NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
SC ST OBC
अपराध
भारत
राजनीति
महाराष्ट्र: ‘काला जादू’ के शक में 7 दलितों की पिटाई, 70 साल के बुजुर्ग को भी नहीं छोड़ा
घटना चंद्रपुर जिले के जिवती तहसील के वानी गांव की है जहां काला जादू के आरोप में दो दलित परिवारों के साथ मारपीट की गई है, इस मामले में अब तक 13 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
24 Aug 2021
महाराष्ट्र: ‘काला जादू’ के शक में 7 दलितों की पिटाई, 70 साल के बुजुर्ग को भी नहीं छोड़ा
'प्रतीकात्मक फ़ोटो'

अंधविश्वास के नाम पर आज भी देश में महिलाओं और दलितों  पर अत्याचार जारी है। ताजा मामला महाराष्ट्र में चंद्रपुर जिले के एक गांव का है, जहां स्थानीय लोगों ने ‘काला जादू’ करने के संदेह में दो दलित परिवारों के सात सदस्यों की पिटाई कर दी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गये। इन सब के बावजूद पड़ितों को इस क्रूरता से कोई नहीं बचा सका और प्रशासन की नींद भी इस घटना की वीडियो के वायरल होने के बाद ही टूटी।

पुलिस ने सोमवार को बताया कि कुछ लोगों को लकड़ी के खंभे से बांधकर भी पीटा गया। घटना सप्ताहांत में जिवती तहसील के वानी गांव में घटी और इस मामले में अब तक 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

चंद्रपुर के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल कुलकर्णी ने शनिवार रात को कहा कि दो परिवारों के सात सदस्यों को स्थानीय लोगों ने गांव के एक चौक पर बुलाया और उन पर ‘काला जादू’ करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि जब सात दलित सदस्य गांव के चौक पर पहुंचे तो लोगों ने उन पर कीचड़ फेंकना शुरू कर दिया। इन सात लोगों में कुछ बुजुर्ग भी थे। बाद में भीड़ ने दो महिलाओं समेत तीन को लकड़ी के खंभे से बांधकर उनकी लाठियों से पिटाई की।

इस बीच चंद्रपुर से सांसद सुरेश उर्फ बालू धानोरकर ने सोमवार को यहां सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल का दौरा किया, जहां घायलों को इलाज के लिए भर्ती कराया गया। कांग्रेस नेता ने घटना की निंदा की और आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की।

गौरतलब है कि देश के कई हिस्सों में आज भी जादू टोना जैसी बातो पर यकीन किया जाता है। ऐसे में इस घटना पर यह सवाल उठना लाज़मी है कि क्या कुछ लोग अंधविश्वास के नाम पर इस वाहियात कृत्य को आस्था और देव संस्कृति का रंग देकर बचने की कोशिश कर रहे हैं या आज भी हमारे समाज में दलितों ,आदिवासियों और महिलाओं को जानबूझ कर प्रताड़ित करने की प्रथा खत्म नहीं हो पा रही है। क्योंकि इस तरह के हादसों का शिकार अधिकतर यही लोग होते हैं।

अंधविश्वास की आड़ में जुल्म करना, उनकी हत्या कर देना, महिलाओं के साथ बलात्कार करना, घर से निकाल देना, मार-पीट करना कोई नई बात नहीं है। आधुनिकीकरण के इस दौर में शहरों में भले ही ऐसे मामले कम दिखाई दें लेकिन गांवों में अभी भी इस तरह की घटनाएं आम हैं।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ )

Maharashtra
Dalits
Attack on dalits
black magic

Related Stories

विचारों की लड़ाई: पीतल से बना अंबेडकर सिक्का बनाम लोहे से बना स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी

दलितों पर बढ़ते अत्याचार, मोदी सरकार का न्यू नॉर्मल!

बच्चों को कौन बता रहा है दलित और सवर्ण में अंतर?

मुद्दा: आख़िर कब तक मरते रहेंगे सीवरों में हम सफ़ाई कर्मचारी?

