NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
इज़राइल के खिलाफ युद्ध अपराध के मामले में प्रारंभिक जांच में महत्वपूर्ण प्रगति: आईसीसी
अप्रैल में, वापस विरोध के महान मार्च की शुरुआत के कुछ ही समय बाद, बेंसौदा ने एक बयान जारी किया था, जिसमें इजरायली सुरक्षा द्वारा क्रूर हिंसा पर गहरी चिंता व्यक्त की गई थी।
पीपल्स डिस्पैच
11 Dec 2018
Translated by महेश कुमार
international

अंतर्राष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (आईसीसी) ने 2015 से फिलिस्तीनियों पर इजरायल द्वारा किए गए कथित युद्ध अपराधों की प्रारंभिक जांच में उल्लेखनीय प्रगति की सूचना दी है, जिसके तहत गाजा सीमा पर 2018 के विरोध प्रदर्शन के दौरान, बस्तियों के निर्माण के विरोध में और घरों के विध्वंस के विरोध के दौरान वेस्ट बैंक और पूर्वी जेरूसलम में यह ज्यादतिया हुई थी। 22 मई को, आईसीसी अभियोजक फतौ बेंसौदा को 13 जून, 2014 से इस क्षेत्र की स्थिति के लिए फिलिस्तीन राज्य सरकार से एक रेफरल प्राप्त हुआ था। फिलिस्तीन सरकार ने अभियोजक बेंसौदा से अनुरोध किया कि वह "न्यायालय के अधिकार क्षेत्र के अनुसार, फिलिस्तीन राज्य के पूरे क्षेत्र में पिछले और वर्तमान में चल रहे अपराधों, दमन और भविष्य में सम्भावित के बारे में न्यायालय सामने सही तस्वीर रखे "। "क्षेत्राधिकार, स्वीकार्यता और न्याय के हितों" के मुद्दों पर विचार करने के बाद अभियोजक ने कहा कि वह यह निर्धारित करेगा कि हालात की सही जांच की गई है या नहीं। हालांकि आईसीसी ने अपनी प्रारंभिक जांच में महत्वपूर्ण प्रगति की सूचना दी है, लेकिन मुख्य अभियोजक फतौ बेंसौदा ने रिपोर्ट में कहा कि उन्होंने अभी तक इस पर फैसला नहीं किया है कि आधिकारिक जांच शुरु करनी है या नहीं, और क्या उन्हें फिलीस्तीनी मुद्दे से निपटने का अधिकार था या नहीं।

अप्रैल में, ग्रेट रिटर्न मार्च की शुरुआत के कुछ ही समय बाद, बेंसौदा ने एक बयान जारी किया था, जिसमें इजरायली बलों द्वारा क्रूर हिंसा पर गहरी चिंता व्यक्त की गई थी। इजरायली रक्षा बलों के सैनिकों ने प्रदर्शन में हिस्सा लेने वालो के खिलाफ घातक बल का उपयोग किया जिसमें 30 बच्चों सहित 170 से अधिक लोगों की मौत हो गयी थी, और 19,000 से अधिक लोग घायल हो गए थे। अभियोजक के कार्यालय ने मृत और घायल पत्रकारों और चिकित्सा कर्मचारियों के उपर ध्यान दिया। नागरिकों और चिकित्सा कर्मचारियों पर हमला अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत एक युद्ध अपराध माना जाता है। 

संयुक्त राष्ट्र, कई अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय गैर सरकारी संगठनों, और अन्यों ने आईडीएफ के हमलों वाले नियमों और इजरायली बलों द्वारा बल के उपयोग की दृढ़ता से आलोचना की है। 18 मई को, संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (यूएनएचआरसी) ने 1/28-एस संकल्प अपनाया, जिससे इजरायल द्वारा अंतर्राष्ट्रीय मानवीय और मानवाधिकार कानूनों के दुरुपयोग की जांच के लिए जांच का एक स्वतंत्र अंतर्राष्ट्रीय आयोग स्थापित किया गया।

पूर्वी यरूशलेम समेत पश्चिम बैंक में युद्ध अपराधों के संबंध में, रिपोर्ट ने विशेष रूप से नोट किया कि इजरायल के अधिकारी पूर्वी यरूशलेम समेत नागरिकों को विस्थापित करने में शामिल हैं, और इस क्षेत्र में उनके अपने घरों से फिलिस्तीनियों को जबरन निकालने में शामिल थे। सेटलमैट से संबंधित गतिविधियों की रिपोर्टें में वेस्ट बैंक और पूर्वी जेरूसलम में फिलिस्तीनियों की भूमि का बहिष्कार और विनियमन शामिल है।

रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि मुख्य अभियोजक के कार्यालय को उन अन्य अपराधों से संबंधित जानकारी भी मिली थी जो इजरायली अधिकारियों ने पूर्वी यरूशलेम सहित वेस्ट बैंक में किया था। ये आरोप विशेष रूप से उत्पीड़न, नागरिकों के जबरदस्ती विस्थापन और निष्कासन के साथ-साथ नस्लवाद के अपराध से संबंधित हैं।

कई संयुक्त राष्ट्र महासभा के प्रस्तावों ने इज़राइल के कब्ज़ेवाली बस्तियों को अवैध ठहराया है, और अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत, कब्जे वाले क्षेत्र में कब्जे वाले देश द्वारा निर्माण एक युद्ध अपराध है। अभियोजक के कार्यालय ने निपटारे से संबंधित इजरायल की सरकारी प्रक्रियाओं के कानूनी प्रावधानों के संबंध में सुप्रीम कोर्ट ऑफ जस्टिस द्वारा जारी कई फैसले को ध्यान में रखा है।
सौजन्य: पीपुल्स डिस्पैच

 

international criminal court
apartheid
international law
Palestine

Related Stories

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है

141 दिनों की भूख हड़ताल के बाद हिशाम अबू हव्वाश की रिहाई के लिए इज़रायली अधिकारी तैयार

इज़राइल, फ़लस्तीन के बीच नए सिरे से हिंसा भड़कने की आशंका : संयुक्त राष्ट्र दूत

फ़िलिस्तीनी प्रशासनिक बंदी लोय अल-अश्क़र ने रिहाई पर हुए समझौते के बाद भूख हड़ताल ख़त्म की

फ़िलिस्तीनियों के खिलाफ़ नई बसाहटों वाले इज़रायलियों द्वारा 451 हिंसक घटनाओं को अंजाम दिया गया


बाकी खबरें

  • xi putin
    जॉन पी. रुएहल
    ऐतिहासिक मतभेद भी 21वीं सदी की चीनी-रूसी साझेदारी को नहीं मिटा पाएंगे
    14 Jan 2022
    सैकड़ों वर्षों से चीन-रूसी संबंधों में सतर्क सहयोग, निरंतर अविश्वास, और सीधा टकराव एक विशेषता रही है। लेकिन सहयोग करने के कुदरती कारणों के साथ, अमेरिका के प्रति दोनों देशों की साझा दुश्मनी यह…
  • covid
    रबीन्द्र नाथ सिन्हा
    कोविड की तीसरी लहर में ढीलाई बरतने वाली बंगाल सरकार ने डॉक्टरों को उनके हाल पर छोड़ा
    14 Jan 2022
    न्यूज़क्लिक ने जिन कई डॉक्टरों और सिविल सोसाइटी के लोगों से बात की है, उन सबके कहने का लब्बोलुआब यही था कि उन्हें लगता है कि पश्चिम बंगाल में महामारी की रणनीति तैयार करने के सिलसिले में 'वैज्ञानिक…
  • Bikaner-Guwahati Express
    भाषा
    बेपटरी हुई बीकानेर-गुवाहटी एक्सप्रेस से जुड़ा बचाव अभियान पूरा हुआ : एनएफआर
    14 Jan 2022
    बृहस्पतिवार शाम पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले में मयनागुड़ी के पास दुर्घटनाग्रस्त हुई बीकानेर-गुवाहाटी एक्सप्रेस ट्रेन से संबंधित बचाव अभियान पूरा हो गया है। इस हादसे में अब तक पांच लोगों की मौत हो…
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    बीजेपी विधायकों का निकलना जारी, कोरोना के लगातार बढ़ते मामले और अन्य ख़बरें
    13 Jan 2022
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र रहेगी यूपी चुनाव से पहले बीजेपी ख़तरे में, कोरोना के मामले लगातार बढ़ते हुए और अन्य ख़बरों के बारे में।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    महानगरों में तेज़ी से फैलते 'ओमिक्रॉन' के मायने
    13 Jan 2022
    आज हम डॉ. सत्यजीत के साथ ओमिक्रॉन, जो कि महानगरों में बहुत तेज़ी से फैल रहा है, पर चर्चा करेंगे और यह समझने की कोशिश करेंगे की तेज़ी से बढ़ते मामलों में कब स्थिरता आने की सम्भावना है। हम, कोविड को…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License