NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अंबेडकर जयंती से दो दिन पहले दलितों पर हुआ हमला: कर्नाटक के सन्थेबेन्नूर, दावनेगेरे से रिपोर्ट
कर्नाटक में "ऊँची जाति के लोगों" की नदी में तैरने की वजह से दलित लड़के पर तीन बार हमला हुआ।दलितों के घरों को निशाना बनाया गया, बच्चों और महिलाओं को निर्दयी तरीक़े से मारा गया। सन्थेबेन्नूर में सवर्ण पुरुषों द्वारा किए एक हमले में एक्टिविस्ट हुचंगी प्रसाद को भी चोटें आई हैं।
सुमेधा पाल
17 Apr 2019
Translated by सत्यम् तिवारी
hachungi prasad

ये दावनेगेरे, कर्नाटक में चुनाव होने से 10 दिन पहले की, और भीमराव अंबेडकर जयंती से 2 दिन पहले की बात है। कर्नाटक के एक कस्बे सन्थेबेन्नूर में कवि और अध्यापक हुचंगी प्रसाद कुछ युवाओं के साथ मिलकर उस इंसान को याद करने की तैयारी कर रहे थे जिनकी शिक्षाओं ने उन्हें प्रेरणा मिली है और जातिवाद के ख़िलाफ़ लड़ते रहने की हिम्मत मिली है। 

अचानक कुछ बच्चे भागते हुए कॉलोनी में मदद के लिए आए। जिससे वो भाग कर आए थे वो घटना ये थी- उनमें से एक 17 साल के लड़के, अभिषेक पर उप्परा (एक ओबीसी जाति) के लोगों ने हमला किया था क्योंकि वो भद्रा नदी में तैर रहा था। ये नदी कथित तौर पर सिर्फ़ ऊँची जाति के लोगों के लिए है। अभिषेक और उसके दोस्तों को जाति की गलियाँ दी गईं, फिर एक आदमी जिसका नाम श्रीनिवास है, ने अभिषेक और उसके दोस्तों को मारा। उसके बाद क़रीब 200 आदमियों की एक भीड़ ने सन्थेबेन्नूर की दलित कॉलोनी पर हमला किया। 

27 साल के प्रसाद अपने घर पर थे जब उन्होंने बाहर हल्ला सुना। उन्होंने एक महिला को रोत-चिल्लाते और मदद की भीख मांगते हुए सुना। जब उन्हें पता चला कि क्या हुआ है, वो तुरंत गए और उप्परा जाति के आदमियों से बात की। व प्रसाद को मारने लगे। प्रसाद को सर और पीठ में चोट आई जिसकी वजह से उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी किडनी में दर्द है, और उँगली की हड्डी टूट गई है। उन्होंने हमलावरों की शिनाख़्त की और बताया कि उनके नाम मारुति और किरन हैं, दोनों की उम्र 24 साल के आसपास है। 

IMG-20190417-WA0063_1.jpg:

(6 साल के अजय को साइकल की चेन से मारा गया)

2 घंटे के बाद अभिषेक को उप्परा जाति के आदमियों द्वारा एक पेट्रोल बंक के पास फिर से पीटा गया। दरअसल, अभिषेक को 3 बार पीटा गया था। प्रसाद ने तीसरी घटना के बारे में न्यूज़क्लिक से कहा, "अभिषेक क़रीब 2 बजे समान ख़रीदने गया था। 8 लोगों उसे ज़बरदस्ती पकड़ लिया और उसके सर और पीठ पर बेरहमी से हमला किया। मैंने हालात सुधारने और बच्चों की सुरक्षा के लिए पुलिस को फ़ोन किया। लेकिन उन्होंने अभिषेक के ख़िलाफ़ ही ऊँची जाति के लोगों पर हमला करने का झूठा केस दर्ज कर लिया।"

उसी दिन, उप्परा जाति के क़रीब 150-200 आदमी दलित कॉलोनी में उतर आए और जिसे देखा उसे डंडों, पत्थरों और साइकल चेन से मारने लगे। ये पुलिस के पास जाने का बदला था। 

प्रसाद बताते हैं, "6 साल के अजय को साइकल की चेन से पीटा गया। उसके बाद आदमी उसके घर में घुस आए, और घर का सारा राशन, प्लेटें और उनका सारा सामान बाहर फेंक दिया। उन्होंने अजय के पिता, 28 साल के रमेश को भी पीटा। उन्होंने घर की महिलाओं- ननजम्मा, नेत्रवती, वन्नम्मा और रथ्नम्मा के ज़बरदस्ती कपड़े उतार दिये और उन्हें पीटा।" 

IMG-20190417-WA0064_0.jpg

सारा समुदाय सदमे में है। उनमें से कई ने और हमलों के डर से सनथेबन्नूर छोड़ दिया है। पुलिस ने 12 दलितों और 51 उप्पर जाति के लोगों पर मुक़दमा दर्ज कर लिया। इन मुक़दमों में ... 

