NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
मैक्सिको के प्रांत बाजा कैलिफ़ोर्निया और सिनालोआ ने समान-लिंग विवाह को वैध किया  
ये दोनों प्रांत देश के 20 अन्य प्रांतों की सूची में शामिल हो गए जो स्थानीय कांग्रेस में सुधार की मंज़ूरी के साथ समान लिंग के लोगों के बीच विवाह को मान्यता देते हैं।
पीपल्स डिस्पैच
18 Jun 2021
मैक्सिको के प्रांत बाजा कैलिफ़ोर्निया और सिनालोआ ने समान-लिंग विवाह को वैध किया  

गौरव करने वाला ये महीना मेक्सिको में LGBTQ+ समुदाय के लिए खुशी और उल्लास लेकर आया है क्योंकि इसके दो प्रांत बाजा कैलिफोर्निया और सिनालोआ ने समान-लिंग विवाह को वैध कर दिया है, भेदभावपूर्ण कानूनों को समाप्त कर दिया है और अन्य लिंग वाले लोगों के अधिकारों की मान्यता को बढ़ा दिया है।

16 जून को बाजा कैलिफोर्निया राज्य की कांग्रेस में इसके पक्ष में 18 वोट जबकि इसके खिलाफ 4 वोट डाला गया वहीं 1 सदस्य गैर मौजूद रहे। इस तरह प्रांत के कांग्रेस ने संवैधानिक सुधारों और नागरिक संहिता में परिवर्तन को मंजूरी दे दी जो समान लिंग के लोगों के बीच विवाह की अनुमति देता है।

यह प्रस्ताव सत्तारूढ़ नेशनल रिजेनेरेशन मूवमेंट (मोरेना) पार्टी के विधायिका सदस्य जूलिया एंड्रिया गोंजालेज द्वारा पेश की गई थी।

यह तीसरी बार था जब इस कांग्रेस में इस सुधार पर मतदान किया गया। पहले यह अधिकांश सदस्यों की स्वीकृति प्राप्त करने में विफल रही थी।

एलजीबीटीसी सामाजिक संगठन ने फेसबुक पोस्ट में इस निर्णय पर खुशी जाहिर की और उन सदस्यों का शुक्रिया अदा किया जिन्होंने इस अधिकार को मंजूरी देने के लिए मतदान किया।

इसी तरह, 15 जून को सिनालोआ की कांग्रेस ने इसके पक्ष में 23 वोट डाले वहीं एक वोट भी इसके खिलाफ न पड़ा जबकि 17 सदस्य गैर मौजूद रहे। इस तरह कांग्रेस ने स्टेट फैमिली कोड के अनुच्छेद 40 और 165 में सुधारों को मंजूरी दे दी और समान लिंग के लोगों के बीच विवाह और सहवास को अपराध से मुक्त कर दिया।

यूनाइटेड मैक्सिकन स्टेट के राजनीतिक संविधान के अनुच्छेद 1 में स्थापित समानता और गैर-भेदभाव के अधिकारों के पक्ष में मतदान करने और लागू करने वाले 23 सदस्यों में से 18 मोरेना पार्टी के हैं।

अब, सिनालोआ के गवर्नर क्विरिनो ओरदाज कोप्पेल के पास आधिकारिक रूप से इन परिवर्तनों को लागू करने के लिए 60 दिनों की अवधि है। आधिकारिक समाचार पत्र में इस परिवर्तन के प्रकाशन के बाद बिल कानून में बदल जाएगा।

सात साल के संघर्ष के बाद इस राज्य में यह अधिकार हासिल हुआ है। सिनालोआ डायवर्सिटी कमेटी ने बताया कि उसने इन वर्षों के दौरान तीन अलग-अलग विधायिकाओं को चार न्यायिक कार्रवाइयां और सात बिल पेश किए।

हाल के इस प्रगतिशील निर्णय के साथ बाजा कैलिफ़ोर्निया और सिनालोआ उन 20 राज्यों की सूची में शामिल हो गए जो स्थानीय कांग्रेस में सुधार के अनुमोदन के साथ समान-लिंग विवाह को मान्यता देते हैं।

