NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कोल इंडिया के चेयरमैन ने यूनियन से कहा, कर्मचारियों को 50 प्रतिशत वेतनवृद्धि देना मुश्किल
कर्मचारी यूनियनों ने कोल इंडिया प्रबंधन को अपना मांग पत्र दिया है जिसमें पांच साल के अवधि के दौरान वेतन में कम से कम 50 प्रतिशत वृद्धि की मांग शामिल है।
भाषा
19 Aug 2021
कोल इंडिया के चेयरमैन ने यूनियन से कहा, कर्मचारियों को 50 प्रतिशत वेतनवृद्धि देना मुश्किल
फ़ोटो साभार: सोशल मीडिया

नयी दिल्ली: कोल इंडिया के चेयरमैन प्रमोद अग्रवाल ने कहा है कि सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी के लिए अपने कर्मचारियों को 50 प्रतिशत वेतनवृद्धि देना मुश्किल है। यूनियनों ने इसकी मांग प्रबंधन के समक्ष की है। यूनियन के एक नेता ने बताया कि चेयरमैन ने कहा है कि कंपनी के समक्ष वित्तीय दिक्कतों की वजह से कर्मियों को 50 प्रतिशत की वेतनवृद्धि देना संभव नहीं है।

हिंद मजदूर सभा से संबद्ध हिंद खदान मजदूर फेडरेशन के अध्यक्ष नाथूलाल पांडेय ने कहा कि कर्मचारियों के वेतन के मुद्दे पर बुधवार को उनकी कोल इंडिया के चेयरमैन के साथ बैठक हुई।

पांडेय ने कहा, ‘‘चेयरमैन ने बताया कि कंपनी के समक्ष वित्तीय दिक्कतों की वजह से अभी कर्मचारियों को 50 प्रतिशत की वेतनवृद्धि देना मुश्किल है। यदि कंपनी 10 प्रतिशत की भी वेतनवृद्धि देती है, तो इससे उस पर 5,000 करोड़ रुपये का वित्तीय बोझ पड़ेगा।’’

कोल इंडिया के कर्मचारियों के वेतन में प्रत्येक पांचवें साल में संशोधन किया जाता है। कर्मचारियों की वेतनवृद्धि जुलाई, 2021 में होनी थी।

कोल इंडिया ने 2017 में कर्मचारी यूनियनों के साथ वेतन करार किया था। इसके तहत पांच साल के लिए कर्मचारियों के वेतन में 20 प्रतिशत वृद्धि का प्रस्ताव किया गया था।

देश के कुल कोयला उत्पादन में 80 प्रतिशत हिस्सा कोल इंडिया का है। उसके कर्मचारियों की कुल संख्या 2.59 लाख है। इसमें से 15 हजार के करीब कार्यकारी स्टाफ है।

कर्मचारी यूनियनों ने कोल इंडिया प्रबंधन को अपना मांग पत्र दिया है जिसमें पांच साल के अवधि के दौरान वेतन में कम से कम 50 प्रतिशत वृद्धि की मांग शामिल है।

Coal India Employees Unions
Coal India
Pramod Agarwal

Related Stories

"हसदेव अरण्य स्थानीय मुद्दा नहीं, बल्कि आदिवासियों के अस्तित्व का सवाल"

बिजली की मौजूदा तंगी सरकारी नियोजन में आपराधिक उपेक्षा का नतीजा है

कोयला खदानों की नीलामी और मज़दूर विरोधी नीतियों के ख़िलाफ़ तीन दिन की हड़ताल का व्यापक असर

भाग 5 - 'कोयले की मौत' पर सवाल- नवीकरणीय ऊर्जा बनाम कोयले से जुड़े आंकड़े

कोल इंडिया की हड़ताल के समर्थन में दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन


बाकी खबरें

  • Indian Economy
    न्यूज़क्लिक टीम
    पूंजी प्रवाह के संकेंद्रण (Concentration) ने असमानता को बढ़ाया है
    31 Jan 2022
    पिछले एक दशक में, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों द्वारा उधार देने का तरीका बदल गया है, क्योंकि बड़े व्यापारिक घराने भारत से बाहर पूंजी जुटाने की कोशिश कर रहे हैं। रोहित चंद्रा, जो आईआईटी दिल्ली में…
  • unemployment
    सोनिया यादव
    देश में बढ़ती बेरोज़गारी सरकार की नीयत और नीति का नतीज़ा
    31 Jan 2022
    बेरोज़गारी के चलते देश में सबसे निचले तबके में रहने वाले लोगों की हालत दुनिया के अधिकतर देशों के मुक़ाबले और भी ख़राब हो गई। अमीर भले ही और अमीर हो गए, लेकिन गरीब और गरीब ही होते चले जा रहे हैं।
  •  Bina Palikal
    राज वाल्मीकि
    हर साल दलित और आदिवासियों की बुनियादी सुविधाओं के बजट में कटौती हो रही है :  बीना पालिकल
    31 Jan 2022
    काफी सालों से देखते आ रहे हैं कि हर साल सोशल सेक्टर बजट- जो शिक्षा का बजट है, जो स्वास्थ्य का बजट है या जो बजट लोगों के उद्योग के लिए है, इस बजट की कटौती हर साल हम लोग देखते आ रहे हैं। आशा है कि इस…
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    एक चुटकी गाँधी गिरी की कीमत तुम क्या जानो ?
    31 Jan 2022
    न्यूज़ चक्र में आज अभिसार शर्मा राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए बता रहे हैं कि कैसे गाँधी देश को प्रेरित करते रहेंगे।
  • nirmala sitharaman
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    2022-23 में वृद्धि दर 8-8.5 प्रतिशत रहेगी : आर्थिक समीक्षा
    31 Jan 2022
    समीक्षा के मुताबिक, 2022-23 का वृद्धि अनुमान इस धारणा पर आधारित हैं कि आगे कोई महामारी संबंधी आर्थिक व्यवधान नहीं आएगा, मानसून सामान्य रहेगा, कच्चे तेल की कीमतें 70-75 डॉलर प्रति बैरल के दायरे में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License