NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
अमेरिका: बाइडेन ने उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के लिए भारतीय मूल की हैरिस को चुना
ऐसा पहली बार हुआ है, जब कोई काली महिला देश की किसी बड़ी पार्टी की ओर से उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनी हैं। यदि हैरिस उपराष्ट्रपति बन जाती हैं, तो वह इस पद पर काबिज होने वाली अमेरिका की पहली महिला होंगी और देश की पहली भारतीय-अमेरिकी और अफ्रीकी उपराष्ट्रपति होंगी।
एपी/भाषा
12 Aug 2020
 America: Biden selected Harris of Indian origin to be the Vice Presidential candidate

वाशिंगटन: अमेरिका के राष्ट्रपति पद के चुनाव में डेमोक्रेटिक पार्टी के संभावित उम्मीदवार जो बाइडेन ने देश में नस्ली भेदभाव के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों के मद्देनजर उपराष्ट्रपति पद (अपनी रनिंग मेट) के उम्मीदवार के लिए कमला हैरिस को चुना।

इससे पहले, जो बाइडेन डेमोक्रेटिक पार्टी की ओर से उपराष्ट्रपति पद के लिए मिशिगन की गवर्नर ग्रेचन व्हिटमर को चुनना चाहते थे। व्हिटमर ने मिशिगन में लोकप्रियता और कोरोना वायरस संक्रमण के खिलाफ अपने आक्रामक रवैये के कारण बाइडेन और उनकी चुनाव प्रचार मुहिम टीम का ध्यान खींचा था, लेकिन इसी बीच पुलिस कार्रवाई में काले व्यक्ति जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के बाद नस्ली भेदभाव और असमानता के खिलाफ देशभर में प्रदर्शन शुरू हो गए।

उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के चयन की प्रक्रिया से अवगत डेमोक्रेटिक पार्टी के उच्च अधिकारी ने बताया कि इन प्रदर्शनों के बीच व्हिटमर ने बाइडेन की टीम को लिखे पत्र में कहा था कि वह अपने नाम पर विचार किए जाने से सम्मानित महसूस कर रही हैं, लेकिन अब वह इस पद की उम्मीदवारी का दावेदार नहीं बनना चाहतीं। उन्होंने इस पद के लिए किसी काली महिला को उम्मीदवार बनाए जाने की सिफारिश की थी।

अधिकारी ने बताया कि बाइडेन ने व्हिटमर से व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनसे अपने फैसले पर पुन: विचार करने को कहा था और वह उम्मीदवार बनने के लिए राजी हो गई थीं, लेकिन डेमोक्रेटिक पार्टी के अन्य सदस्य चाहते थे कि बाइडेन किसी काली महिला को उपराष्ट्रपति पद के लिए चुनें।

फ्लॉयड और अन्य काले अमेरिकियों की मौत के बाद देशभर में प्रदर्शन बढ़ने के बीच डेमोक्रेटिक पार्टी के कई सदस्यों ने बाइडेन से अपील की कि वे चुनाव में अश्वेत लोगों की महत्ता के मद्देनजर इस पद के लिए काले रंग की किसी महिला का चयन करें।


उन्होंने बताया कि इन सभी बातों पर विचार करते हुए बाइडेन ने कैलिफोर्निया की सीनेटर कमला हैरिस को चुना।

ऐसा पहली बार हुआ है, जब कोई काली महिला देश की किसी बड़ी पार्टी की ओर से उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनी हैं। यदि हैरिस उपराष्ट्रपति बन जाती हैं, तो वह इस पद पर काबिज होने वाली अमेरिका की पहली महिला होंगी और देश की पहली भारतीय-अमेरिकी और अफ्रीकी उपराष्ट्रपति होंगी।

हैरिस (55) के पिता अफ्रीकी और मां भारतीय हैं। वह अमेरिका के कैलिफोर्निया की सीनेटर हैं। पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा हैरिस को अक्सर पथप्रदर्शक बताते हैं।


हैरिस के चुनाव से ट्रम्प को हैरत!

