NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
आडवाणी, मोदी और सियासी ज़हर का रास्ता
भाजपा के संस्थापक नेताओं में सबसे बुजुर्ग लालकृष्ण आडवाणी ने बीते 4 अप्रैल को एक ब्लॉग लिखा। इसमें उन्होंने अपने राजनीतिक शिष्य और मौजूदा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का नाम लिये बगैर उनकी कई नीतियों की आलोचना की। इसमें सबसे प्रमुख थी : मौजूदा भाजपा सरकार और सत्ताधारी पार्टी की विभाजनवादी नीति!
न्यूज़क्लिक टीम
06 Apr 2019

भाजपा के संस्थापक नेताओं में सबसे बुजुर्ग लालकृष्ण आडवाणी ने बीते 4 अप्रैल को एक ब्लॉग लिखा। इसमें उन्होंने अपने राजनीतिक शिष्य और मौजूदा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का नाम लिये बगैर उनकी कई नीतियों की आलोचना की। इसमें सबसे प्रमुख थी : मौजूदा भाजपा सरकार और सत्ताधारी पार्टी की विभाजनवादी नीति! असहमत लोगों को देशद्रोही तक कह देने की प्रवृत्ति! इशारों में मोदी-शाह की जोड़ी पर हमलावर हुए आडवाणी की विपक्षी खेमे के कुछ नेताओं और मीडिया के हलके में कुछ लोगों ने तारीफ की। लेकिन उन्होंने इस बात को नज़रंदाज कर दिया कि 91 वर्षीय आडवाणी गांधीनगर लोकसभा सीट से बेदखल किए जाने के बाद यह 'ज्ञान' दे रहे हैं! ऐसे लोग यह भी भूल रहे हैं कि मोदी-शाह की जोड़ी को भाजपा में आडवाणी ने ही पाला-पोसा!  संयोगवश, 6 अप्रैल भाजपा का स्थापना दिवस है। इस पार्टी, आडवाणी और मोदी के लंबे सियासी सफर पर रोशनी डाली रहे हैं : वरिष्ठ पत्रकार उर्मिलेश।  

Urmilesh
hafte ki baat urmilesh ke saath
lal krishna advani
lk advani
Narendra modi
BJP
lk advani blog
Anti National

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

भारत के निर्यात प्रतिबंध को लेकर चल रही राजनीति


बाकी खबरें

  • Bashir Ahmed
    न्यूज़क्लिक टीम
    12 साल तक ग़लत तरीक़े से क़ैद के बाद कश्मीरी शख़्स बरी
    01 Jul 2021
    बशीर अहमद बाबा को आतंकवाद निरोधी दस्ते (एटीएस) ने 2010 में यूएपीए के तहत गिरफ्तार किया था। उन्होंने वडोदरा सेंट्रल जेल में अपनी सजा काट ली। 44 वर्षीय बाबा सूरत की निचली अदालत में निर्दोष साबित हुए और…
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    अखिल गोगोई बरी, स्टील कर्मचारियों की बड़ी हड़ताल और अन्य ख़बरें
    01 Jul 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हम बात करेंगे अखिल गोगोई की जल्द रिहाई, स्टील कर्मचारियों की सफल हड़ताल और अन्य ख़बरों के बारे में।
  • यूपी: क्या चुनाव नज़दीक आते ही भाजपा को बाबा साहेब की याद आ गई है?
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    यूपी: क्या चुनाव नज़दीक आते ही भाजपा को बाबा साहेब की याद आ गई है?
    01 Jul 2021
    गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में चुनाव करीब हैं और ये स्पष्ट है कि हर पार्टी और हर गठजोड़ अपने समीकरणों पर दोबारा ग़ौर करने में जुटा है।
  • प्यू रिसर्च: भारत के धार्मिक समुदायों के बीच अलगाव की साफ़ दीवार मौजूद है!
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    प्यू रिसर्च: भारत के धार्मिक समुदायों के बीच अलगाव की साफ़ दीवार मौजूद है!
    01 Jul 2021
    अमेरिका स्थित प्यू रिसर्च सेंटर ने ‘भारत में धर्म: सहिष्णुता और अलगाव' नाम से एक सर्वेक्षण रिपोर्ट जारी की है। इस सर्वेक्षण में लोगों ने धर्म, मान्यताओं और दूसरे धर्मों को मानने वालों के प्रति अपने…
  • सीटू, एसडब्ल्यूएफआई ने सरकार और प्रबंधन के ख़िलाफ़ सफल हड़ताल के लिए स्टील श्रमिकों को दी बधाई
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    सीटू, एसडब्ल्यूएफआई ने सरकार और प्रबंधन के ख़िलाफ़ सफल हड़ताल के लिए स्टील श्रमिकों को दी बधाई
    01 Jul 2021
    "प्रबंधन और सरकार द्वारा विभिन्न उकसावे के बावजूद, स्टील श्रमिकों द्वारा ऐतिहासिक और साहसिक हड़ताल ने प्रदर्शित किया कि श्रमिकों को हल्के में नहीं लिया जा सकता है।"
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License