NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
ज्ञानवापी अपडेटः मस्जिद परिसर में शिवलिंग मिलने का दावा, मुस्लिम पक्ष ने कहा- फव्वारे का पत्थर
सर्वे टीम में शामिल हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन की ओर से दाखिल प्रार्थना-पत्र पर सीनियर सिविल जज ने वजुखाने की जगह को तत्काल सील करने का आदेश दिया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
16 May 2022
gyanvapi

उत्तर प्रदेश के वाराणसी स्थित ज्ञानवापी मस्जिद परिसर में सर्वे के दौरान शिवलिंग के आकार के एक पत्थर के मिलने के बाद सीनियर सिविल जज ने सुरक्षा का आदेश दिया है। हालांकि मुस्लिम पक्ष के अनुसार जिस पत्थर के शिवलिंग होने का दावा किया जा रहा है वह वजुखाने में स्थित फव्वारे का पत्थर है। अब इसे लेकर नया विवाद शुरू हो गया है हालांकि कोर्ट से नियुक्त एडवोकेट कमिश्नर विशाल सिंह ने कहा है कि जो वस्तुस्थिति पाई गई है, वही रिपोर्ट में दिखाई जाएगा। न तो किसी के पक्ष में साक्ष्य बढ़ाया जाएगा और न ही घटाया जाएगा।

इसी बीच सर्वे टीम में शामिल हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन की ओर से दाखिल प्रार्थना-पत्र पर कोर्ट ने उक्त स्थान को सील करने का आदेश दिया है। सोमवार को ज्ञानवापी मस्जिद के सर्वे का काम पूरा हो गया। सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार को इस मामले की सुनवाई हो सकती है। मुस्लिम पक्ष ने सर्वे को उपासना स्थल कानून का उल्लंघन बताते हुए स्थानीय कोर्ट के आदेश को खारिज करने की मांग उठाई है। मुस्लिम पक्ष की याचिका सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर टेंटेटिव लिस्ट में डाली गई है।

वाराणसी के बहुचर्चित ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के सर्वे का काम सोमवार को पूरा हो गया। जिस मकसद से मस्जिद परिसर का सर्वे कराया जा रहा था वह भी लगभग पूरा हो गया। बताया जा रहा है कि सर्वे टीम को परिसर के एक हिस्से में शिवलिंग नजर आया। सर्वे टीम में शामिल हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन ने तुरंत वाराणसी कोर्ट में आवेदन दिया। कोर्ट को बताया गया कि परिसर में शिवलिंग मिला है जो बहुत महत्वपूर्ण साक्ष्य है। सीआरपीएफ कमांडेंट को उस जगह को सील करने का आदेश देने की मांग की गई। सीनियर डिविजन के जज रवि कुमार दिवाकर ने वादी पक्ष के अधिवक्ता के प्रार्थना-पत्र पर सुनवाई करते हुए जिलाधिकारी को उस जगह को तत्काल सील करने का आदेश दिया।

वादी पक्ष के अधिवक्ता हरिशंकर जैन ने कोर्ट में अर्जी देकर कहा है कि सोमवार को सर्वे के दौरान शिवलिंग मस्जिद कॉम्पलेक्स में पाया गया। यह महत्वपूर्ण साक्ष्य है। ऐसे में सीआरपीएफ कमांडेंट को आदेशित किया जाए कि वह इसे सील कर दें। जिलाधिकारी वाराणसी को आदेशित किया जाए कि वहां मुसलमानों का प्रवेश वर्जित कर दें। मात्र 20 मुसलमानों को नमाज अदा करने की इजाजत दी जाए और उन्हें वजू करने से भी तत्काल रोक दिया जाए। अदालत ने इसी आवेदन पर लगभग साढ़े 12 बजे कथित शिवलिंग जिस स्थान पर पाया गया, उसे अविलंब सील करने का आदेश दिया।

इस बीच ज्ञानवापी मस्जिद कमेटी ने सुप्रीम कोर्ट में मस्जिद के सर्वे को जो चुनौती दी है उसपर मंगलवार को सुनवाई हो सकती है। सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर अपलोड की गई नोटिस के अनुसार, ज्ञानवापी मस्जिद के मामलों का प्रबंधन करने वाली समिति अंजुमन इंतेजामिया की याचिका पर जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पीठ सुनवाई करेगी. इससे पहले चीफ जस्टिस एनवी रमण, जस्टिस जेके माहेश्वरी और जस्टिस हिमा कोहली की पीठ ने ज्ञानवापी-शृंगार गौरी परिसर के सर्वेक्षण पर यथास्थिति बनाए रखने को लेकर अंतरिम आदेश पारित करने से शुक्रवार को इनकार कर दिया था। हालांकि, चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली पीठ सुनवाई के लिए याचिका को सूचीबद्ध करने के बारे में विचार करने पर सहमत हो गई थी।

