराकर तृणमूल कांग्रेस की पराजय भी सुनिश्चित की जाएगी। 

बसु ने बताया कि  “जन विरोधी” भाजपा और टीएमसी को चुनाव में हराने के लिए हरेक को इसमें शामिल करने का निर्णय लिया गया है।  उन्होंने बताया कि 28 फरवरी को कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड  में एक विशाल रैली होगी। इस रैली में भाग लेने के लिए कांग्रेस सांसद राहुल गांधी  और सीपीआई (एम) के महासचिव सीताराम येचुरी को भी आमंत्रित किया जाएगा। 

प्रेस से बातचीत करते हुए कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि भाजपा का कमल और तृणमूल कांग्रेस की दो पत्तियां एक ही थैली के चट्टे-बट्टे हैं और इन दोनों को हराना वाममोर्चा-कांग्रेस के चुनावी गठबंधन का पहला लक्ष्य होगा। 

अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि सीपीआई (एम) का प.बंगाल में सरकार चलाने का एक लंबा अनुभव रहा है और  उसी तरह, कांग्रेस का भी केंद्र की सत्ता  रहने का लंबा रिकॉर्ड है।  उन्होंने कहा कि ये दोनों अनुभव राज्य की जनता की भलाई में काम आएंगे। 

सांप्रदायिक उन्माद बढ़ा सकती है भाजपा की रथ यात्रा

वाम मोर्चा के अध्यक्ष विमान बसु और  कांग्रेस सांसद अधीर रंजन चौधरी ने भाजपा की प्रस्तावित रथयात्रा को आड़े हाथों लिया।  बसु ने भाजपा को धर्म का “सौदागर” बताया जबकि अधीर रंजन ने  प्रदेश की ममता बनर्जी सरकार से अनुरोध किया कि वह भाजपा की रथयात्रा न होने दे और इस पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाए क्योंकि यह राज्य में दंगा भड़काने की उसकी एक चाल है। 

बाद में संवाददाताओं के सवालों के  जवाब देते हुए अधीर रंजन ने यह भी आरोप लगाया की 26 जनवरी को दिल्ली में हुई घटनाएं दिल्ली पुलिस की तरफ से “जानबूझकर की गई खुफ़िया विफलता” है। उन्होंने कहा कि भाजपा इस मसले पर अपनी राजनीति करना चाहती थी  और पूछा कि गणतंत्र दिवस के मौके पर जब पूरी राष्ट्रीय राजधानी में सामान्यत: “हाई अलर्ट” होता है, इसके बावजूद इस तरह के उपद्रव कैसे हुए? 

अंग्रेज़ी में प्रकाशित मूल ख़बर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें

West Bengal Polls: Left-Congress Alliance in Agreement over 193 out of 294 Seats

Left Front
West Bengal
West Bengal Polls
Bengal Assembly Elections
Biman Basu
Adhir Choudhury
CPIM

Related Stories

राज्यपाल की जगह ममता होंगी राज्य संचालित विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति, पश्चिम बंगाल कैबिनेट ने पारित किया प्रस्ताव

त्रिपुरा: सीपीआई(एम) उपचुनाव की तैयारियों में लगी, भाजपा को विश्वास सीएम बदलने से नहीं होगा नुकसान

प. बंगाल : अब राज्यपाल नहीं मुख्यमंत्री होंगे विश्वविद्यालयों के कुलपति

पश्चिम बंगालः वेतन वृद्धि की मांग को लेकर चाय बागान के कर्मचारी-श्रमिक तीन दिन करेंगे हड़ताल

आशा कार्यकर्ताओं को मिला 'ग्लोबल हेल्थ लीडर्स अवार्ड’  लेकिन उचित वेतन कब मिलेगा?

श्रृंगार गौरी के दर्शन-पूजन मामले को सुनियोजित रूप से ज्ञानवापी मस्जिद-मंदिर के विवाद में बदला गयाः सीपीएम

झारखंड : हेमंत सरकार को गिराने की कोशिशों के ख़िलाफ़ वाम दलों ने BJP को दी चेतावनी

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

मछली पालन करने वालों के सामने पश्चिम बंगाल में आजीविका छिनने का डर - AIFFWF

शाहीन बाग़ : देखने हम भी गए थे प तमाशा न हुआ!


बाकी खबरें

  • workers
    रौनक छाबड़ा
    दिल्ली: ट्रेड यूनियन के साइकिल अभियान ने कामगारों के ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा शुरू करवाई
    18 Oct 2021
    ट्रेड यूनियनों की मुख्य मांग में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में 26000 न्यूनतम भत्ता और चार लेबर कोड की वापसी शामिल हैं।
  • cartoon
    आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: कहीं पे निगाहें, कहीं पर निशाना
    18 Oct 2021
    जैसे-जैसे देश में चुनाव आते हैं, अचानक कश्मीर आ जाता है, बांग्लादेश आ जाता है, पाकिस्तान तो बिना न्यौते के ही जाता है। फिर कैमरे के फ़ोकस में बाक़ी देश को हटाकर इन जगहों को सेट कर दिया जाता है ताकि…
  • mayawati
    लाल बहादुर सिंह
    सियासत: उत्तर प्रदेश चुनाव में दलित एजेंडा कहां है?
    18 Oct 2021
    तथ्य यह है कि  डबल इंजन  सरकार की चौतरफ़ा तबाही का जो तबका सबसे बदतरीन शिकार हुआ है,  सबसे बड़ी मार जिस तबके पर पड़ी है, वे दलित ही हैं।
  • covid
    ऋचा चिंतन
    टीबी के ख़िलाफ़ भारत की जंग: बदतर हालात, चुप्पी साधे सरकार, दवाओं के स्टॉक खाली
    18 Oct 2021
    टीबी के खिलाफ वैश्विक लड़ाई में भारत का खराब प्रदर्शन जारी है, लेकिन डेलमानिड के स्टॉकआउट होने और परीक्षण किट्स की कमी के रूप में अतिरिक्त चुनौतियां सामने आ रही हैं। इन कमियों के बारे में…
  • mukesh
    राज वाल्मीकि
    मुकेश मानस; असमय स्मृति शेष : क्यों तुम चले गए!
    18 Oct 2021
    मुकेश जी आपका यूं अचानक चले जाना आपके सभी चाहने वालों के लिए, दलित साहित्य और दलित प्रगतिशील आंदोलन के लिए, हमसब के लिए गहरा सदमा है। हमें इस तरह का दुखद सरप्राइज देते हुए जाना नहीं था आपको!
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License