NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
ब्रेक्जिट पर बोरिस जॉनसन की संसद में बड़ी हार, समय से पूर्व चुनाव की संभावना
जॉनसन को इस महत्वपूर्ण प्रस्ताव पर 301 वोट ही मिले जबकि उनके खिलाफ 328 वोट पड़े। बोरिस जॉनसन इस वादे के साथ प्रधानमंत्री बने थे अगर 31 अक्टूबर तक ब्रेक्जिट पर समझौता नहीं हुआ तो भी ब्रिटेन यूरोपीय संघ से अलग हो जाएगा जबकि विरोधी चाहते हैं कि यह समयसीमा बढ़ायी जाए।
भाषा
04 Sep 2019
ब्रेक्जिट

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन को ब्रेक्जिट पर संसद में मंगलवार को पहली बड़ी हार मिली। उनकी खुद की कंजर्वेटिव पार्टी के बागी सांसदों ने विपक्षी सांसदों के साथ मिलकर हाउस ऑफ कामंस के कामकाज का नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया जिससे ब्रेक्जिट में देरी हो सकती है और मजबूरन समय से पहले चुनाव कराए जा सकते हैं। 

जॉनसन को इस महत्वपूर्ण प्रस्ताव पर 301 वोट ही मिले जबकि उनके खिलाफ 328 वोट पड़े। बोरिस जॉनसन इस वादे के साथ प्रधानमंत्री बने थे अगर 31 अक्टूबर तक ब्रेक्जिट पर समझौता नहीं हुआ तो भी ब्रिटेन यूरोपीय संघ से अलग हो जाएगा जबकि विरोधी चाहते हैं कि यह समयसीमा बढ़ायी जाए।

जॉनसन की खुद की पार्टी के 21 सांसदों ने सरकार के खिलाफ मतदान किया जिससे देश में अक्टूबर के मध्य तक आम चुनाव कराए जाने की संभावना बन गई है। 

अगर बुधवार को होने वाला मतदान भी जॉनसन के खिलाफ जाता है तो वह संसद द्वारा ब्रेक्जिट समझौते पर पहुंचने के लिए कम से कम 31 जनवरी 2020 की समयसीमा मांगने के लिए बाध्य होंगे।
हालांकि उन्होंने इस मांग के आगे न झुकने की पुष्टि करते हुए एक बयान में कहा कि वह इसके बजाय आम चुनाव कराने के लिए एक प्रस्ताव पेश करेंगे।

प्रधानमंत्री के तौर पर पहली बार हार के तुरंत बाद जॉनसन ने कहा, ‘‘आज रात मतदान के नतीजों के बारे में कोई वहम मत रखिए। इसका मतलब है कि संसद किसी भी समझौते को खत्म करने की कगार पर है। चूंकि कल होने वाले मतदान से यूरोपीय संघ से बातचीत की कमान संसद के पास चली जाएगी तो इसका मतलब होगा और दुविधा, और विलंब और भ्रम।’’

अपनी पार्टी के बागी सांसदों को चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि अगर संसद बुधवार को बिना समझौते वाले ब्रेक्जिट विधेयक को रोकने के लिए मतदान करती है तो जनता यह तय करेगी कि 17 अक्टूबर को इस मुद्दे को सुलझाने और ब्रेक्जिट को आगे ले जाने के लिए कौन यूरोपीय संघ जाएगा।

उन्होंने कहा, ‘‘इस देश के लोगों को तय करना होगा। विपक्ष के नेता (जेरेमी कोर्बिन) दो वर्षों से चुनाव की गुहार लगा रहे हैं। मैं चुनाव नहीं चाहता लेकिन अगर सांसद कल बातचीत को रोकने के लिए मतदान करते हैं और बिना किसी औचित्य के संभवत: वर्षों तक ब्रेक्जिट को टालने के लिए मजबूर करते हैं तो इसे हल करने का केवल एक रास्ता होगा। मैं पुष्टि कर सकता हूं कि आज रात हम चुनाव कराने के लिए प्रस्ताव पेश कर रहे हैं।’’
कोर्बिन ने कहा कि मतदान से पुष्टि हो गई है कि ब्रिटेन में बिना किसी समझौते के यूरोपीय संघ से अलग होने के लिए बहुमत नहीं है और जॉनसन को चुनाव कराने का कोई प्रस्ताव पेश करने से पहले बिना समझौते के अलग न होने वाला प्रस्ताव पेश करना चाहिए।

Brexit
borris johnson
parilament
brexit issue

Related Stories

ब्रेक्जिट के बाद कोरोना वायरस से यूरोपीय संघ का ढांचा चरमराया

कश्मीर नज़रबंदी पर सुप्रीमकोर्ट, गिरती अर्थव्यवस्था, ब्रेकज़िट और अन्य

अति-दक्षिणपंथ को कौन रोक सकता है?

बग़दादी की 'मौत’, कश्मीर के छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ और अन्य

हारे और घबराए ब्रिटिश प्रधानमंत्री जॉनसन डाल रहे हैं आम चुनाव के लिए दबाव

ब्रिटेन की संसद में ब्रेक्जिट विधेयक पारित लेकिन समयसीमा ख़ारिज

होर्मुज जल संधि में गनबोट कूटनीति

बजट 2019: पैन नहीं होने पर आधार के जरिये आयकर रिटर्न भर सकेंगे करदाता

इस ब्रेक्सिट की गुत्थी सुलझाए नहीं सुलझती

मे का ब्रेक्सिट फेल, सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश


बाकी खबरें

  • Hijab
    अजय कुमार
    आधुनिकता का मतलब यह नहीं कि हिजाब पहनने या ना पहनने को लेकर नियम बनाया जाए!
    14 Feb 2022
    हिजाब पहनना ग़लत है, ऐसे कहने वालों को आधुनिकता का पाठ फिर से पढ़ना चाहिए। 
  • textile industry
    एम.ओबैद
    यूपी चुनावः "कानपुर की टेक्स्टाइल इंडस्ट्री पर सरकार की ग़लत नीतियों की काफ़ी ज़्यादा मार पड़ी"
    14 Feb 2022
    "यहां की टेक्स्टाइल इंडस्ट्री पर सरकार की ग़लत नीतियों की काफ़ी ज़्यादा मार पड़ी है। जमीनी हकीकत ये है कि पिछले दो साल में कोरोना लॉकडाउन ने लोगों को काफ़ी परेशान किया है।"
  • election
    ओंकार पुजारी
    2022 में महिला मतदाताओं के पास है सत्ता की चाबी
    14 Feb 2022
    जहां महिला मतदाता और उनके मुद्दे इन चुनावों में एक अहम भूमिका निभा रहे हैं, वहीं नतीजे घोषित होने के बाद यह देखना अभी बाक़ी है कि राजनीतिक दलों की ओर से किये जा रहे इन वादों को सही मायने में ज़मीन पर…
  • election
    सत्यम श्रीवास्तव
    क्या हैं उत्तराखंड के असली मुद्दे? क्या इस बार बदलेगी उत्तराखंड की राजनीति?
    14 Feb 2022
    आम मतदाता अब अपने लिए विधायक या सांसद चुनने की बजाय राज्य के मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के लिए मतदान करने लगा है। यही वजह है कि राज्य विशेष के अपने स्थानीय मुद्दे, मुख्य धारा और सरोकारों से दूर होते…
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 34,113 नए मामले, 346 मरीज़ों की मौत
    14 Feb 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 1.12 फ़ीसदी यानी 4 लाख 78 हज़ार 882 हो गयी है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License