NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
मलेशिया के प्रधानमंत्री के इस्तीफे ने सत्तारूढ़ गठबंधन को परेशानी में डाल दिया
महातिर और अनवर गुटों के बीच आंतरिक विभाजन से लंबे समय से ग्रसित सरकार के गठबंधन पकातन हरपन ने इस इस्तीफे के बाद स्पष्ट किया है।
पीपल्स डिस्पैच
25 Feb 2020
Anwar -Mahathir
महातिर (दाएं) और अनवर इब्राहिम (बाएं) सत्ता परिवर्तन के सवाल पर आमने सामने रहे।

मलेशिया के प्रधानमंत्री महातिर बिन मोहम्मद ने देश के निर्वाचित सम्राट यांग डी-परतुआन को अपना इस्तीफा सौंप दिया। महातिर के इस्तीफे से सत्तारूढ़ पकातन हरपन गठबंधन का खुलासा हुआ है जो 94 वर्षीय महातिर के सत्ता में न रहने की इच्छा और अपने सहयोगी और उत्तराधिकारी अनवर इब्राहिम के लिए रास्ता बनाने को लेकर टकराव झेलता रहा है।

माना जाता है कि महातिर ने इस इस्तीफे के साथ उन्होंने अपनी पार्टी मलेशिया यूनाइटेड इंडीजीनस पार्टी या बरसातू के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया। इसके साथ ही बरसातू के पास दीवान रकयात में 26 सीटें हैं इसने भी अनवर की पीपल्स पार्टी के 11 सदस्यों के साथ गठबंधन से हाथ खींच लिया है जिससे सरकार का संसद में बहुमत कम हो गया है।

महातिर और अनवर दोनों यूनाइटेड मलायस नेशनल ऑर्गनाइजेन या यूएमएनओ और बारिसन नेशनल गठबंधन के नेता थे जिसने मलेशिया पर बिना दखल के छह दशकों से अधिक समय तक शासन किया। महाथिर ने 22 साल तक यूएमएनओ के प्रधानमंत्री के रूप में भी सेवा दिया। यूएमएनओ के नेता नजीब रजाक से असहमतियों को लेकर इन दोनों ने बगावत की और आखिरकार पकातन हरपन या ’अलायंस फॉर होप’ नामक गठबंधन बनाया। अन्य छोटे दलों के समर्थन से इस गठबंधन ने 2018 का आम चुनाव जीता।

तब अनवर यौन हिंसा के आरोप में जेल में सजा काट रहे थे। उन्होंने इस आरोप को लेकर कहा था कि राजनीति से प्रेरित है। इन आरोपों के चलते वे शाही माफी के बिना प्रधानमंत्री का पद लेने के योग्य नहीं थे। गठबंधन में यह तय हुआ था कि महातिर प्रधानमंत्री बनेंगे और अनवर के लिए शाही माफी को लेकर कार्य करेंगे जिसके बाद अनवर को प्रधानमंत्री पद संभालना है।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

Malaysia
Anwar Ibrahim
Mahathir
Malaysia United Indigenous Party
UMNO
Barisan National

Related Stories

पाम ऑयल पर प्रतिबंध की वजह से महंगाई का बवंडर आने वाला है

क्यों दुनिया की सबसे बड़ी आर्थिक साझेदारी यानी आरसीईपी में भारत शामिल नहीं हुआ?

क़रीब 400 रोहिंग्या दो महीने तक समुद्र में फंसे रहने के बाद बांग्लादेश लौटे


बाकी खबरें

  • सत्यम् तिवारी
    देश भर में निकाली गई हनुमान जयंती की शोभायात्रा, रामनवमी जुलूस में झुलसे घरों की किसी को नहीं याद?
    16 Apr 2022
    एक धार्मिक जुलूस से पैदा हुई दहशत और घायल लोगों की चीख़-पुकार अभी फ़िज़ा में मौजूद है कि राजधानी दिल्ली सहित देश भर में एक और त्योहार के जुलूस निकाले गए। और वह भी बाक़ायदा सरकारी आयोजन की तरह। सवाल…
  • पलानीवेल राजन सी
    अपनी ज़मीन बचाने के लिए संघर्ष करते ईरुला वनवासी, कहा- मरते दम तक लड़ेंगे
    16 Apr 2022
    पिल्लूर में स्थानीय समुदायों की लगभग 24 बस्तियां हैं, जो सामुदायिक वन अधिकारों की मांग कर रही हैं, जैसा कि एफआरए के तहत उन्हें आश्वस्त किया गया था।
  • रूबी सरकार
    बुलडोज़र की राजनीति पर चलता लोकतंत्र, क्या कानून और अदालतों का राज समाप्त हो गया है?
    16 Apr 2022
    जिस तरह एक ख़ास धर्म के ख़िलाफ़ माहौल बनाने के लिए भाजपा की राज्य सरकारें बुलडोज़र को आगे कर रही हैं उससे लोकतंत्र हर रोज़ मरणासन्न स्थिति की ओर जा रहा है। 
  • सत्यम श्रीवास्तव
    कन्क्लूसिव लैंड टाईटलिंग की भारत सरकार की बड़ी छलांग
    16 Apr 2022
    देश में मौजूद ज़मीन के हर एक पीस/प्लॉट का एक आधार नंबर दिया जाना जिसे इस बजट भाषण में यूनिक लैंड पार्सल आइडेंटिफिकेशन नंबर (ULPIN) कहा गया है। इसके लिए बाज़ाब्ता ज़मीन के हर टुकड़े के अक्षांश और देशांत…
  • विजय विनीत
    पत्रकारों के समर्थन में बलिया में ऐतिहासिक बंद, पूरे ज़िले में जुलूस-प्रदर्शन
    16 Apr 2022
    पेपर लीक मामले में पत्रकारों की गिरफ़्तारी और उत्पीड़न के खिलाफ आज बलिया में ऐतिहासिक बंदी है। बलिया शहर के अलावा बैरिया, बांसडीह, बेलथरा रोड, रसड़ा और सिकंदरपुर समेत ज़िले के सभी छोटे-बड़े बाज़ार…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License