NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
भाजपा के मुख्यमंत्रियों में शासकीय कौशल की इतनी किल्लत क्यों?
भाजपा-शासित उत्तराखंड को अगले विधानसभा चुनाव से कुछ ही महीने पहले आज नया मुख्यमंत्री मिला है. 115 दिन पहले भी ऐसा ही हुआ था. मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को हटाकर तीरथ सिंह रावत को कुर्सी दी गई. आज उनको हटाकर पुष्कर सिंह धामी बने हैं.
न्यूज़क्लिक टीम
03 Jul 2021

भाजपा-शासित उत्तराखंड को अगले विधानसभा चुनाव से कुछ ही महीने पहले आज नया मुख्यमंत्री मिला है. 115 दिन पहले भी ऐसा ही हुआ था. मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को हटाकर तीरथ सिंह रावत को कुर्सी दी गई. आज उनको हटाकर पुष्कर सिंह धामी बने हैं. पार्टी नेतृत्व पहले वाले मुख्यमंत्रियों की दक्षता और प्रशासनिक कौशल से संतुष्ट नही था. उसे लगा, ये चुनाव नही जिता सकते. आगामी चुनाव के मद्देनजर बदलाव की कोशिश यूपी में भी की गयी पर ऐन मौके पर आरएसएस सीएम योगी के पक्ष में उतर गया. त्रिपुरा हो या गुजरात, यूपी हो या मध्य प्रदेश, भाजपा के मुख्यमंत्रियो की भाषा और सोच-विचार को लेकर पूरे देश में आलोचना होती रहती है. पर पार्टी के पास प्रांतीय स्तर पर मंजे हुए समझदार और गवर्नेस के मामले में कुशल नेताओं का सख़्त अभाव है. राज्यों के ज्यादातर फैसले केंद्रीय स्तर पर हो रहे हैं. ऐसे में किसी राज्य के जनादेश, संवैधानिक प्रक्रिया और मर्यादा का क्या मतलब है? आखिर भाजपा के मुख्यमंत्रियो में शासकीय कौशल की इतनी किल्लत क्यों है? Newsclick के कार्यक्रम #HafteKiBaat में वरिष्ठ पत्रकार Urmilesh का विश्लेषण:

Uttrakhand
Ram Tirath temple
2022 Uttarakhand Legislative Assembly election
Pushkar Singh Dhami

Related Stories

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चंपावत उपचुनाव में दर्ज की रिकार्ड जीत

बच्चों को कौन बता रहा है दलित और सवर्ण में अंतर?

उत्तराखंड: क्षमता से अधिक पर्यटक, हिमालयी पारिस्थितकीय के लिए ख़तरा!

तीन राज्यों में उपचुनाव 31 मई को: उत्तराखंड में तय होगा मुख्यमंत्री धामी का भविष्य!

उत्तराखंड : ज़रूरी सुविधाओं के अभाव में बंद होते सरकारी स्कूल, RTE क़ानून की आड़ में निजी स्कूलों का बढ़ता कारोबार 

महंत ने भगवानपुर में किया हनुमान चालीसा का पाठ, कहा ‘उत्तराखंड बन रहा कश्मीर’

उत्तराखंड : चार धाम में रह रहे 'बाहरी' लोगों का होगा ‘वेरीफिकेशन’

व्यासी परियोजना की झील में डूबा जनजातीय गांव लोहारी, रिफ्यूज़ी बन गए सैकड़ों लोग

दिल्ली से देहरादून जल्दी पहुंचने के लिए सैकड़ों वर्ष पुराने साल समेत हज़ारों वृक्षों के काटने का विरोध

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के रूप में धामी का शपथ ग्रहण बुधवार को, प्रधानमंत्री भी होंगे शामिल


बाकी खबरें

  • women
    वर्षा सिंह
    पहाड़ों में विशेषज्ञ डॉक्टरों की भारी कमी, कैसे तीसरी लहर का मुकाबला करेगा उत्तराखंड?
    01 Sep 2021
    उत्तराखंड के लोगों के स्वास्थ्य की निगरानी के लिए मात्र 17% सार्वजनिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ और 41% बाल रोग विशेषज्ञ उपलब्ध हैं। महिलाओं के स्वास्थ्य को लेकर राज्य की स्थिति और अधिक बिगड़ी हुई है। राज्य…
  • सूहीत के सेन 
    न्यायपालिका को बेख़ौफ़ सत्ता पर नज़र रखनी होगी
    01 Sep 2021
    न्यायपालिका हुकूमत की ज़्यादतियों पर रोक लगाने का काम कर रही है और साथ ही पूरी की पूरी कार्यकारी के हथियारों पर अंकुश लगाने के लिए क़दम बढ़ा रही है। यह सतर्क आशावाद का नतीजा है।
  • अब्दुल अलीम जाफ़री
    यूपी : कम वेतन के ख़िलाफ़, नियमतिकरण की मांग के साथ 45000 मनरेगा मज़दूर पहुंचे लखनऊ
    01 Sep 2021
    'क़रीब 45,000 अनुबंधित मज़दूर मनरेगा के तहत पिछले 14 साल से काम कर रहे हैं जिनमें से कई की हालत सरकार की नज़रअंदाज़ी की वजह से काफ़ी ख़राब है। कई मज़दूर आर्थिक तंगी या स्वास्थ्य सेवा की कमी की वजह से…
  • न्यूज़क्लिक  डेली राउंडअप
    न्यूज़क्लिक टीम
    देश में बढ़ते सांप्रदायिक हमले, ई-श्रम पोर्टल और अन्य ख़बरें
    31 Aug 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र रहेगी देश में बढ़ते सांप्रदायिक हमले, ई-श्रम पोर्टल और अन्य ख़बरों के बारे में।
  • caa
    अजय कुमार
    क्या नागरिकता क़ानून अफ़ग़ानिस्तानी शरणार्थियों की मदद कर पा रहा है? नहीं, बिल्कुल नहीं
    31 Aug 2021
    भाजपा समर्थक कह रहे है कि नागरिकता संशोधन कानून की वजह से ही अफ़ग़ानिस्तान के सिख और हिंदू भारत में आ रहे हैं। ये सिर्फ़ एक झूठ है। कैसे, आइए समझिए
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License