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि वह इस बात से काफी हैरान हैं कि उनके डेमोक्रेटिक प्रतिद्वंद्वी जो बाइडेन ने भारतीय मूल की सीनेटर कमला हैरिस को उप राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार (अपना रनिंग मेट) चुना है जबकि वह लगातार उनका ‘‘अनादर’’ करती रही हैं।

ट्रम्प ने व्हाइट हाउस में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘ हम देखेंगे वह कैसे काम करती हैं। उन्होंने प्राइमरी में बेहद खराब प्रदर्शन किया था। उनके बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद थी।’’

उन्होंने कहा, ‘‘वह कई चीजों को लेकर चर्चा में थीं, इसलिए मुझे बाइडेन द्वारा उनका चयन करने पर थोड़ा अचम्भा हो रहा है।’’

ट्रम्प ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘ इतना अनादर करने वाले व्यक्ति का चयन करना कठिन काम है। डेमोक्रेट प्राइमरी डिबेट के दौरान उन्होंने बाइडेन के बारे में बेहद खराब बातें कहीं। मुझे लगा था कि वह उनका चयन नहीं करेंगे।’’

वहीं उप राष्ट्रपति माइक पेंस का कहना है कि उन्हें हैरिस के चयन से कोई हैरानी नहीं हुई है।

उन्होंने कहा, ‘‘ जैसा आप सभी को पता है कि कट्टरपंथी वाम बाइडेन और डेमोक्रेट पर हावी हो गए हैं। इसलिए उच्च कर, खुली सीमाओं, मांग पर गर्भपात आदि उनके वादों को देखते हुए, इसमें कोई आश्चर्य की बात नहीं है कि उन्होंने सीनेटर हैरिस को चुना है।’

पेंस और हैरिस के बीच सात अक्टूबर को उप राष्ट्रपति के पद के लिए डिबेट होगी।

Kamala Harris
Joe Biden
America
USA
USA Elections

Related Stories

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शक्ति संतुलन में हो रहा क्रांतिकारी बदलाव

अमेरिकी आधिपत्य का मुकाबला करने के लिए प्रगतिशील नज़रिया देता पीपल्स समिट फ़ॉर डेमोक्रेसी

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

छात्रों के ऋण को रद्द करना नस्लीय न्याय की दरकार है

भारत में सामाजिक सुधार और महिलाओं का बौद्धिक विद्रोह

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

गर्भपात प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट के लीक हुए ड्राफ़्ट से अमेरिका में आया भूचाल


बाकी खबरें

  • leather industry
    न्यूज़क्लिक टीम
    बंद होने की कगार पर खड़ा ताज नगरी का चमड़ा उद्योग
    10 Feb 2022
    आगरा का मशहूर चमड़ा उद्योग और उससे जुड़े कारीगर परेशान है। इनका कहना है कि सरकार इनकी तरफ ध्यान नही दे रही जिसकी वजह से पॉलिसी दर पॉलिसी इन्हें नुकसान पे नुक्सान हो रहा है।
  • Lakhimpur case
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर कांड: मुख्य आरोपी और केंद्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा को मिली ज़मानत
    10 Feb 2022
    केंद्रीय मंत्री के बेटे की ओर से पेश वकील ने अदालत से कहा था कि उनका मुवक्किल निर्दोष है और उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं है कि उसने किसानों को कुचलने के लिए घटना में शामिल वाहन के चालक को उकसाया था।
  • uttarakhand
    मुकुंद झा
    उत्तराखंड चुनाव : टिहरी बांध से प्रभावित गांव आज भी कर रहे हैं न्याय की प्रतीक्षा!
    10 Feb 2022
    उत्तराखंड के टिहरी ज़िले में बने टिहरी बांध के लिए ज़मीन देने वाले ग्रामीण आज भी बदले में ज़मीन मिलने की आस लगाए बैठे हैं लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है।
  •  Bangladesh
    पीपल्स डिस्पैच
    बांग्लादेश: सड़कों पर उतरे विश्वविद्यालयों के छात्र, पुलिस कार्रवाई के ख़िलाफ़ उपजा रोष
    10 Feb 2022
    बांग्लादेश में शाहजलाल विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के छात्रों के खिलाफ हुई पुलिस कार्रवाई के बाद, देश के कई विश्वविद्यालयों में छात्र एकजुटता की लहर दौड़ गई है। इन प्रदर्शनकारी छात्रों ने…
  • Newsletter
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    वैश्विक निरक्षरता के स्थिर संकट के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाएँ
    10 Feb 2022
    संयुक्त राष्ट्र ने नोट किया कि 'दुनिया भर में 150 करोड़ से अधिक छात्र और युवा कोविड-19 महामारी के कारण बंद स्कूल और विश्वविद्यालयों से प्रभावित हो रहे हैं या प्रभावित हुए हैं'; कम से कम 100 करोड़…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License