NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
दूसरों की जांच करने वाली सीबीआई खुद भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरी, विशेष निदेशक पर मुकदमा
एक तरफ लड़ाकू विमान राफेल मामले में देश के ‘चौकीदार’ यानी प्रधानमंत्री पर ही भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं, दूसरी तरफ देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी सीबीआई में भी भ्रष्टाचार के मामलों को लेकर शीर्ष अधिकारी कठघरे में आ गए हैं। पढ़िए क्या है पूरा मामला-
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
22 Oct 2018
राकेश अस्थाना

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने अपने ही विशेष निदेशक राकेश अस्थाना के खिलाफ रिश्वत लेने का मामला दर्ज किया है। अस्थाना पर धनशोधन के कई मामलों में आरोपी गोश्त निर्यातक मोइन कुरैशी के एक मामले का निपटारा करने के लिए रिश्वत लेने का आरोप है। यह जानकारी रविवार को एजेंसी की ओर से दी गई। सीबीआई प्रवक्ता अभिषेक दयाल ने कहा कि शनिवार को सीबीआई के पुलिस उपाधीक्षक देवेंद्र कुमार के दिल्ली स्थित घर की तलाशी ली गई। कुमार कुरैशी के मामले में जांच अधिकारी हैं।

सीबीआई ने कहा, "हैदराबाद के सतीश बाबू साना की शिकायत के बाद राकेश अस्थाना, देवेंद्र और दो अन्य व्यक्ति, मनोज प्रसाद और सोमेश्वर प्रसाद के विरुद्ध 15 अक्टूबर को एफआईआर (प्रथम जांच रिपोर्ट) दर्ज की गई।"

एजेंसी ने कहा कि भ्रष्टाचार निवारक कानून के संशोधित प्रावधान के अनुसार, जांच शुरू करने से पहले अनुमति जरूरी है, लेकिन यह अस्थाना के मामले में लागू नहीं होगा।

देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी का आरोप है कि दिसंबर 2017 और अक्टूबर 2018 के बीच कम से कम पांच बार रिश्वत ली गई। 

सीबीआई ने कहा कि उसके पास सतीश साना का बयान है जो आपराधिक प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा 164 के तहत चार अक्टूबर और 20 अक्टूबर को दो बार रिकार्ड किया गया है। बयान में अस्थाना और अन्य के खिलाफ आरोप की पुष्टि होती है।

साना ने अपनी शिकायत में कहा कि उनको एक मुकदमे में मदद करने के बहाने अस्थाना और देवेंद्र समेत सीबीआई अधिकारियों द्वारा ली गई भारी रकम का हिस्सा बनाया गया, जबकि उसमें उनकी कोई संलिप्तता नहीं थी। 

शिकायतकर्ता साना ने कहा, "मैंने ज्यादातर व्हाट्सएप संदेशों और वॉइस कॉल्स को रिकार्ड कर लिया, जिसे मैं समय पर प्रस्तुत करूंगा।" 

सीबीआई का आरोप है कि सोमेश्वर अस्थाना के निवेश को संभालते थे। 

1984 बैच के भारतीय पुलिस सेवा के गुजरात कैडर के अधिकारी अस्थाना पर एक कारोबारी से दो करोड़ रुपये का रिश्वत लेने का आरोप है, जो कुरैशी के मामले के तहत जांच के दायरे में थे। यह रकम उनको जांच को प्रभावित करने के लिए दिया गया था। मामला की जांच अस्थाना की अगुआई में विशेष जांच दल (एसआईटी) द्वारा की जा रही थी। 

सीबीआई ने बिचौलिया मनोज की गिरफ्तारी के बाद 15 अक्टूबर को एफआईआर दर्ज की। मनोज ने मजिस्ट्रेट के सामने अपने बयान में अस्थाना को दो करोड़ रुपये की रकम देने की पुष्टि की है। 

अस्थाना के अलावा सीबीआई ने भारत के विदेशी खुफिया एजेंसी रॉ के विशेष निदेशक सामंत कुमार गोयल का भी नाम दर्ज किया है, लेकिन उनको आरोपी नहीं बनाया गया है। 

