NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
कोविड-19
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
क्या भारत भी कुछ सीखेगा: मास्क नहीं पहनने पर थाईलैंड के प्रधानमंत्री पर जुर्माना
इसी तरह नॉर्वे में प्रधानमंत्री एर्ना सोलबर्ग पर कोविड-19 के सोशल डिस्टेंसिंग नियम तोड़ने के लिए जुर्माना लगाया गया था।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
26 Apr 2021
Prayut Chan-o-cha
थाईलैंड के प्रधानमंत्री जनरल प्रयुत चान-ओ-चा। फोटो साभार : dw

हमारे देश में कोरोना की बिगड़ती स्थिति के बीच भी जहां राजनीतिक अपने को सब नियम-कायदों से ऊपर समझ रहे हैं और पिछले दिनों तक बेख़ौफ़ खुलेआम लाखों की रैलियां और रोड शो करते रहे हैं वहीं कई देशों में कोविड संबंधी नियम तोड़ने पर उच्च संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों को भी नहीं बख़्शा गया है और पुलिस ने उनके ऊपर जुर्माना लगाकार एक मिसाल कायम की है।

समाचार एजेंसी भाषा की ख़बर के अनुसार थाईलैंड के प्रधानमंत्री जनरल प्रयुत चान-ओ-चा पर सोमवार को मास्क नहीं पहनने के लिए 6,000 बात (14,270 रुपये) का जुर्माना लगाया गया। थाईलैंड की सरकार देश में कोरोना वायरस की एक नई लहर का मुकाबला करने के लिए संघर्ष कर रही है।

थाईलैंड में 1 मई से थाईलैंड के नागरिकों को छोड़कर भारत से यात्रियों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। थाईलैंड में सोमवार को कोविड-19 के 2,048 नए मामले सामने आये एवं आठ और मरीजों की मौत हो गई।

‘बैंकाक पोस्ट‘ की खबर के अनुसार जनरल प्रयुत पर जुर्माना इसलिए लगाया गया क्योंकि उन्होंने सोमवार को टीका खरीद सलाहकारों के साथ बैठक के दौरान मास्क नहीं पहना था।

थाईलैंड की राजधानी बैंकाक में सोमवार से मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया गया है।

बैंकाक के गवर्नर असविन क्वानमुआंग ने सोमवार को फेसबुक पर पोस्ट किया कि उन्होंने प्रधानमंत्री के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है।

सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री की आलोचना होने के बाद शहर के प्राधिकारी हरकत में आए। उनके फेसबुक पेज पर उन्हें एक बैठक में बिना मास्क लगाये बैठे हुए दिखाया गया था जबकि बाकी सभी ने मास्क पहन रखा था।

आपको बता दें कि इससे पहले नॉर्वे की प्रधानमंत्री एर्ना सोलबर्ग पर कोविड-19 के सोशल डिस्टेंसिंग नियम तोड़ने के लिए जुर्माना लगाया गया था। नॉर्वे की पुलिस के मुताबिक प्रधानमंत्री एर्ना सोलबर्ग ने फरवरी में अपना 60वां बर्थडे मनाने के लिए 13 परिजनों के साथ पार्टी की थी जबकि एक जगह पर 10 लोगों से ज्यादा लोगों के इक्ट्ठा होने पर बैन लगा है। सोलबर्ग पर 20 हजार नॉर्वे क्राउन्स यानी करीब 1,75,456 रुपये का जुर्माना लगा। प्रधानमंत्री ने माउंटेन रिजॉर्ट पर आयोजित इस पार्टी के लिए माफी भी मांगी।

इन देशों ने अपने इतने उच्च पदों पर बैठे व्यक्तियों पर कार्रवाई करके एक मिसाल कायम की है, जो आम लोगों के लिए एक उदाहरण बनती है। हमारे देश में केवल आम आदमी पर मास्क न लगाने के लिए सरकारें अनाप-शनाप जुर्माने थोप रही हैं, लेकिन खुद किसी नियम-कायदे का पालन नहीं करती दिखतीं। हालांकि हमारे यहां भी हाईकोर्ट लगातार इसको लेकर सरकारों और राजनीतिकों पर सख्त टिप्पणी कर रहे हैं। आज ही मद्रास हाईकोर्ट ने निर्वाचन आयोग की तीखी आलोचना करते हुए देश में कोविड-19 की दूसरी लहर के प्रकोप के लिये उसे 'सबसे गैर जिम्मेदार संस्था' करार दिया।

अदालत ने तीखी टिप्पणी करते हुए कहा कि निर्वाचन आयोग के अधिकारियों के खिलाफ हत्या के आरोपों में भी मामला दर्ज किया जा सकता है।

