NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अल्जीरिया में 100 से अधिक हिरक प्रदर्शनकारी रिहा
इस सामूहिक रिहाई से पहले, सरकार विरोधी हिरक विरोध प्रदर्शनों या अन्य विपक्षी समूहों में समर्थन या भाग लेने के लिए अल्जीरियाई सरकार द्वारा 300 से अधिक राजनीतिक क़ैदियों को हिरासत में लिया गया था।
पीपल्स डिस्पैच
16 Jul 2021
अल्जीरिया में 100 से अधिक हिरक प्रदर्शनकारी रिहा

अल्जीरियाई सरकार ने हिरासत में रखे गए सत्ता-विरोधी हिरक आंदोलन से जुड़े 101 लोगों को रिहा करने का आदेश दे दिया। 2019 में शुरू हुए सरकार विरोधी विरोध प्रदर्शनों में भाग लेने और समर्थन करने के लिए सरकार द्वारा कई हिरक प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया और हिरासत में लिया गया। अधिकांश प्रदर्शनकारियों को जिनकी रिहाई का आदेश बुधवार को दिया गया था उन्हें 12 जुलाई को विधायी चुनाव से ठीक पहले गिरफ्तार किया गया था।

राष्ट्रपति अब्देलमदजीद तेब्बाउने ने गैरकानूनी सभा और सरकारी व्यवस्था को बिगाड़ने के मामलों में 30 बंदियों के लिए क्षमा का आदेश दिया। उन्होंने इन जैसे गतिविधियों के दोषी 71 युवा कैदियों के पक्ष में अतिरिक्त क्षमादान का भी आदेश दिया, जिन्हें रिहा किया जाएगा। अल्जीरियाई स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर 18 हिरक प्रदर्शनकारियों को रिहा करने के लिए इसी तरह का आदेश दिया गया था।

अल्जीरियाई राष्ट्रपति द्वारा बुधवार को जारी एक बयान में कहा गया है कि "ईद उल-अज़हा के मौके पर राष्ट्रपति ने अंतिम फैसले के साथ 30 बंदियों और 71 अन्य लोगों को क्षमा करने का फैसला किया है, जिन्हें हिरक आंदोलन द्वारा विरोध उनकी गतिविधियों के कारण सजा नहीं मिली थी।”

हिरक आंदोलन ने 12 जून को होने वाले चुनावों का बहिष्कार करने का फैसला किया था। इस आंदोलन के साप्ताहिक शुक्रवार के विरोध ने अल्जीरियाई लोगों को चुनावों से दूर रहने का आह्वान किया, जिसे सरकार ने अपनी वैधता के लिए एक गंभीर खतरे के रूप में देखा। चुनावों से पहले के हफ्तों में सरकार ने हिरक आंदोलन और विपक्ष पर भारी कार्रवाई शुरू की जिसमें करीब 2,000 लोगों को गिरफ्तार किया गया। फिर भी, अंतिम मतदान 23% के साथ निराशाजनक रहा जो कि पिछले चुनावों की तुलना में भी कम था।

अल्जीरियन लीग फॉर द डिफेंस ऑफ ह्यूमन राइट्स (एलएडीडीएच) के उपाध्यक्ष साल्ही ने अपने ट्विटर अकाउंट पर लिखा कि 101 बंदियों में से 46 बंदी कल रात ही जेल से छूट चुके थे। उन्होंने इस रिहाई का स्वागत किया और सरकार से अल्जीरियाई जेलों में बंद अन्य सभी राजनीतिक कैदियों को रिहा करने का आह्वान किया। उनके अनुसार, कल का क्षमादान अपर्याप्त होता है यदि यह अन्य सभी राजनीतिक कैदियों पर लागू नहीं होता है। उन्होंने कहा कि सरकार को दमन और मनमानी गिरफ्तारी के चल रहे अभियान को भी खत्म करना चाहिए।

Algeria
Anti government protest
Algerian Government

Related Stories

हड़ताल-आंदोलन की धार कुंद नहीं पड़ी

विचार: पूर्व के आंदोलनों से किस तरह अलग और विशिष्ट है किसान आंदोलन

2020 : सरकार के दमन के बावजूद जन आंदोलनों का साल

2020: लोकतंत्र और संविधान पर हमले और प्रतिरोध का साल

“एक बुज़ुर्ग होने के नाते हमारी ज़िम्मेदारी बनती है कि हम अपने बच्चों की आवाज़ बनें”

कार्टून क्लिक : मित्रों... नामकरण करा लो


बाकी खबरें

  • Ukraine
    सी. सरतचंद
    यूक्रेन युद्ध की राजनीतिक अर्थव्यवस्था
    01 Mar 2022
    अन्य सभी संकटों की तरह, यूक्रेन में संघर्ष के भी कई आयाम हैं जिनकी गंभीरता से जांच किए जाने की जरूरत है। इस लेख में, हम इस संकट की राजनीतिक अर्थव्यवस्था की पृष्ठभूमि की जांच करने की कोशिश करेंगे।
  • Chamba Tunnel
    सीमा शर्मा
    जाने-माने पर्यावरणविद् की चार धाम परियोजना को लेकर ख़तरे की चेतावनी
    01 Mar 2022
    रवि चोपड़ा के मुताबिक़, अस्थिर ढलान, मिट्टी के कटाव और अनुक्रमित कार्बन(sequestered carbon) में हो रहे नुक़सान में बढ़ोत्तरी हुई है।
  • UP Election
    न्यूज़क्लिक टीम
    उत्तर प्रदेश चुनाव: 'कमंडल' पूरी तरीके से फ़ेल: विजय कृष्ण
    28 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश चुनाव में इन दिनों सत्ताधारी भाजपा जनता पार्टी के राज्य बिगड़ते जातीय समीकरणों पर काफी चर्चा चल रही है. विशेषज्ञों के अनुसार जिन जातीय समीकरणों ने भाजपा को 2017 में सत्ता दिलाने में…
  • Manipur Elections
    न्यूज़क्लिक टीम
    मणिपुर चुनावः जहां मतदाता को डर है बोलने से, AFSPA और पानी संकट पर भी चुप्पी
    28 Feb 2022
    ग्राउंड रिपोर्ट में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने नौजवानों की राजनीतिक आकांक्षाओं और उम्मीदों को टटोला, साथ ही सामाजिक कार्यकर्ता ओनिल से जाना पानी संकट और ड्रग्स पर भाजपा की चुप्पी का सबब। साथ ही भारत…
  • Modi
    सोनिया यादव
    काशी में पीएम मोदी ने 'राजनीतिक गिरावट' की कही बात, लेकिन भूल गए ख़ुद के विवादित बोल
    28 Feb 2022
    चुनावी रैलियों में पीएम मोदी ने भले ही बीजेपी के स्टार प्रचारक के तौर पर अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं और अपने समर्थकों को ख़ुश किया होगा, लेकिन एक पीएम के तौर पर वो इस पद की गरिमा को गिराते ही नज़र आते…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License