NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
बोलिविया : एमएएस नेताओं का राजनीतिक उत्पीड़न जारी
एमएएस अधिकारियों और नेताओं का राजनीतिक उत्पीड़न तख़्तापलट के बाद बनी सरकार में एक नियमित अभ्यास बन गया है।
पीपल्स डिस्पैच
07 Feb 2020
bolivia

6 फ़रवरी को वामपंथी पार्टी मूवमेंट टुवर्ड्स सोशलिज़्म(एमएएस) के एक और सदस्य गुस्तावो टोरिको को "राजद्रोह और आतंकवाद" के कथित आरोप में बोलिविया की पुलिस ने गिरफ़्तार कर लिया।

स्पेशल फ़ोर्स फ़ॉर द फ़ाइट अगेंस्ट क्राइम(एफ़ईएलसीसी) के अधिकारियों ने एमएएस नेता और डिपार्टमेंट ऑफ़ ला पाज़ से संसद सदस्य टोरिको को तब गिरफ़्तार किया, जब वो अपने घर से काम पर जाने के लिए निकल रहे थे।

टोरिको ने कहा, "यह पूरी तरह से ग़ैर क़ानूनी है। मुझे समझ नहीं आ रहा है कि मुझे हथकड़ियां क्यों पहनाई गई हैं। इसमें कोई राजद्रोह नहीं है। उन्होंने एक मसिस्ता को पकड़ लिया है, और मैं मसिस्ता बन कर ही रहूंगा।"

एमएएस पार्टी और उसके नेताओं ने इसे राजनीतिक उत्पीड़न के एक अधिनियम के रूप में लेबल किया है, जो पूर्व राष्ट्रपति के खिलाफ नागरिक-सैन्य तख्तापलट के बाद बनी आंएज़ की दक्षिणपंथी सरकार में आम बात हो गई है। यह तख्तापलट लोकतांत्रिक रूप से चुने गए पूर्व राष्ट्रपति इवो मोरालेस के ख़िलाफ़ 10 नवंबर को हुआ था।

मोरालेस ने भी टोरिको की गिरफ़्तारी की निंदा की है। उन्होंने ट्वीट किया, "बोलिविया में नियम कानून की अनुपस्थिति का एक और प्रमाण ला पाज़ के लिए विधानसभा सदस्य गुस्तावो टोरिको की अवैध गिरफ़्तारी है। गुस्तावो और उनके परिवार के साथ मेरी एकजुटता है, जो डी-फैक्टो सरकार के शिकार हुए हैं।"

एमएएस के नेता लुइस एर्स के राष्ट्रपति पद की उम्मीदवारी के बारे में पता लगने के बाद से तख्तापलट के बाद एमएएस पदाधिकारियों और सामाजिक नेताओं के चयनात्मक उत्पीड़न की जमकर आलोचना हुई है और सभी पोल में उन्हें 3 मई को होने वाले आम चुनावों का विजेता माना जा रहा है।

पिछले महीने, डी-फैक्टो सरकार ने उनके खिलाफ झूठे भ्रष्टाचार का मामला दर्ज करके आगामी चुनाव में एर्स की भागीदारी को बाधित करने की कोशिश की थी। हालांकि, लगातार राजनीतिक उत्पीड़न के बावजूद एमएएस ने अपने उम्मीदवारों की सूची राष्ट्रपति, उप-राष्ट्रपति, सीनेटरों और डिप्टी के लिए प्रस्तुत की और सफलतापूर्वक 3 फरवरी को सुप्रीम इलेक्टोरल कोर्ट (TSE) के कार्यालय में अपना नामांकन दाखिल किया।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

bolivia
MAS
Political harassment
MAS officers
Movement Towards Socialism
Left party
FELCC

Related Stories

क्या चिली की प्रगतिशील सरकार बोलीविया की समुद्री पहुंच के रास्ते खोलेगी?

