NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
साहित्य-संस्कृति
भारत
राजनीति
ये पेड़ हमारे घर के हैं/ ये पेड़ हमारे पुरखे हैं
दिल्ली के शाहीन बाग़ समेत देशभर में CAA-NPR-NRC के विरोध में आंदोलन जारी है। इसको लेकर तमाम कलात्मक और साहित्यिक-सांस्कृतिक हस्तक्षेप किया जा रहा है। पेंटिग्स बनाईं जा रहीं हैं। लेख, कविता-कहानी लिखी जा रहीं हैं। इसी कड़ी में मुकुल सरल की एक कविता, जो पेड़ के प्रतीक के माध्यम से न केवल एक नया भावनात्मक प्रतिरोध रचती है, बल्कि इसके पीछे की राजनीति को भी उजागर करती है।
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
24 Feb 2020
CAA
NRC
NPR
CAA Poem
Shaheen Bagh
CAA Protest In all over India

Related Stories

शाहीन बाग से खरगोन : मुस्लिम महिलाओं का शांतिपूर्ण संघर्ष !

CAA आंदोलनकारियों को फिर निशाना बनाती यूपी सरकार, प्रदर्शनकारी बोले- बिना दोषी साबित हुए अपराधियों सा सुलूक किया जा रहा

देश बड़े छात्र-युवा उभार और राष्ट्रीय आंदोलन की ओर बढ़ रहा है

दिल्ली पुलिस की 2020 दंगों की जांच: बद से बदतर होती भ्रांतियां

यादें हमारा पीछा नहीं छोड़तीं... छोड़ना भी नहीं चाहिए

सीएए : एक और केंद्रीय अधिसूचना द्वारा संविधान का फिर से उल्लंघन

समान नागरिकता की मांग पर देवांगना कलिता, नताशा नरवाल को गिरफ्तार किया गया: पिंजरा तोड़

ग़ैर मुस्लिम शरणार्थियों को पांच राज्यों में नागरिकता

नताशा नरवाल को अपने पिता के अंतिम संस्कार के लिए मिली ज़मानत

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस: सड़क से कोर्ट तक संघर्ष करती महिलाएं सत्ता को क्या संदेश दे रही हैं?


बाकी खबरें

  •  India-Pakistan match
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    वार इन गेम: एक नया खेल
    14 Nov 2021
    पहले जनता खेल को खेल की तरह लेती थी और युद्ध को युद्ध की तरह। पूरी की पूरी जनता मूर्ख थी।
  • Joginder Singh Ugrahan
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    यह 3 कृषि कानूनों की नहीं, जम्हूरियत की लड़ाई है, लंबी चलेगीः उगराहां
    14 Nov 2021
    वरिष्ठ पत्रकार अरुण कुमार त्रिपाठी की भारतीय किसान यूनियन (एकता) उगराहां के अध्यक्ष जोगिंदर सिंह उगराहां से ख़ास बातचीत।
  • Jawaharlal Nehru
    शंभूनाथ शुक्ल
    विशेष : नेहरू की ज़रूरत आज ज़्यादा है
    14 Nov 2021
    जिस तरह सफ़ेद झूठ भी बार-बार बोले जाने से सच मान लिया जाता है, वैसे ही नेहरू के बारे में प्रचारित किया जाने वाला झूठ भी बहुत से लोग सच मानने लगे हैं।
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    मुद्दों से भटकी कांग्रेस, भाजपा खुश और सिविल सोसाइटी पर डोभाल
    13 Nov 2021
    पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद की किताब की कुछ लाइनें यूपी चुनाव से पहले सियासी तूफान खड़ा कर रही हैं.
  • hisab kitab
    न्यूज़क्लिक टीम
    मनरेगा रोकेगा पराली से होने वाला प्रदूषण?
    13 Nov 2021
    क्या किसान सच में पराली जलाना चाहते हैं? या पराली जलाना उनकी मजबूरी है। कृषि विशेषज्ञ देविंदर शर्मा कहते हैं कि किसान को सिर्फ 200 रुपए प्रति क्विंटल मिल जाए तो पराली जलाने से होने वाले प्रदूषण की…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License