NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
उत्पीड़न
भारत
वाराणसी: सुप्रीम कोर्ट के सामने आत्मदाह के मामले में दो पुलिसकर्मी सस्पेंड
पुलिस की ओर से जारी एक बयान में बताया गया है कि इस मामले में कैंट थाना प्रभारी राकेश सिंह और विवेचक गिरिजा शंकर को निलंबित कर दिया गया है।
भाषा
18 Aug 2021
POLICE
फोटो- पीटीआई

घोसी सीट से बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के सांसद अतुल राय पर बलात्कार का आरोप लगाने वाली युवती और उसके साथी द्वारा दिल्ली में उच्चतम न्यायालय के सामने पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने के मामले में वाराणसी के दो पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।

पुलिस की ओर से जारी एक बयान में बताया गया कि इस मामले में कैंट थाना प्रभारी राकेश सिंह और विवेचक गिरिजा शंकर को निलंबित कर दिया गया है।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के गाजीपुर की रहने वाली युवती ने 2019 में बसपा सांसद अतुल राय पर बलात्कार का आरोप लगाते हुए वाराणसी के लंका थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। पीड़िता का आरोप था कि अतुल राय ने अपने लंका स्थित फ्लैट पर उससे बलात्कार किया और उसका वीडियो भी बना ली। इस मामले में सांसद अतुल राय जेल में बंद हैं।

वहीं इस मामले में अदालत ने पीड़िता और उसके साथी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है। इस पर पीड़िता और उसके साथी ने उच्चतम न्यायालय के सामने फेसबुक पर लाइव आने के बाद आत्मदाह करने की कोशिश की। फेसबुक लाइव के दौरान पीड़िता ने वाराणसी के पूर्व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अमित पाठक, कोतवाल राकेश सिंह, विवेचक गिरिजा शंकर सहित कई अधिकारियों पर आरोप लगाया था।

आत्मदाह की कोशिश में 27 वर्षीय युवक 65 प्रतिशत, जबकि 24 वर्षीय युवती 85 प्रतिशत तक झुलस गई थी। दोनों में से कोई भी पुलिस को बयान देने की स्थिति में नहीं हैं।

police
Supreme Court
suicide
yogi sarkar

Related Stories

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

राजीव गांधी हत्याकांड: सुप्रीम कोर्ट ने दोषी पेरारिवलन की रिहाई का आदेश दिया

नफ़रत फैलाने वाले भाषण देने का मामला: सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया नोटिस

रिश्वत लेकर अपराधी छोड़ने के मामले में क्राइम ब्रांच प्रभारी व मुख्य आरक्षी बर्ख़ास्त

हिरासत में मौत पर वामदलों ने कहा- बिहार ‘पुलिस राज’ में तब्दील होता जा रहा है

लखीमपुर खीरी : किसान-आंदोलन की यात्रा का अहम मोड़

राजस्थान : फिर एक मॉब लिंचिंग और इंसाफ़ का लंबा इंतज़ार

बलिया: अपराध के बढ़ते ग्राफ के बीच शासन मस्त और जनता त्रस्त!

"रेप एज़ सिडक्शन" : बहलाने-फुसलाने से आगे की बात

क्या जातीय उन्मूलन वाली रणनीति सांप्रदायिकता का मुक़ाबला करने में सहायक साबित हो सकती है?


बाकी खबरें

  • CHH
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    छत्तीसगढ़: 'साझा कम्युनिकेशन' के ज़रिये वनाधिकार क़ानून को कमज़ोर करने की कोशिश, किसान सभा ने जताया विरोध
    10 Jul 2021
    किसान सभा ने इस कम्युनिकेशन को वापस लेने तथा वनाधिकार कानून के प्रावधानों के अनुसार इसके क्रियान्वयन के लिए पूर्व की तरह ही आदिवासी मंत्रालय को नोडल एजेंसी बनाने की मांग की है।
  • ABHIMANYU
    अज़हर मोईदीन
    3 साल बाद भी ज़िंदा हैं उसकी यादें
    10 Jul 2021
    एसएफ़आई कार्यकर्ता अभिमन्यु की मौत के 3 साल बाद उनके साथियों, कॉमरेडों ने सांप्रदायिकता के ख़िलाफ़ मशाल रौशन की और संकल्प लिया कि वह उसी राजनीति और सिद्धांतों को आगे बढ़ाएंगे जिसके लिए अभिमन्यु लड़े और…
  • COVID
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 42,766 नए मामले, 1,206 मरीज़ों की मौत
    10 Jul 2021
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 42,766 नए मामले दर्ज किए गए हैं। देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 4 लाख 55 हज़ार 33 हो गयी है।
  • Farmers protest
    लाल बहादुर सिंह
    किसान आंदोलन प्रतिरोध और राजनीतिक पहल की नई ऊंचाई की ओर
    10 Jul 2021
    सच तो यह है कि अपनी अन्तर्वस्तु में किसान-आंदोलन अधिकाधिक एक पोलिटिकल entity बनता ही जा रहा है। आज यह देश में मोदी-राज के विरुद्ध सबसे सुसंगत विपक्ष है तथा वह देश के सारे लोकतांत्रिक आंदोलनों की धुरी…
  • modi cabinet reshuffle
    बादल सरोज
    नुक़्ता-ए-नज़र: शून्य को शून्य में जोड़ने या एक शून्य हटा दूसरा बिठाने से संख्या नहीं बढ़ती
    10 Jul 2021
    मकसद जब छल, छद्म और प्रपंच फैलाना हो, सारी रणनीति जब अवाम को झांसा देना और बेवक़ूफ़ बनाना हो तब प्रशासन को मुस्तैदी से चलाना चिंता में नहीं होता। प्राथमिकता में अफ़वाहें फैलाना और फ़साद मचाना होता है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License