NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
उत्पीड़न
भारत
राजनीति
आख़िर विपक्ष ‘बीजेपी नेताओं से बेटी बचाओ’ की बात क्यों कर रहा है?
मध्य प्रदेश के गैंगरेप मामले में जैतपुर के बीजेपी मंडल अध्यक्ष का नाम सामने आने के बाद एक बार फिर लोग कठुआ, चिन्मयानंद और सेंगर मामले को याद करने लगे हैं।
सोनिया यादव
22 Feb 2021
आख़िर विपक्ष ‘बीजेपी नेताओं से बेटी बचाओ’ की बात क्यों कर रहा है?

मोदी सरकार ने देश की बेटियों के लिए ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ का नारा दिया था, हालांकि ये नारा अब बेटियों की सुरक्षा के लिए कम और आए दिन बीजेपी की खुद की फज़ीहत के लिए ज्यादा इस्तेमाल होने लगा है। जैसे-जैसे बीजेपी नेताओं के नाम महिलाओं के शोषण-उत्पीड़न से जुड़ने लगे हैं, वैसे-वैसे ‘बीजेपी नेताओँ से बेटी बचाओं’ की आवाज़ें भी तेज़ होने लगी हैं।

अब मध्य प्रदेश के शहडोल ज़िले से एक बीजेपी पदाधिकारी का नाम अपहरण और गैंगरेप मामले में सामने आया है। आनन-फानन में बीजेपी ने आरोपी नेता को पार्टी से तो निलंबित कर दिया है लेकिन सवाल अभी भी बरकरार है कि आख़िर उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में बलात्कार की बढ़ती घटनाओं के बीच सत्ताधारी पार्टी बीजेपी के नेताओं के नाम बार-बार क्यों सामने आ रहे हैं, क्या वाकई बीजेपी महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर है भी?

क्या है पूरा मामला?

प्राप्त जानकारी के मुताबिक शहडोल जिले के जैतपुर में बीते गुरुवार, 18 फरवरी को एक उन्नीस-बीस साल की लड़की का पहले अपहरण किया गया और फिर उसे दो दिन तक नशे की हालत में बंदी बनाकर उसके साथ बार-बार गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया गया। पीड़ित लड़की ने जिन चार लोगों पर आरोप लगाया है,  उनमें से एक नाम सत्ताधारी पार्टी बीजेपी के मंडल अध्यक्ष का भी है। फिलहाल पुलिस के हाथ खाली हैं और चारों आरोपी फरार हैं।

मीडिया में आई खबरों के मुताबिक होश में आने के बाद पीड़िता ने पुलिस को अपनी आपबीती सुनाई और सभी आरोपियों के नाम भी पुलिस को बताए। एनडीटीवी के मुताबिक इन सभी आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 376, 242, 34 के तहत मामला दर्ज किया गया है।

अमर उजाला के अनुसार पीड़िता ने आपबीती सुनाते हुए कहा, “18 फरवरी की शाम करीब 7:30 बजे घर के बाहर टहलने निकली थी। उसी समय एक कार आई। उसमें से कुछ लोग उतरे और मेरा मुंह दबाकर जबरन कार में बैठा लिया। वे मुझे जैतपुर से करीब 8 किमी दूर गाड़ाघाट स्थित फार्म हाउस ले गए। मुझे पहले नशे का इंजेक्शन दिया गया, फिर शराब पिलाई गई। फिर चार लोगों ने दुष्कर्म किया। 20 फरवरी को मेरी तबीयत बिगड़ने के बाद रात करीब 9:30 बजे बेहोशी की हालत में वे मुझे घर के सामने छोड़कर चले गए। कराहने की आवाज सुनकर परिजन बाहर निकले और मुझे उठाकर अंदर ले गए।”

पुलिस क्या कह रही है?

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकेश वैश्य ने मीडिया को बताया कि युवती को चार लोगों ने अगवा किया और वे उसे जैतपुर पुलिस थाना क्षेत्र के तहत आने वाले गाड़ाघाट इलाके में स्थित एक फार्म हाउस में ले गए, वहां उन्होंने युवती को जबरदस्ती शराब पिलाई और 18-19 फरवरी को उसके साथ बलात्कार किया।

उन्होंने कहा कि बलात्कार के बाद आरोपी युवती को 20 फरवरी को उसके घर के सामने गंभीर अवस्था में फेंक कर फरार हो गए थे। युवती की हालत ठीक नहीं होने के कारण उसे पहले जैतपुर स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से चिकित्सकों ने उसे शहडोल जिला अस्पताल रेफर कर दिया।

वैश्य ने बताया कि पीड़िता ने रविवार, 21 फरवरी को चार लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। मामले में चारों आरोपियों विजय त्रिपाठी, मुन्ना सिंह, शिक्षक राजेश शुक्ला और मोनू महाराज के खिलाफ रविवार को मामला दर्ज कर लिया गया। फिलहाल चारों आरोपी फरार हैं और पुलिस उनकी तलाश कर रही है।

बीजेपी क्या कह रही है?

