NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
समीर वानखेड़े ने गैरकानूनी तरीके से फोन टैप कराए: नवाब मलिक का आरोप
मलिक ने कहा, ‘‘समीर वानखेड़े मुंबई और ठाणे के दो लोगों के जरिए कुछ लोगों के मोबाइल फोन पर गैरकानूनी तरीके से नजर रख रहे हैं।’’ मलिक अपने दामाद की गिरफ्तारी के बाद से लगातार वानखेड़े पर निशाना साध रहे हैं।
भाषा
26 Oct 2021
Sameer Wankhede illegally tapped phones: Nawab Malik
फ़ोटो साभार: सोशल मीडिया

मुंबई: महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक ने मंगलवार को स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) के अधिकारी समीर वानखेड़े पर गैरकानूनी रूप से फोन टैप करने का आरोप लगाया और कहा कि वह अधिकारियों के ‘गलत कार्यों’ पर एक पत्र एजेंसी के प्रमुख को सौंपेंगे।

मलिक ने कहा, ‘‘समीर वानखेड़े मुंबई और ठाणे के दो लोगों के जरिए कुछ लोगों के मोबाइल फोन पर गैरकानूनी तरीके से नजर रख रहे हैं।’’ मलिक अपने दामाद की गिरफ्तारी के बाद से लगातार वानखेड़े पर निशाना साध रहे हैं।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि वानखेड़े ने पुलिस से उनके परिवार के सदस्य की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) भी मांगी थी।

वानखेड़े ने सोमवार को मुंबई की एक अदालत में दाखिल किए अपने हलफनामे में दावा किया कि उन्हें ‘‘अज्ञात लोगों द्वारा गिरफ्तार करने की धमकी दी गयी है क्योंकि वह ईमानदार और निष्पक्ष जांच करने के लिए कुछ निहित स्वार्थों के अनुकूल काम नहीं कर रहे हैं।’’

अधिकारी ने यह भी दावा किया कि एक जाने-माने नेता (मलिक) निजी रूप से उनको निशाना बना रहे हैं और इसकी एक वजह यही हो सकती है कि एनसीबी ने ‘‘इस व्यक्ति के दामाद समीर खान’’ को गिरफ्तार किया था।

मलिक ने कहा कि वह ‘‘वानखेड़े की विभिन्न गैरकानूनी गतिविधियों के बारे में एनसीबी में किसी के’’ द्वारा लिखे एक पत्र को एजेंसी के डीजी एस एन प्रधान को भेज रहे हैं।

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के मंत्री ने कहा कि एनसीबी को पत्र में लिखे 26 आरोपों की जांच करनी चाहिए जिसमें आरोप लगाया गया है कि मादक पदार्थ रोधी एजेंसी के भीतर ‘वसूली का गिरोह’ चलाया जा रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि समीर वानखेड़े और उनके कुछ सहकर्मी ‘‘वसूली गिरोह’’ में शामिल हैं। उन्होंने दावा किया, ‘‘मालदीव की उनकी हाल की यात्रा इस वजह से ही थी। मेरा मानना है कि वसूली राशि 1,000 करोड़ रुपये तक थी।’’

मंत्री ने ट्वीट किया, ‘‘एक जिम्मेदार नागरिक होने के नाते मैं एनसीबी डीजी को यह पत्र भेजूंगा और उनसे समीर वानखेड़े पर की जा रही जांच में इस पत्र को शामिल करने का अनुरोध करूंगा।’’

मलिक ने सोमवार को दावा किया था कि समीर वानखेड़े जन्म से एक मुसलमान हैं और उनका असली नाम ‘समीर दाऊद वानखेड़े’ है। मंत्री ने समीर वानखेड़े का कथित जन्म प्रमाणपत्र भी जारी किया था और आरोप लगाया था कि अधिकारी ने जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। बहरहाल, एनसीबी अधिकारी के पिता ने बाद में कहा कि उनका नाम ज्ञानदेव है न कि दाऊद।

मलिक ने मंगलवार को यहां पत्रकारों से कहा, ‘‘मेरे पास सभी विश्वसनीय दस्तावेज हैं जो यह साबित करते हैं कि समीर वानखेड़े का जन्म एक मुस्लिम परिवार में हुआ लेकिन उन्होंने अपनी जाली पहचान बनायी और अनुसूचित जाति वर्ग के तहत नौकरी पायी। कानून के अनुसार, इस्लाम धर्म अपनाने वाले दलितों को आरक्षण का लाभ नहीं मिलता, अत: समीर वानखेड़े ने अनुसूचित जाति के एक योग्य व्यक्ति के नौकरी के अवसर को छीन लिया।’’ मंत्री ने कहा कि इस मामले में जल्द ही कानूनी जांच शुरू की जाएगी। समीर वानखेड़े के पिता के बयान पर मलिक ने कहा कि यह सच है कि एनसीबी अधिकारी के पिता ज्ञानदेव वानखेड़े का जन्म वाशिम जिले में एक दलित परिवार में हुआ था और उन्होंने राज्य आबकारी विभाग में नौकरी की।

मलिक ने दावा किया, ‘‘लेकिन उन्होंने मुंबई में इस्लाम धर्म अपनाकर एक मुस्लिम महिला से शादी की और दाऊद नाम अपनाया। उनके दो बच्चे हैं। ज्ञानदेव वानखेड़े ने बाद में सोचा और ज्ञानदेव वानखेड़े के नाम पर सभी दस्तावेज हासिल करने के लिए अपने पिता के प्रमाणपत्र का इस्तेमाल किया ताकि उनके बच्चों को इसका फायदा मिले।’’