दलितों के लिए आज़माइश जारी है। प्रसाद ने बताया कि कुछ दलित पास के आम के बगानों में चौकीदारी का काम करते हैं। इससे उन्हें क़रीब 3000-4000 प्रति माह मिलता है। उस रात को, एक दलित लड़का अपने पिता के लिए खाना लेकर जा रहा था। रास्ते में, उसे उप्परा जाति के एक गुट ने घेर लिया और उनकी जाति के लोगों के ख़िलाफ़ मुक़दमा दायर करने की वजह से बेरहमी से पीटा। प्रसाद ने बताया कि लड़के को मार-मार कर अधमरा कर दिया गया था। सब-इंस्पेक्टर शांतला ने उसकी चोटों को देख कर उसे अस्पताल में भर्ती कराया। 

अब तक उप्परा जाति के सिर्फ़ 8 लोगों को हिरासत में लिया गया है। प्रसाद ने कहा कि अगर आने वाले दिनों में और गिरफ़्तारी नहीं हुई तो वो इसके ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन करेंगे। इस क्षेत्र की दलित संघर्ष समिति(डीएसएस) और वाम दलों ने उनका समर्थन किया है। 

हुचंगी प्रसाद वही कवि हैं, जिन पर 2011 में जाति प्रथा के बारे में लिखने की वजह से दक्षिणपंथी गुंडों ने हमला किया था। तब उन्हें धम्की डी गई थी कि अगर उन्होंने फिर से हिन्दुत्व के ख़िलाफ़ लिखा, तो उनकी उँगलियाँ काट दी जाएंगी। अब, 2019 में, अंबेडकर जयंती मनाने की तैयारी करने की वजह से उनकी उँगली की हड्डी तोड़ दी गई है। 

 

hachungi prasad . Atrocities against Dalits
atrocities on dalits
Attack on dalits
Devadasis of Karnataka
government of karnataka
karnataka

Related Stories

कर्नाटक पाठ्यपुस्तक संशोधन और कुवेम्पु के अपमान के विरोध में लेखकों का इस्तीफ़ा

दलितों पर बढ़ते अत्याचार, मोदी सरकार का न्यू नॉर्मल!

अलविदा शहीद ए आज़म भगतसिंह! स्वागत डॉ हेडगेवार !

कर्नाटक: स्कूली किताबों में जोड़ा गया हेडगेवार का भाषण, भाजपा पर लगा शिक्षा के भगवाकरण का आरोप

नफ़रती Tool-Kit : ज्ञानवापी विवाद से लेकर कर्नाटक में बजरंगी हथियार ट्रेनिंग तक

कॉर्पोरेटी मुनाफ़े के यज्ञ कुंड में आहुति देते 'मनु' के हाथों स्वाहा होते आदिवासी

दलित किशोर की पिटाई व पैर चटवाने का वीडियो आया सामने, आठ आरोपी गिरफ्तार

कर्नाटक में बदनाम हुई भाजपा की बोम्मई सरकार, क्या दक्षिण भारत होगा- “भाजपा मुक्त”

आज़म खान-शिवपाल का साथ छोड़ना! क्या उबर पाएंगे अखिलेश यादव?

मंत्री पर 40 फीसदी कमीशन मांगने का आरोप लगाने वाला ठेकेदार होटल में मृत मिला


बाकी खबरें

  • weekend curfew
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिल्ली में ओमीक्रॉन के बढ़ते मामलों के मद्देनज़र शनिवार-रविवार का कर्फ़्यू
    04 Jan 2022
    डीडीएमए की बैठक के बाद उप मुख्यमंत्री सिसोदिया ने कहा, ‘‘शनिवार और रविवार को कर्फ़्यू रहेगा। लोगों से अनुरोध किया जाता है कि बेहद जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें।’’
  • Subramanian Swamy
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    ख़बर भी, नज़र भी: भाजपा के अपने ही बाग़ी हुए जा रहे हैं
    04 Jan 2022
    मोदी सरकार चाहती है कि कोर्ट उनके ही नेता सुब्रमण्यम स्वामी की उस याचिका पर कोई ध्यान न दे जिसमें उन्होंने एअर इंडिया की विनिवेश प्रक्रिया रद्द करने और अधिकारियों द्वारा दी गई मंज़ूरी रद्द करने का…
  • Hindu Yuva Vahini
    विजय विनीत
    बनारस में हिन्दू युवा वाहिनी के जुलूस में लहराई गईं नंगी तलवारें, लगाए गए उन्मादी नारे
    04 Jan 2022
    "हिन्दू युवा वाहिनी के लोग चाहते हैं कि हम अपना धैर्य खो दें और जिससे वह फायदा उठा सकें। हरिद्वार में आयोजित विवादित धर्म संसद के बाद बनारस में नंगी तलवारें लहराते हुए जुलूस निकाले जाने की घटना के…
  • Maulana Hasrat Mohani
    परमजीत सिंह जज
    मौलाना हसरत मोहानी और अपनी जगह क़ायम अल्पसंख्यक से जुड़े उनके सवाल
    04 Jan 2022
    आज भी अल्पसंख्यक असुरक्षित महसूस करते हैं, ऐसे में भारत को संविधान सभा में हुई उन बहसों को फिर से याद दिलाने की ज़रूरत है, जिसमें बहुसंख्यकवाद के कड़वे नतीजों की चेतावनी दी गयी थी।
  • Goa Chief Ministers
    राज कुमार
    गोवा चुनावः  34 साल में 22 मुख्यमंत्री
    04 Jan 2022
    दल बदल के मामले में गोवा बाकी राज्यों को पीछे छोड़ता नज़र आ रहा है। चुनाव से पहले गोवा के आधे से ज्यादा विधायक पार्टी बदल चुके हैं। आलम ये है कि कहना मुश्किल है कि जो विधायक आज इस पार्टी में है कल…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License