शहडोल जिले के भाजपा अध्यक्ष कमल प्रताप सिंह ने एक बयान जारी कर बताया कि मीडिया द्वारा यह मामला पार्टी के संज्ञान में आया है कि विजय त्रिपाठी, मंडल अध्यक्ष भाजपा जैतपुर के ऊपर जैतपुर में बलात्कार के आरोप में मामला दर्ज किया गया है।

उन्होंने कहा कि सामूहिक बलात्कार मामले में विजय त्रिपाठी का नाम आने के बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से जैतपुर मंडल अध्यक्ष पद से निष्कासित कर दिया गया और पार्टी से उसकी प्राथमिक सदस्यता समाप्त कर दी गई।

letter

सिंह ने कहा, “भाजपा ऐसे आचरण व अपराध की कड़ी निंदा करती है। अत: अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए विजय त्रिपाठी को तत्काल प्रभाव से पद हटाया जाता है और पार्टी से उसकी प्राथमिक सदस्यता समाप्त की जाती है।”

विपक्ष क्या कह रहा है?

इस घटना के सामने आने के बाद मध्य प्रदेश कांग्रेस ने शिवराज सिंह चौहान सरकार पर निशाना साधते हुए ट्वीट कर कहा कि शिवराज जी, भाजपा नेताओं से बेटी बचाओ।

शहडोल में सामूहिक दुष्कर्म,
—बीजेपी मंडल अध्यक्ष सहित 4 आरोपी;

शहडोल ज़िले की एक युवती को बंधक बनाकर फ़ॉर्म हाउस ले गये और फिर बीजेपी मंडल अध्यक्ष समेत कई लोगों ने सामूहिक दुष्कर्म किया।

शिवराज जी,
बीजेपी नेताओं से बेटी बचाओ।

“शवराज चरम पर है” pic.twitter.com/OMK3GkmbXb

— MP Congress (@INCMP) February 22, 2021

मीडिया रिपोर्ट को शेयर करते हुए मध्य प्रदेश कांग्रेस ने ट्वीट किया, “शहडोल में सामूहिक दुष्कर्म, बीजेपी मंडल अध्यक्ष सहित 4 आरोपी; शहडोल ज़िले की एक युवती को बंधक बनाकर फार्म हाउस ले गए और फिर बीजेपी मंडल अध्यक्ष समेत कई लोगों ने सामूहिक दुष्कर्म किया। शिवराज जी, बीजेपी नेताओं से बेटी बचाओ। शवराज चरम पर है।”

क्या बीजेपी अपराधियों को बढ़ावा देती है?

गौरतलब है कि इस मामले के बाद लोग सोशल मीडिया पर बीजेपी नेताओं के पुराने मामलों को याद करने लगे हैं। कई लोगों का कहना है कि बीजेपी ऐसे लोगों का संरक्षण करती है, पीड़ित को प्रताड़ित करती है, जिससे अपराधियों को बढ़ावा मिलता है।

उन्नाव का कुलदीप सिंह सेंगर मामला आपको याद होगा, वो बीजेपी के टिकट पर विधायक था, उसके समर्थन में कई बीजेपी के बड़े नेता खुलकर सामने आए थे। सेंगर को बचाने की भरपूर कोशिश हुई, पीड़िता को बार-बार प्रताड़ित किया गया। आखिरकार कोर्ट ने सेंगर को दोषी करार दिया लेकिन तब तक पीड़ित लड़की के घर को तबाह कर दिया गया।

A 19-year-old woman in Shahdol was abducted & raped. She named BJP Jaitpur mandal chief Vijay Tripathi as the main culprit. When some BJP leaders like Kuldeep Sengar are in jail for rape & others walk in support of rapists, no wonder the women of states like MP & UP feel unsafe!