कॉर्पोरेटी मुनाफ़े के यज्ञ कुंड में आहुति देते 'मनु' के हाथों स्वाहा होते आदिवासी

#Stop Killing Us : सफ़ाई कर्मचारी आंदोलन का मैला प्रथा के ख़िलाफ़ अभियान

सिवनी मॉब लिंचिंग के खिलाफ सड़कों पर उतरे आदिवासी, गरमाई राजनीति, दाहोद में गरजे राहुल

बागपत: भड़ल गांव में दलितों की चमड़ा इकाइयों पर चला बुलडोज़र, मुआवज़ा और कार्रवाई की मांग

मेरे लेखन का उद्देश्य मूलरूप से दलित और स्त्री विमर्श है: सुशीला टाकभौरे

गुजरात: मेहसाणा कोर्ट ने विधायक जिग्नेश मेवानी और 11 अन्य लोगों को 2017 में ग़ैर-क़ानूनी सभा करने का दोषी ठहराया


बाकी खबरें

  • भाजपा
    अनिल जैन
    भाजपा सरकारों के बीच प्रचार के फ़रेब से छवि चमकाने की होड़
    17 Jul 2021
    भाजपा की राज्य सरकारें अपनी योजनाओं और कथित उपलब्धियों का प्रचार सिर्फ़ अपने सूबे में ही नहीं बल्कि देश की राजधानी दिल्ली सहित अन्य राज्यों में भी कर रही हैं। यह स्थिति तब है, जब ये सभी सरकारें गंभीर…
  • आज भी दर्द से भरे हैं उभ्भा गांव के आदिवासी। नरसंहार कांड की दूसरी बरसी से पहले एक जगह जमा होकर अपना दुख सुना रहे आदिवासी
    विजय विनीत
    सोनभद्र नरसंहार कांड: नहीं हुआ न्याय, नहीं मिला हक़, आदिवासियों के मन पर आज भी अनगिन घाव
    17 Jul 2021
    सोनभद्र के उभ्भा गांव में हुए नरसंहार की आज दूसरी बरसी है। आज ही के दिन 17 जुलाई 2019 को 112 बीघे ज़मीन के लिए यहां दबंगों ने अंधाधुंध फायरिंग कर 11 आदिवासियों की जान ले ली थी। इस घटना में 25 अन्य…
  • कानपुर के देहाती इलाक़ों का एक सियासी सफ़र
    मोहम्मद सज्जाद
    कानपुर के देहाती इलाक़ों का एक सियासी सफ़र
    17 Jul 2021
    एक ऐसी नयी किताब,जो सियासी घिनौनेपन और भ्रष्टाचार की जड़ों की सटीक शिनाख़्त करती है, लेकिन उद्धार के उस कुछ इतिहास से चूक जाती है, जो इसी सियासत के बूते घटित हुआ था।
  • सवालों से घिरा उत्तर प्रदेश: प्रियंका और सुभाषिनी ने दी योगी सरकार को चुनौती
    असद रिज़वी
    सवालों से घिरा उत्तर प्रदेश: प्रियंका और सुभाषिनी ने दी योगी सरकार को चुनौती
    17 Jul 2021
    शुक्रवार को दो महिला नेता प्रदेश कि राजधानी लखनऊ पहुंची। एक कांग्रेस की प्रियंका गांधी और दूसरी सीपीएम की सुभाषनी अली। दोनों ने योगी सरकार पर हल्ला बोला। प्रियंका ने पंचायत चुनाव में हुई हिंसा को…
  • क्यों आबादी को नियंत्रित करने से जुड़ा क़ानून संविधान के मौलिक अधिकार के ख़िलाफ़ है?
    अजय कुमार
    क्यों आबादी को नियंत्रित करने से जुड़ा क़ानून संविधान के मौलिक अधिकार के ख़िलाफ़ है?
    17 Jul 2021
    इस तरह के प्रावधान का मतलब है कि राज्य अपने नागरिकों को समान तौर पर नहीं देख रहा है। लोक कल्याण से जुड़ी मदद को पहुंचाने के लिए शर्त रख रहा है। आधुनिक राज्य से ऐसी अपेक्षा नहीं की जाती है कि वह अपने…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License