दुनिया भर की: दक्षिण अमेरिका में वाम के भविष्य की दिशा भी तय करेंगे बोरिक

पत्रकारिता एवं जन-आंदोलनों के पक्ष में विकीलीक्स का अतुलनीय योगदान 

दुनिया भर की: मध्य अमेरिका में एक और कास्त्रो का उदय

‘सदन में डी. राजा’: दलितों-वंचितों-महिलाओं की आवाज़ उठाने वाला नेता

त्रिपुरा में भाजपा द्वारा वाम मोर्चे और मीडिया संस्थानों पर बर्बर हिंसा के ख़िलाफ़ दिल्ली में माकपा का रोष प्रदर्शन

बोलिवियाई लोगों को तख्तापलट करने वाली नेता जीनिन आनेज़ के जेल से भागने की आशंका

बोलिविया के तख़्तापलट में शस्त्र मुहैया कराने के मामले में अर्जेंटीना ने जांच शुरू की

बोलीविया सरकार ने इक्वाडोर द्वारा तख़्तापलट सरकार को हथियारों की आपूर्ति की जांच की

बोलिविया में तख्तापलट का नेतृत्व करने के लिए जीनिन अनेज गिरफ़्तार


बाकी खबरें

  • कोविड-19 से पैदा हुआ दर्द : निजी क्षेत्र और नीति आयोग के लिए एक 'मौक़ा'?
    रिचा चिंतन
    कोविड-19 से पैदा हुआ दर्द : निजी क्षेत्र और नीति आयोग के लिए एक 'मौक़ा'?
    10 Aug 2021
    व्यापक पैमाने पर अनियंत्रित निजी क्षेत्र के अस्पतालों में बढ़ा-चढ़ाकर बिल देने और ग़ैर-ज़रूरी इलाज़ करने की कई घटनाएं सामने आई हैं। एक तरफ़ नीति आयोग निजी खिलाड़ियों को इस क्षेत्र में प्रोत्साहन की…
  • मिथिला: यहां मधुश्रावणी पर्व के नाम पर आज भी होती है पत्नियों की 'अग्निपरीक्षा’!
    एकता वर्मा
    मिथिला: यहां मधुश्रावणी पर्व के नाम पर आज भी होती है पत्नियों की 'अग्निपरीक्षा’!
    10 Aug 2021
    बिहार के मिथिला क्षेत्र में मनाए जाने वाले मधुश्रावणी पर्व में 14 दिनों तक नवविवाहिताएँ बिना नमक का और वह भी सिर्फ़ एक बार खाना खाकर ‘व्रत’ करती हैं, ज़मीन पर सोती हैं और अंतिम दिन महिला के घुटनों और…
  • यूएन की जलवायु रिपोर्ट में तबाही की चेतावनी, वैश्विक तापमान में वृद्धि को रोकने के लिए तत्काल वैश्विक कार्रवाई का आह्वान
    पीपल्स डिस्पैच
    यूएन की जलवायु रिपोर्ट में तबाही की चेतावनी, वैश्विक तापमान में वृद्धि को रोकने के लिए तत्काल वैश्विक कार्रवाई का आह्वान
    10 Aug 2021
    इस रिपोर्ट में भविष्यवाणी की गई है कि अगर हम अभी ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन में कटौती के लिए कड़े उपाय करते हैं, तो भी तापमान स्थिर होने से पहले कम से कम अगले 30 वर्षों तक बढ़ता रहेगा।
  • यमन के लोगों ने सऊदी के नेतृत्व वाले सैन्य गठबंधन के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन किया, युद्ध के लिए अमेरिका को दोषी ठहराया
    पीपल्स डिस्पैच
    यमन के लोगों ने सऊदी के नेतृत्व वाले सैन्य गठबंधन के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन किया, युद्ध के लिए अमेरिका को दोषी ठहराया
    10 Aug 2021
    सऊदी अरब और यूएई को अमेरिकी एजेंडा को लागू करने के लिए "व्हाइट हाउस का उपकरण" बताते हुए इन प्रदर्शनकारियों ने यमन में युद्ध और पीड़ा के लिए अमेरिका को ज़िम्मेदार पूरी तरह से ठहराया।
  • मुस्लिम विरोधी नारे: पुलिस ने 6 लोगों को हिरासत में लिया लेकिन उठ रहे है गंभीर सवाल- पुलिस क्यों बनी रही मूकदर्शक!
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    मुस्लिम विरोधी नारे: पुलिस ने 6 लोगों को हिरासत में लिया लेकिन उठ रहे है गंभीर सवाल- पुलिस क्यों बनी रही मूकदर्शक!
    10 Aug 2021
    भारी जन दबाव के बाद पुलिस हरकत में आई है और इस मामले में बीजेपी नेता अश्वनी उपाध्याय समेत छह लोगो को हिरासत में लिया गया है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License