यहां यह भी उल्लेखनीय है कि आरोपी विशेष निदेशक राकेश अस्थाना ने इससे पहले कैबिनेट सचिव और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को पत्र लिख कर सीबीआई के निदेशक आलोक वर्मा पर आरोप लगाए थे। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने आलोक वर्मा के खिलाफ कथित भ्रष्टाचार और अनियमितता के कम से कम 10 मामलों का जिक्र किया था। पत्र में उन्होंने लिखा था कि सीबीआई डायरेक्टर आलोक वर्मा ने एंटी करप्शन ब्रांच में दायर केस में उन्हें फंसाने के लिए जान-बूझकर ऐसे अधिकारी की नियुक्ति की है जिनकी छवि बेदाग नहीं है। उन्होंने लिखा कि सीबीआई प्रमुख उन्हें फंसा रहे हैं।

(कुछ इनपुट आईएएनएस)

CBI
special director Rakesh Asthana
director Alok Varma
Moin Qureshi case
Corruption

Related Stories

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

सरकारी एजेंसियाँ सिर्फ विपक्ष पर हमलावर क्यों, मोदी जी?

उत्तराखंड के ग्राम विकास पर भ्रष्टाचार, सरकारी उदासीनता के बादल

सीबीआई ने लालू प्रसाद यादव के ख़िलाफ़ नया मामला दर्ज किया, कई जगह छापे मारे

बिहार में 1573 करोड़ रुपये का धान घोटाला, जिसके पास मिल नहीं उसे भी दिया धान

बढ़ती हिंसा और सीबीआई के हस्तक्षेप के चलते मुश्किल में ममता और तृणमूल कांग्रेस

सीबीआई को आकार पटेल के खिलाफ मुकदमा चलाने की मिली अनुमति

आकार पटेल ने सीबीआई के ख़िलाफ़ अवमानना याचिका दाख़िल की

एमनेस्टी इंडिया के प्रमुख आकार पटेल का दावा, उन्हें अमेरिका जाने से रोका गया

बिहारः बड़े-बड़े दावों के बावजूद भ्रष्टाचार रोकने में नाकाम नीतीश सरकार


बाकी खबरें

  • भाषा
    अदालत ने कहा जहांगीरपुरी हिंसा रोकने में दिल्ली पुलिस ‘पूरी तरह विफल’
    09 May 2022
    अदालत ने कहा कि 16 अप्रैल को हनुमान जयंती पर हुए घटनाक्रम और दंगे रोकने तथा कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने में स्थानीय प्रशासन की भूमिका की जांच किए जाने की आवश्यकता है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 3,207 नए मामले, 29 मरीज़ों की मौत 
    09 May 2022
    राज्यों में कोरोना जगह-जगह पर विस्पोट की तरह सामने आ रहा है | कोरोना ज़्यादातर शैक्षणिक संस्थानों में बच्चो को अपनी चपेट में ले रहा है |
  • Wheat
    सुबोध वर्मा
    क्या मोदी सरकार गेहूं संकट से निपट सकती है?
    09 May 2022
    मोदी युग में पहली बार गेहूं के उत्पादन में गिरावट आई है और ख़रीद घट गई है, जिससे गेहूं का स्टॉक कम हो गया है और खाद्यान्न आधारित योजनाओं पर इसका असर पड़ रहा है।
  • राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: एक निशान, अलग-अलग विधान, फिर भी नया इंडिया महान!
    09 May 2022
    क्या मोदी जी के राज में बग्गाओं की आज़ादी ही आज़ादी है, मेवाणियों की आज़ादी अपराध है? क्या देश में बग्गाओं के लिए अलग का़ानून है और मेवाणियों के लिए अलग क़ानून?
  • एम. के. भद्रकुमार
    सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति
    09 May 2022
    सीआईए प्रमुख का फ़ोन कॉल प्रिंस मोहम्मद के साथ मैत्रीपूर्ण बातचीत के लिए तो नहीं ही होगी, क्योंकि सऊदी चीन के बीआरआई का अहम साथी है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License