NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
बांग्लादेश के छात्रों ने प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा का विरोध किया
शेख हसीना के नेतृत्व वाली सरकार का विरोध करने वाले मुस्लिम समूहों के साथ-साथ वामपंथी छात्र संगठनों, नागरिक समाज के सदस्यों ने पीएम मोदी की दो दिवसीय यात्रा की निंदा की है।
पीपल्स डिस्पैच
26 Mar 2021
बांग्लादेश के छात्रों ने प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा का विरोध किया

26 मार्च से शुरू होने वाली प्रधानमंत्री मोदी की दो दिवसीय यात्रा से पहले बांग्लादेश में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरु हुआ। पुलिस द्वारा गैस के गोले दागने और लाठीचार्ज के बाद गुरुवार को कम से कम 20 प्रदर्शनकारी घायल हो गए। इस कार्रवाई में घटनास्थल से बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी हिरासत में लिए गए।

25 मार्च को छात्र ओधिकार परिषद (छात्र संगठन) के कार्यकर्ताओं के साथ साथ सैकड़ों छात्रों ने सुबह ढाका में एक लंबा जुलूस निकाला और शापिया चत्तर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका।

छात्र ओधिकार परिषद के महासचिव अब्दुल्ला हिला बाकी के अनुसार प्रदर्शनकारी नाराज हैं और वे नहीं चाहते हैं कि पीएम मोदी बांग्लादेश की स्वतंत्रता के स्वर्ण जयंती समारोह का हिस्सा बनें। बाकी ने आगे कहा कि "पुलिस की कार्रवाई में 13 कार्यकर्ता घायल हो गए।"

पिछले हफ़्ते से वामपंथ समर्थक छात्रसंघ और मुस्लिम समूहों के साथ नागरिक समाज के सदस्यों ने शेख हसीना की अगुवाई वाली सरकार का विरोध करते हुए पीएम मोदी के आगमन की निंदा की और कहा कि उनके नेतृत्व में भारत अधिक सांप्रदायिक हो गया है और बांग्लादेश से जुड़े मुद्दों का भी समाधान नहीं हुआ है।

24 मार्च को पीएम मोदी के आगमन के खिलाफ नारा लगाते हुए हाथों में काला झंडा लिए छात्र ढाका विश्वविद्यालय परिसर में बड़ी संख्या में इकट्ठा हुए। प्रदर्शनकारियों ने पीएम मोदी को ''फासीवादी शासक'' और ''सांप्रदायिक आतंकवादी '' कहा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उन्हें 26 मार्च को बांग्लादेश के स्वतंत्रता दिवस की स्वर्ण जयंती समारोह में शामिल होने की अनुमति नही दी जानी चाहिए।

इन प्रदर्शनकारियों ने असम में नागरिकों के राष्ट्रीय रजिस्टर का मुद्दा भी उठाया है जिसके बारे में उन्होंने कहा कि ये बांग्लादेश पर दबाव बनाने के लिए एक चाल के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। एक प्रदर्शनकारी ने कहा, "हसीना की भारत की अधीनस्थ सरकार ने मोदी को आमंत्रित किया है, हम यहां इसका विरोध करने के लिए हैं।"

Bangladesh
Sheikh Hasina
Narendra modi
Anti-Modi Protesters

Related Stories

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

भारत के निर्यात प्रतिबंध को लेकर चल रही राजनीति

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

PM की इतनी बेअदबी क्यों कर रहे हैं CM? आख़िर कौन है ज़िम्मेदार?

छात्र संसद: "नई शिक्षा नीति आधुनिक युग में एकलव्य बनाने वाला दस्तावेज़"

भाजपा के लिए सिर्फ़ वोट बैंक है मुसलमान?... संसद भेजने से करती है परहेज़

हिमाचल में हाती समूह को आदिवासी समूह घोषित करने की तैयारी, क्या हैं इसके नुक़सान? 


बाकी खबरें

  • New year
    राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: नये साल के लक्षण अच्छे नजर नहीं आ रहे हैं...
    02 Jan 2022
    नहीं-नहीं, हम ओमिक्रॉन की बात नहीं कर रहे हैं। ओमिक्रॉन हमारे नये साल का सगुन नहीं बिगाड़ सकता। हम बात कर रहे हैं...
  • cartoon
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: हैप्पी न्यू ईयर सरकार जी!
    02 Jan 2022
    एक व्यंग्यकार के लिए नव वर्ष के अवसर पर व्यंग्य लिखते हुए शुभकामनाएं देना बहुत ही मुश्किल काम है। यह इतना ही मुश्किल काम है जितना मुश्किल काम है सरकार जी के लिए कुछ भी करना।
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    2022 में सत्ता, सियासत और समाज
    01 Jan 2022
    नया साल भारत की सत्ता-राजनीति और समाज के लिए कैसा होगा? जनतंत्र का क्या होगा हाल? सत्ताधारियो और विपक्षियों के समक्ष क्या-क्या हैं बड़ी चुनौतियां? कश्मीर से कन्याकुमारी तक देश के सियासत की कैसी…
  • jewar airport
    न्यूज़क्लिक टीम
    जेवर एयरपोर्ट: दूसरे फेज़ के अधिग्रहण में किसान कर रहे बेहतर मुआवज़े की माँग
    01 Jan 2022
    जेवर एयरपोर्ट निर्माण के दूसरे फेज़ में 6 गाँव की 1344 हेक्टेयर ज़मीन का अधिग्रहण की ज़रूरत हैI इन गाँव के किसान 26 दिसंबर को एक महापंचायत में जुटे जिसमें इस बात पर आम सहमति बनाने की कोशिश हुई कि वे…
  • अनिल जैन
    साल 2021: भारत के 'तालिबानीकरण' की परियोजना सरकारी शक्ल लेती दिखी!
    01 Jan 2022
    हर कैलेंडर वर्ष अपने दामन में तमाम तरह की कड़वी-मीठी यादें समेटते हुए बिदा होता है। ये यादें अंतरराष्ट्रीय घटनाओं को लेकर भी होती हैं और राष्ट्रीय घटनाओं को लेकर भी। राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक, वि
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License