NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
चुनाव नज़दीक आते ही ख़ास विचारधारा के लोग अल्पसंख्यकों को निशाना बनाते हैं: मौलाना अरशद मदनी
मदनी ने एक बयान में राष्ट्रीय एकता, आपसी मेलजोल और हिंदू मुस्लिम भाईचारे को बढ़ावा दिए जाने पर जोर देते हुए कहा कि धार्मिक घृणा देश को विकास नहीं विनाश के रास्ते पर ले जा रही है।
भाषा
21 Jun 2021
MAULANA ARSHAD MADANI
मौलाना अरशद मदनी। फोटो साभार: economic times

नयी दिल्ली:  देश में मुसलमानों के प्रमुख संगठन जमीयत उलेमा-ए-हिंद (अरशद मदनी समूह) के प्रमुख मौलाना अरशद मदनी ने रविवार को आरोप लगाया कि देश में जब भी चुनाव करीब आते हैं तो नफरत का खेल शुरू हो जाता है और ‘खास विचाराधारा’ के लोग अल्पसंख्यकों को निशाना बनाने लगते हैं।

मदनी ने एक बयान में राष्ट्रीय एकता, आपसी मेलजोल और हिंदू मुस्लिम भाईचारे को बढ़ावा दिए जाने पर जोर देते हुए कहा कि धार्मिक घृणा देश को विकास नहीं विनाश के रास्ते पर ले जा रही है।

उन्होंने कहा, “कुछ समय पहले जब कोरोना की दूसरी लहर लोगों की जान ले रही थी तो लोग धर्म से ऊपर उठकर एक दूसरे की सहायता कर रहे थे, हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई सब एक साथ आकर कोरोना पीड़ितों की मदद कर रहे थे और इस घृणा की दीवार को गिरा दिया गया था, जो सांप्रदायिक दलों और संगठनों ने अपने राजनीतिक उद्देश्य के लिए उनके बीच खड़ी की थी।”

मौलाना मदनी ने आरोप लगाया, “लेकिन चुनाव निकट आते ही एक बार फिर घृणा का खेल शुरू हो गया और एक विशेष विचारधारा के लोग पुलिस के संरक्षण में पुरानी मस्जिदों और निहत्थे मुसलमानों को उनकी धार्मिक पहचान के आधार पर अपना निशाना बनाने लगे हैं। यहां तक कि बूढ़ों को भी नहीं बख़्शा जा रहा है, उनकी दाढ़ी काटी जा रही है, बूढ़ों के साथ यह मामला उपद्रवियों ने धार्मिक घृणा फैलाने के लिए किया जो निन्दनीय है।”

मौलाना मदनी ने आरोप लगाया, “ जो लोग देश में घृणा फैलाते हैं, हिंसा करते हैं, वे पकड़े नहीं जाते हैं, बल्कि कुछ लोग टीवी चैनलों पर बैठ कर उनका बचाव करते हैं, इससे स्पष्ट है कि हिंसक लोगों को किसी न किसी प्रकार से राजनीतिक समर्थन प्राप्त है और शायद यही कारण है कि पुलिस भी उन लोगों पर हाथ डालते हुए घबराती है।”

प्रमुख मुस्लिम नेता ने पिछले साल फरवरी में दिल्ली में हुए दंगों का जिक्र करते हुए बयान में दावा किया, “ दिल्ली दंगों में मुसलमान ही अधिक मारे गए, उनकी ही दुकानें लूटी गईं, उनके ही घर जलाए गए, उनकी ही इबादतगाहों को अपवित्र किया गया और फिर उल्टे उन पर ही कड़ी धाराएं लगा दी गईं, जिस कारण उनकी ज़मानत निचली अदालत से नहीं हो रही हैं। न्याय का यह दोहरा मापदण्ड देश के लिये अति घातक है।”

अगले साल उत्तर प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड, गोवा समेत कुछ राज्यो में चुनाव होने हैं।

Maulana Arshad Madani
Hate politics

Related Stories

ताजमहल किसे चाहिए— ऐ नफ़रत तू ज़िंदाबाद!

नफ़रती Tool-Kit : ज्ञानवापी विवाद से लेकर कर्नाटक में बजरंगी हथियार ट्रेनिंग तक

मोदीजी, विदेश से क्या नज़र आती है भारत में पसरती नफ़रत, ये सुलगते सवाल

क्या सांप्रदायिकता बड़े कारोबारियों को नापसंद है?

नफ़रत देश, संविधान सब ख़त्म कर देगी- बोला नागरिक समाज

बाबा साहेब की राह पर चल देश को नफ़रती उन्माद से बचाने का संकल्प

ग़ाज़ीपुर; मस्जिद पर भगवा झंडा लहराने का मामला: एक नाबालिग गिरफ़्तार, मुस्लिम समाज में डर

महंगाई के आक्रोश को मुस्लिमों के ख़िलाफ़ नफ़रत बढ़ाकर ढकने की कोशिश, आख़िर किसका नुक़सान? 

कश्मीर फाइल्स हेट प्रोजेक्ट: लोगों को कट्टरपंथी बनाने वाला शो?

काशी में पीएम मोदी ने 'राजनीतिक गिरावट' की कही बात, लेकिन भूल गए ख़ुद के विवादित बोल


बाकी खबरें

  •  Bihar and UP lagging behind in studies
    एम.ओबैद
    बिहार और यूपी पढ़ाई में फिसड्डी: ईएसी-पीएम
    19 Dec 2021
    रिपोर्ट में बड़े राज्यों में 9 राज्यों को शामिल किया गया है जिसमें बिहार 36.81 अंकों के साथ नौवें तथा उत्तर प्रदेश 38.46 अंकों के साथ आठवें स्थान पर है। दोनों राज्य का स्थान राष्ट्रीय औसत 48.38 से…
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    पड़ताल दुनिया भर की: ओमिक्रॉन का बढ़ता ख़ौफ़ और क्या शीत युद्ध की वापसी होगी
    18 Dec 2021
    “पड़ताल दुनिया भर की” में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने शीत युद्ध की वापसी की आशंका पर न्यूज़क्लिक के प्रधान संपादक प्रबीर पुरकायस्थ से बातचीत की। अमेरिका द्वारा रूस व चीन के ख़िलाफ मोर्चा खोलने और…
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    चुनाव से पहले विपक्षियों पर छापे और चुनाव आयोग की सिमटती स्वतंत्रता
    18 Dec 2021
    यूपी में चुनाव से पहले सपा नेताओं के दफ्तरों और घरों पर इन्कम टैक्स छापेमारी के क्या मायने हैं? निर्वाचन आयोग क्या सरकार से अपनी स्वतंत्रता और स्वायत्तता खोता जा रहा है? #HafteKiBaat के नये अंक में…
  • police
    भाषा
    बेलागावी में संगोली रायन्ना की प्रतिमा विरूपित की गयी, धारा 144 लागू
    18 Dec 2021
    यह घटना तब हुई जब यहां राज्य विधानसभा का शीतकालीन सत्र चल रहा है। इन घटनाओं की निंदा करते हुए मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने कहा कि उन्होंने शांति एवं व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वाले लोगों के…
  • modi
    राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: इंडिया वालो शर्म करो, मोदी जी का सम्मान करो!
    18 Dec 2021
    कहां तो भूटान तक मोदी जी के आगे शीष नवा रहा है। और कहां तुम हो जो भारत के नागरिक होकर भी बेचारे मोदी जी को शहर-शहर भटका रहे हो और वह भी अपने दो-कौड़ी के वोट के लिए।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License