नवंबर 2015 में मेक्सिको के सुप्रीम कोर्ट ने स्टेट सिविल कोड को असंवैधानिक घोषित कर दिया था जो समान-विवाह को रोकते हैं, हालांकि लगभग एक तिहाई राज्यों ने अपने कानून में सुधार का विरोध किया है।

LGBTQ+ एक्टिविस्टों और संगठनों ने कहा है कि वे तब तक लड़ते रहेंगे जब तक कि मेक्सिको के सभी 32 राज्य समान लिंग विवाह को अधिकृत नहीं कर देते।

maxico
LGBTQ
same sex marriage

Related Stories

समलैंगिक साथ रहने के लिए 'आज़ाद’, केरल हाई कोर्ट का फैसला एक मिसाल

भोपाल गैस त्रासदी के 37 साल : ब्रिटेन के LGBT+ एक्टिविस्ट ने डाउ से अन्याय का ख़ात्मा करने की अपील की

समलैंगिक विवाहों को मान्यता देने की याचिकाओं पर 30 नवंबर को अंतिम सुनवाई

मैक्सिको के युकाटन प्रांत ने समलैंगिक विवाह को वैध किया

मैक्सिकोः पूर्व राष्ट्रपतियों पर मुक़दमा चलाने के पक्ष में हुआ मतदान

प्रगतिशील वर्गों का हंगरी के समलैंगिकता संबंधी क़ानून पर हमला

लेखक को क्या करना चाहिए

CAA-NRC विरोध : मेरे देश से मेरा रिश्ता काग़ज़ों के आधार पर नहीं है!

चेन्नई क्लब मामला : LGBTQ समुदाय पर हमलों की एक और कहानी 

प्यार हर किसी के लिए है- सुप्रीम कोर्ट ने किया धारा 377 को निरस्त


बाकी खबरें

  • रवि शंकर दुबे
    दिल्ली : फ़िलिस्तीनी पत्रकार शिरीन की हत्या के ख़िलाफ़ ऑल इंडिया पीस एंड सॉलिडेरिटी ऑर्गेनाइज़ेशन का प्रदर्शन
    13 May 2022
    फ़िलिस्तीन में इज़रायली सेना द्वारा मारी गईं अल-जज़ीरा की पत्रकार शिरीन अबु अकलेह के समर्थन में राजधानी दिल्ली के राजीव चौक पर विरोध प्रदर्शन किया गया।
  • marital rape
    न्यूज़क्लिक टीम
    मैरिटल रेप को अपराध मानने की ज़रूरत क्यों?
    13 May 2022
    भारत में आज भी शादी के बाद हुए बलात्कार को बलात्कार नहीं माना जाता है। सेक्शन 375 का exception 2 कहता है कि अगर बलात्कार पति करे तो उसे बलात्कार या मैरिटल रेप न माना जाए। न्यूज़क्लिक के इस विडियो में…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कांग्रेस चिंता शिविर में सोनिया गांधी ने कहा : गांधीजी के हत्यारों का महिमामंडन हो रहा है!
    13 May 2022
    जोधपुर में आयोजित हुए कांग्रेस के नव संकल्प चिंतन शिविर में पार्टी के ढांचागत बदलाव के साथ-साथ कई मुद्दों पर चर्चा हुई।
  • sedition
    न्यूज़क्लिक टीम
    राजद्रोह कानून से मुक्ति मिलने की कितनी संभावना ?
    13 May 2022
    सुप्रीम कोर्ट ने इंडियन पीनल कोड की धारा 124 A की संवैधानिकता की सुनवाई करते हुए अपने आदेश में कहा कि हम यह उम्मीद और अपेक्षा करते हैं कि जब तक यह मामला विचाराधीन है तब तक केंद्र और राज्य सरकार धारा…
  • लव पुरी
    जम्मू-कश्मीर के भीतर आरक्षित सीटों का एक संक्षिप्त इतिहास
    13 May 2022
    क्या आयोग ने अपनी सिफारिशों में पाकिस्तान-नियंत्रित कश्मीर से आने वाले प्रवासियों के संबंध में सभी राजनीतिक, ऐतिहासिक, क़ानूनी एवं मानवीय पहलुओं को ध्यान में रखा है?
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License