— Dr. Shama Mohamed (@drshamamohd) February 22, 2021

चिन्मयानंद मामले में पीड़ित लड़की को पहले जेल भेज दिया गया, फिर लड़की कोर्ट में अपने बयान से मुकर गई। यहां भी आरोपी स्वामी चिन्मयानंद बीजेपी के बड़े नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री तक रह चुके हैं।

कठुआ में मासूम बच्ची के बलात्कार और हत्या मामले में आरोपियों के समर्थन में  बीजेपी नेताओं की रैली ने भी कई सवाल खड़े किए। तो वहीं हाल ही में मीटू मामले में पूर्व विदेश राज्यमंत्री एमजे अकबर की हार ने सत्ताधीशों को एक करारा जवाब भी दिया है।

Madhya Pradesh
gang rape
BJP Leaders
beti bachao beti padhao
Beti Bachao
BJP
Modi Govt
Congress
crimes against women
violence against women

Related Stories

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

मूसेवाला की हत्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, कांग्रेस ने इसे ‘राजनीतिक हत्या’ बताया

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

मनासा में "जागे हिन्दू" ने एक जैन हमेशा के लिए सुलाया

‘’तेरा नाम मोहम्मद है’’?... फिर पीट-पीटकर मार डाला!

कॉर्पोरेटी मुनाफ़े के यज्ञ कुंड में आहुति देते 'मनु' के हाथों स्वाहा होते आदिवासी

मध्यप्रदेश: गौकशी के नाम पर आदिवासियों की हत्या का विरोध, पूरी तरह बंद रहा सिवनी

यूपी : महिलाओं के ख़िलाफ़ बढ़ती हिंसा के विरोध में एकजुट हुए महिला संगठन

राम सेना और बजरंग दल को आतंकी संगठन घोषित करने की किसान संगठनों की मांग

रुड़की से ग्राउंड रिपोर्ट : डाडा जलालपुर में अभी भी तनाव, कई मुस्लिम परिवारों ने किया पलायन


बाकी खबरें

  • tourism sector
    भाषा
    कोरोना के बाद से पर्यटन क्षेत्र में 2.15 करोड़ लोगों को रोज़गार का नुकसान हुआ : सरकार
    15 Mar 2022
    पर्यटन मंत्री ने बताया कि सरकार ने पर्यटन पर महामारी के प्रभावों को लेकर एक अध्ययन कराया है और इस अध्ययन के अनुसार, पहली लहर में 1.45 करोड़ लोगों को रोजगार का नुकसान उठाना पड़ा जबकि दूसरी लहर में 52…
  • election commission of India
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिल्ली नगर निगम चुनाव टाले जाने पर विपक्ष ने बीजेपी और चुनाव आयोग से किया सवाल
    15 Mar 2022
    दिल्ली चुनाव आयोग ने दिल्ली नगर निगम चुनावो को टालने का मन बना लिया है। दिल्ली चुनावो की घोषणा उत्तर प्रदेश और बाकी अन्य राज्यों के चुनावी नतीजों से पहले 9 मार्च को होनी थी लेकिन आयोग ने इसे बिल्कुल…
  • hijab
    सीमा आज़ाद
    त्वरित टिप्पणी: हिजाब पर कर्नाटक हाईकोर्ट का फ़ैसला सभी धर्मों की औरतों के ख़िलाफ़ है
    15 Mar 2022
    इस बात को दरअसल इस तरीके से पढ़ना चाहिए कि "हर धार्मिक रीति का पालन करना औरतों का अनिवार्य धर्म है। यदि वह नहीं है तभी उस रीति से औरतों को आज़ादी मिल सकती है, वरना नहीं। "
  • skm
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    एमएसपी पर फिर से राष्ट्रव्यापी आंदोलन करेगा संयुक्त किसान मोर्चा
    15 Mar 2022
    एसकेएम ने फ़ैसला लिया है कि अगले महीने 11 से 17 अप्रैल के बीच एमएसपी की क़ानूनी गारंटी सप्ताह मना कर राष्ट्रव्यापी अभियान की शुरूआत की जाएगी। 
  • Karnataka High Court
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    हिजाब  मामला: हिजाब इस्लाम का अभिन्न हिस्सा नहीं, कर्नाटक उच्च न्यायालय ने खारिज की याचिका
    15 Mar 2022
    अदालत ने अपना फ़ैसला सुनते हुए यह भी कहा कि शिक्षण संस्थानों में यूनिफ़ॉर्म की व्यवस्था क़ानूनी तौर पर जायज़ है और इसे संविधान के तहत दी गई अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के अधिकार का उल्लंघन नहीं कहा जा…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License