निर्वाचन आयोग के वकील ने जब न्यायाधीशों को बताया कि सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं तो पीठ ने कहा उसने राजनीतिक दलों को रैलियां और सभायें करने की अनुमति देकर कोविड-19 की दूसरी लहर के प्रकोप का रास्ता साफ कर दिया था।

न्यायाधीशों ने मौखिक रूप से चेतावनी दी कि वे दो मई को मतगणना रोकने से भी नहीं हिचकिचाएंगे।

हाईकोर्ट ने सीधे तौर पर यह टिप्पणी चुनाव आयोग के ख़िलाफ़ की है। हालांकि इसे हमारे सभी राजनीतिक दलों ख़ासकर प्रधानमंत्री और गृहमंत्री की रैली और रोड शो के संदर्भ में भी देखा-समझा जा रहा है।

Thailand
Prayut Chan-o-cha
Thailand PM
Covid Rules
Coronavirus

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में 2,745 नए मामले, 6 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में आज फिर कोरोना के मामलों में क़रीब 27 फीसदी की बढ़ोतरी

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के घटते मामलों के बीच बढ़ रहा ओमिक्रॉन के सब स्ट्रेन BA.4, BA.5 का ख़तरा 

कोरोना अपडेट: देश में ओमिक्रॉन वैरिएंट के सब स्ट्रेन BA.4 और BA.5 का एक-एक मामला सामने आया

कोरोना अपडेट: देश में फिर से हो रही कोरोना के मामले बढ़ोतरी 

कोविड-19 महामारी स्वास्थ्य देखभाल के क्षेत्र में दुनिया का नज़रिया नहीं बदल पाई

कोरोना अपडेट: अभी नहीं चौथी लहर की संभावना, फिर भी सावधानी बरतने की ज़रूरत

कोरोना अपडेट: दुनियाभर के कई देशों में अब भी क़हर बरपा रहा कोरोना 

कोरोना अपडेट: देश में एक्टिव मामलों की संख्या 20 हज़ार के क़रीब पहुंची 

देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, PM मोदी आज मुख्यमंत्रियों संग लेंगे बैठक


बाकी खबरें

  • नए शौचालय बनाने से पहले पुराने शौचालयों की कार्यक्षमता और सफ़ाई कर्मियों की दशा दुरुस्त करने की ज़रूरत
    मोहित यादव, आशुतोष रंगा
    नए शौचालय बनाने से पहले पुराने शौचालयों की कार्यक्षमता और सफ़ाई कर्मियों की दशा दुरुस्त करने की ज़रूरत
    05 Jul 2021
    नए सूखे शौचालय भारत में ख़राब स्वच्छता व्यवस्था के बुनियादी ढांचों और साफ-सुथरे शौचालयों की बदतर हालत का भी एक नतीजा हैं। 
  • कोरोना
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 39,796 नए मामले, 723 मरीज़ों की मौत
    05 Jul 2021
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 39,796 नए मामले दर्ज किए गए हैं। देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 1.57 फ़ीसदी यानी 4 लाख 82 हज़ार 71 हो गयी है।
  • खाद्य सामग्री की ऊंची क़ीमतें परिवारों के पोषण को तबाह कर रही हैं
    सुबोध वर्मा
    खाद्य सामग्री की ऊंची क़ीमतें परिवारों के पोषण को तबाह कर रही हैं
    05 Jul 2021
    प्रोटीन के बुनियादी स्रोत जैसे मांस, अंडे, दालें आम आदमी की पहुँच से बाहर हो गए हैं और रसोई गैस की क़ीमत की तरह खाना पकाने के तेल की क़ीमतों में भी बड़ा उछाल आया है। 
  • लेखक को भविष्य की उम्मीद दिखानी चाहिए
    न्यूज़क्लिक टीम
    लेखक को भविष्य की उम्मीद दिखानी चाहिए
    04 Jul 2021
    न्यूज़क्लिक की ख़ास पेशकश में वरिष्ठ कवि व राजनीतिक विश्लेषक अजय सिंह ने उपन्यासकार-गद्यकार गीता हरिहरन से उनके उपन्यास I have become the tide के बहाने मौजूदा दौर पर विस्तृत बातचीत की। अजय सिंह ने…
  • Economic Liberalisation: 30 साल में क्या बदला, क्या नहीं?
    न्यूज़क्लिक टीम
    Economic Liberalisation: 30 साल में क्या बदला, क्या नहीं?
    04 Jul 2021
    'इतिहास के पन्ने मेरी नज़र से' के इस एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार नीलांजन 1991 Economic Liberalisation की बात कर रहे है. क्या है इसका इतिहास और इसे क्यों लागू किया गया था, आइये जानते हैं
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License