इस मामले में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या ने भी बड़ा बयान दिया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा है, “बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर ज्ञानवापी में बाबा महादेव के प्रकटीकरण ने देश की सनातन हिंदू परंपरा को एक पौराणिक संदेश दिया है।” वहीं एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने पलटवार करते हुए कहा कि ज्ञानवापी मस्जिद थी, और मस्जिद रहेगी।

इस बीच कोर्ट से नियुक्त एडवोकेट कमिश्नर विशाल सिंह ने कहा है कि जो वस्तुस्थिति पाई गई है, वही रिपोर्ट में दिखाई जाएगी। न तो किसी के पक्ष में साक्ष्य बढ़ाया जाएगा और न ही घटाया जाएगा। बताया कि सर्वे के दौरान दोनों पक्षों ने शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में सहयोग प्रदान किया।

दावा किया जा रहा है कि सफाई के बाद पत्थर के नीचे दबा एक शिवलिंग मिला। इसकी ऊंचाई-चौड़ाई को लेकर भी अलग-अलग दावे हैं। हालांकि जिस पत्थर को शिवलिंग कहा जा रहा है मुस्लिम पक्ष के अनुसार वह फव्वारे का पत्थर है। यह वही स्थान है जहां हौज में वजू किया जाता है।

Supreme Court
Gyanvapi Masjid
Gyanvapi mosque
Gyanvapi controversy
Kashi Vishwanath Temple
Gyanvapi mosque complex
kashi vishwnath corridor
Communalism
Religion and Politics

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

ज्ञानवापी मस्जिद के ख़िलाफ़ दाख़िल सभी याचिकाएं एक दूसरे की कॉपी-पेस्ट!

आर्य समाज द्वारा जारी विवाह प्रमाणपत्र क़ानूनी मान्य नहीं: सुप्रीम कोर्ट

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

समलैंगिक साथ रहने के लिए 'आज़ाद’, केरल हाई कोर्ट का फैसला एक मिसाल

मायके और ससुराल दोनों घरों में महिलाओं को रहने का पूरा अधिकार

ज्ञानवापी मामले में अधिवक्ताओं हरिशंकर जैन एवं विष्णु जैन को पैरवी करने से हटाया गया

ज्ञानवापी सर्वे का वीडियो लीक होने से पेचीदा हुआ मामला, अदालत ने हिन्दू पक्ष को सौंपी गई सीडी वापस लेने से किया इनकार

जब "आतंक" पर क्लीनचिट, तो उमर खालिद जेल में क्यों ?

ज्ञानवापी विवाद पर मस्जिद कमेटी के वकील अभय नाथ यादव से खास बातचीत


बाकी खबरें

  • kisan andolan
    न्यूज़क्लिक डेस्क
    इतवार की कविता : 'आसमान में धान जमेगा!'
    21 Nov 2021
    किसान आंदोलन की पहली जीत के मौक़े पर इतवार की कविता में आज पढ़िये रमाशंकर यादव 'विद्रोही' की कविता 'नई खेती...
  • Kashmir
    अनीस ज़रगर
    हैदरपुरा मामला : कश्मीर में शटडाउन के बीच तीसरे निवासी के शव की मांग तेज़
    21 Nov 2021
    मीरवाइज़ उमर फ़ारूक़ और मसर्रत आलम के नेतृत्व में हुर्रियत समूहों द्वारा की गई हड़ताल के मद्देनज़र सभी दुकानें, कार्यालय और व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहे। हुर्रियत समूहों ने हैदरपुरा घटना के पीड़ितों के…
  • kisan andolan
    अजय कुमार
    कृषि क़ानूनों के वापस होने की यात्रा और MSP की लड़ाई
    21 Nov 2021
    कृषि क्षेत्र में सुधार होने चाहिए। लेकिन तीन कृषि कानून कृषि क्षेत्र में सुधार के लिए नहीं बल्कि कृषि क्षेत्र को गुलाम बनाने के लिए लाए गए थे। 
  • Putin
    एम. के. भद्रकुमार
    तूफ़ान के केंद्र में यूक्रेन और बेलारूस
    21 Nov 2021
    काला सागर में टकराव के घुमड़ते काले बादलों के बीच आशा की चमकती किरण यह है कि मास्को एवं वाशिंगटन के बीच रणनीतिक संवाद-संचार फिर से शुरू हो गया है तथा विभिन्न कार्य स्तरों पर उनमें आदान-प्रदान हो रहा…
  • Hafte Ki Baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    कृषि क़ानून वापसी के बाद यूपी और पंजाब में संघ-सरकार की मंशा क्या?
    20 Nov 2021
    इस बार #HafteKiBaat में सिर्फ दो बातों की चर्चा: मोदी सरकार ने तीन कृषि कानूनों को क्यों और कैसे वापस लेने का फैसला किया? दूसरी बात कि आगे क्या होगा? यूपी और पंजाब के चुनावों में अब मोदी सरकार और संघ…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License