NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
वेस्ट बैंक की सैन्य चौकी पर इज़रायली सैनिकों द्वारा एक फ़िलिस्तीनी युवक की हत्या, पत्नी घायल
फ़िलिस्तीनी प्राधिकरण ने एक बयान में इज़रायल के सुरक्षा बलों द्वारा की गई इस हत्या को "अत्याचारी" और "न्यायेत्तर हत्या की एक लंबी और जारी श्रृंखला में एक हत्या" क़रार देते हुए निंदा की है।
पीपल्स डिस्पैच
07 Apr 2021
वेस्ट बैंक

इजरायली सुरक्षा बलों द्वारा फिलिस्तिनियों को निशाना बनाने का एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है जहां पांच बच्चों के पिता को मंगलवार 6 अप्रैल को इजरायली सुरक्षा बलों ने कब्जे वाले वेस्ट बैंक में एक सैन्य चौकी के पास गोली मार दी जिससे उसकी मौत हो गई। पीड़ित व्यक्ति वेस्ट बैंक में येरुशेलम के उत्तर पश्चिम में स्थित बिद्दू गांव में अपने घर पत्नी के साथ जा रहा था।

मारे गए फिलिस्तीनी व्यक्ति की पहचान 42 वर्षीय ओसामा मंसूर के रूप में हुई जो अपनी पत्नी सुमैया (35) के साथ कार में जा रहा था। इन्हें इज़रायली सैनिकों ने मंगलवार तड़के 2.30 बजे सैन्य चौकी पर रोका था।

सुमैया के बयान के अनुसार, चौकी पर दस्तावेजों की जांच करने और कार को सैनिकों की ओर घूमाने के लिए कहने के बाद कार की तरफ गोलियों की बौछार शुरू हो गई जिससे ओसामा बुरी तरह से घायल हो गया। सुमैया बच गई हालांकि उसे भी गोली लगी। बाद में ओसामा को रामल्ला के एक अस्पताल में मृत घोषित कर दिया गया। इसी अस्पताल में सुमैया का इलाज किया जा रहा है।

इस घटना के बाद इजरायली सेना ने एक बयान जारी किया जिसमें उसने कहा कि दंपति ने कार से रौंद कर हमला करने का प्रयास किया। इस दावे को सुमैया और अन्य चश्मदीदों ने साफ तौर पर नकार दिया है। कुछ चश्मदीदों ने यह भी कहा कि सैनिकों ने कार जब जा रही थी तो उसकी ओर एक स्टन ग्रेनेड फेंका था।

मंगलवार की हत्या की घटना ने इजरायल के सुरक्षा बलों द्वारा इसी तरह की हत्याओं के हालिया विवाद पर ध्यान खींचा है। मई महीने में इजरायल के सुरक्षा बलों ने एक फिलिस्तीनी व्यक्ति की हत्या कर दी थी जिसका नाम इयाद हल्लाक था। इस तरह की नियमित घटनाओं और इजरायल की सरकार और न्यायिक प्रणाली से दोषी सैनिकों की सुरक्षा और माफी ने मानव अधिकारों के समूहों, संयुक्त राष्ट्र, यूरोपीय संघ जैसे अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के साथ साथ वैश्विक नेताओं ने मांग की कि इजरायल उन लोगों के खिलाफ मुकदमा चलाए और सजा दे जो फिलिस्तीनियों के खिलाफ इस प्रकार के अपराधों के दोषी हैं।

Palestine
West Bank
palestine and israel
Palestinian Authority
Israel
Gaza

Related Stories

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है

141 दिनों की भूख हड़ताल के बाद हिशाम अबू हव्वाश की रिहाई के लिए इज़रायली अधिकारी तैयार


बाकी खबरें

  • bulldozer
    न्यूज़क्लिक टीम
    दिल्ली: बुलडोज़र राजनीति के ख़िलाफ़ वामदलों का जनता मार्च
    11 May 2022
    देश के मुसलमानों, गरीबों, दलितों पर चल रहे सरकारी बुल्डोज़र और सरकार की तानाशाही के खिलाफ राजधानी दिल्ली में तमाम वाम दलों के साथ-साथ युवाओं, महिलाओं और संघर्षशील संगठनों ने उपराज्यपाल अनिल बैजल के…
  • qutub minar
    न्यूज़क्लिक टीम
    अब क़ुतुब मीनार, ताज महल से हासिल होंगे वोट? मुग़ल दिलाएंगे रोज़गार?
    11 May 2022
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस एपिसोड में आज वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा सवाल पूछ रहे हैं कि देश में कभी क़ुतुब मीनार के नाम पर कभी ताज महल के नाम पर विवाद खड़ा करके, सरकार देश को किस दिशा में धकेल रही…
  • sedition
    विकास भदौरिया
    राजद्रोह पर सुप्रीम कोर्ट: घोर अंधकार में रौशनी की किरण
    11 May 2022
    सुप्रीम कोर्ट का आज का आदेश और न्यायधीश डीवाई चंद्रचूड़ का हाल का बयान, जिसमें उन्होंने कहा था कि नागरिकों के असंतोष या उत्पीड़न को दबाने के लिए आपराधिक क़ानून का दुरुपयोग नहीं किया जाना चाहिए, एक आशा…
  • RAVIKANT CASE
    असद रिज़वी
    लखनऊ विश्वविद्यालय: दलित प्रोफ़ेसर के ख़िलाफ़ मुक़दमा, हमलावरों पर कोई कार्रवाई नहीं!
    11 May 2022
    प्रोफ़ेसर रविकांत चंदन हमले की FIR लिखाने के लिए पुलिस के आला-अफ़सरों के पास दौड़ रहे हैं, लेकिन आरोपी छात्रों के विरुद्ध अभी तक न तो पुलिस की ओर से क़ानूनी कार्रवाई हुई है और न ही विवि प्रशासन की ओर…
  • jaysurya
    विवेक शर्मा
    श्रीलंका संकट : आम जनता के साथ खड़े हुए खिलाड़ी, सरकार और उसके समर्थकों की मुखर आलोचना
    11 May 2022
    श्रीलंका में ख़राब हालात के बीच अब वहां के खिलाड़ियों ने भी सरकार और सरकार के समर्थकों की कड़ी निंदा की है और जवाब मांगा है। क्रिकेट जगत के कई दिग्गज अपनी-अपनी तरह से आम जनता के साथ एकजुटता और सरकार…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License