राकांपा नेता ने कहा कि अगर उन्होंने फर्जी दस्तावेज दिखाए हैं तो ज्ञानदेव वानखेड़े को समीर वानखेड़े का जन्म प्रमाणपत्र दिखाना चाहिए और अपनी बात साबित करनी चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘मैं ज्ञानदेव वानखेड़े को अपने बेटे का जाति प्रमाणपत्र दिखाने की चुनौती देता हूं।’’

उन्होंने कहा कि 26 जनवरी 1950 के बाद डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर ने कहा था कि हालांकि उनका जन्म हिंदू के तौर पर हुआ लेकिन वह हिंदू के तौर पर मरेंगे नहीं। उन्होंने कहा, ‘‘इसके बाद केंद्र सरकार ने तुरंत एक आदेश जारी किया कि सरकारी नौकरियों में आरक्षण का लाभ केवल हिंदू धर्म के दलितों को मिलेगा। इसके बाद आदेश से कबीर और सिख पंथ को छूट दी गयी। आखिरी बदलाव दिवंगत प्रधानमंत्री वी पी सिंह ने किया था जिन्होंने बौद्ध धर्म अपनाने वाले दलितों को छूट दी थी। बहरहाल भारतीय कानून इस्लाम या ईसाई धर्म अपनाने वाले अनुसूचित जाति के लोगों को आरक्षण के ऐसे लाभ नहीं देता है।’’

मलिक ने कहा कि इसलिए ‘इस्लाम धर्म अपनाकर दाऊद बने’ ज्ञानदेव वानखेड़े आरक्षण के लाभ नहीं मांग सकते। उन्होंने कहा, ‘‘यही एकमात्र वजह है कि मैं उनके दस्तावेजों को फर्जी बता रहा हूं।’’

Sameer Wankhede
Nawab Malik
Aryan Khan

Related Stories

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

आर्यन खान मामले में मीडिया ट्रायल का ज़िम्मेदार कौन?

हम लड़ेंगे और जीतेंगे, हम झुकेंगे नहीं: नवाब मलिक ने ईडी द्वारा गिरफ़्तारी पर कहा

मनी लॉन्ड्रिंग मामले में महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक से ईडी कर रही है पूछताछ

क्रूज ड्रग्स पार्टी केस: बंबई उच्च न्यायालय ने आर्यन खान को दी जमानत

आर्यन मामला: नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो का शर्मनाक बर्ताव

आर्यन ख़ान मामला: बेबुनियाद साज़िश वाले एंगल और ज़बरदस्त मीडिया ट्रायल के ख़तरनाक चलन की नवीनतम मिसाल

शाहरुख मिले आर्यन से , घर पहुंची NCB

कैसे भारत मुसलमानों को मनमाने तरीके से अनिश्चित काल के लिए जेलों में कैद कर रहा है?

पत्रकारिता में दोहरे मापदंड क्यों!


बाकी खबरें

  • एम. के. भद्रकुमार
    'सख़्त आर्थिक प्रतिबंधों' के साथ तालमेल बिठाता रूस  
    13 Mar 2022
    व्लादिमीर पुतिन की पहली प्राथमिकता यही है कि वह ख़ुद को अपने लोगों के प्रति जवाबदेह बनाये रखें।
  • voting
    स्पंदन प्रत्युष
    विधानसभा चुनाव: एक ख़ास विचारधारा के ‘मानसिक कब्ज़े’ की पुष्टि करते परिणाम 
    13 Mar 2022
    पंजाब में सत्ता विरोधी लहर ने जहां कांग्रेस सरकार को तहस-नहस कर दिया, वहीं उत्तर प्रदेश में ऐसा कुछ नहीं हुआ। इस पहेली का उत्तर मतदाताओं के दिमाग पर असर डालने वाली पार्टी की विचारधारा की भूमिका में…
  • सोनिया यादव
    विधानसभा चुनाव 2022: पहली बार चुनावी मैदान से विधानसभा का सफ़र तय करने वाली महिलाएं
    13 Mar 2022
    महिला सशक्तिकरण के नारों और वादों से इतर महिलाओं को वास्तव में सशक्त करने के लिए राजनीति में महिलाओं को अधिक भागीदार बनाना होगा। तभी उनके मुद्दे सदन में जगह बना पाएंगे और चर्चा का विषय बन पाएंगे।
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी में हिन्दुत्व की जीत नहीं, ये नाकारा विपक्ष की हार है!
    12 Mar 2022
    देश के सबसे बड़े राज्य-यूपी में भाजपा की सत्ता में दोबारा वापसी को मीडिया और राजनीति के बड़े हिस्से में 'हिन्दुत्व' की जीत के तौर पर देखा जा रहा है. क्या यह सच है? क्या यह यूपी में विपक्ष का…
  • cpim
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    अनुसूचित जाति के छात्रों की छात्रवृत्ति और मकान किराए के 525 करोड़ रुपए दबाए बैठी है शिवराज सरकार: माकपा
    12 Mar 2022
    माकपा के राज्य सचिव जसविंदर सिंह ने एक बयान जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश सरकार की ओर से 2.80 लाख अनुसूचित जाति के छात्रों के खाते में पहुंचने वाली 425 करोड़ की छात्रवृत्ति, मात्र 206 छात्रों के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License